ज्ञानेश्वरी यादव को ₹30 लाख और DSP प्रमोशन, CM साय ने कॉमनवेल्थ सिल्वर मेडलिस्ट को किया सम्मानित
सारांश
मुख्य बातें
छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने सोमवार, 3 अगस्त 2026 को कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 की सिल्वर मेडलिस्ट ज्ञानेश्वरी यादव से मुख्यमंत्री निवास में मुलाकात कर उन्हें ₹30 लाख की प्रोत्साहन राशि और DSP (उप-पुलिस अधीक्षक) पद पर आउट-ऑफ-टर्न प्रमोशन देने की घोषणा की। राजनांदगांव की इस भारोत्तोलक ने ग्लासगो में महिलाओं के 53 किग्रा वेटलिफ्टिंग इवेंट में देश के लिए रजत पदक जीता था।
मुकाबले में क्या हुआ
ज्ञानेश्वरी यादव ने कुल 199 किग्रा भार उठाकर पोडियम पर दूसरा स्थान हासिल किया — स्नैच में 88 किग्रा और क्लीन एंड जर्क में 111 किग्रा। यह उनके करियर का क्लीन एंड जर्क और कुल भार दोनों में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन रहा।
स्वर्ण पदक नाइजीरिया की डिडिह ओनोमे ओमोलोला ने कुल 206 किग्रा (स्नैच 93 किग्रा + क्लीन एंड जर्क 113 किग्रा) के साथ जीता, जबकि कनाडा की रेबेका ग्रौलक्स ने 178 किग्रा के साथ कांस्य पदक अपने नाम किया।
मुख्यमंत्री की घोषणाएँ
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, 'आज मुख्यमंत्री निवास पर, हमने राजनांदगांव की अपनी प्रतिभाशाली बेटी ज्ञानेश्वरी यादव का दिल से स्वागत और सम्मान किया, जिन्होंने कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में सिल्वर मेडल जीता है।' उन्होंने आगे कहा, 'उनके शानदार प्रदर्शन के सम्मान में, हमने ₹30 लाख की प्रोत्साहन राशि और DSP पद पर आउट-ऑफ-टर्न प्रमोशन देने की घोषणा की है।'
साय ने यह भी कहा कि राज्य सरकार खेल प्रतिभाओं को हर संभव अवसर, संसाधन और प्रोत्साहन देने के लिए प्रतिबद्ध है।
ज्ञानेश्वरी की उपलब्धि का महत्व
यह ज्ञानेश्वरी यादव का पहला कॉमनवेल्थ गेम्स था, और अपनी पहली ही भागीदारी में उन्होंने रजत पदक जीतकर छत्तीसगढ़ और देश का नाम रोशन किया। गौरतलब है कि राजनांदगांव जैसे अपेक्षाकृत छोटे शहर से निकलकर अंतर्राष्ट्रीय पोडियम तक पहुँचना युवा खिलाड़ियों के लिए प्रेरणा का स्रोत है।
आगे का सफर
मुख्यमंत्री साय ने विश्वास जताया कि ज्ञानेश्वरी यादव आने वाले समय में वैश्विक मंच पर भारत और छत्तीसगढ़ का नाम नई ऊँचाइयों तक ले जाएँगी। DSP पद पर प्रमोशन मिलने के बाद वे पुलिस सेवा में भी एक नई भूमिका में आएँगी, जो उनके खेल करियर के साथ-साथ चलेगी।