कॉमनवेल्थ गेम्स 2026: वल्लूरी अजय बाबू ने 149 किग्रा स्नैच रिकॉर्ड के साथ जीता सिल्वर, खेल मंत्री मांडविया ने की तारीफ
सारांश
मुख्य बातें
वेटलिफ्टर वल्लूरी अजय बाबू ने कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में पुरुषों की 79 किलोग्राम भार वर्ग में कुल 330 किलोग्राम (149 किग्रा स्नैच + 181 किग्रा क्लीन एंड जर्क) भार उठाकर सिल्वर मेडल अपने नाम किया। इस दौरान उन्होंने स्नैच में कॉमनवेल्थ गेम्स का नया रिकॉर्ड स्थापित किया, जो भारतीय वेटलिफ्टिंग के लिए एक ऐतिहासिक उपलब्धि है।
मुख्य प्रदर्शन
अजय बाबू ने 149 किलोग्राम के स्नैच लिफ्ट से कॉमनवेल्थ गेम्स का रिकॉर्ड तोड़ा, जबकि क्लीन एंड जर्क में 181 किलोग्राम उठाकर कुल 330 किलोग्राम का प्रभावशाली योग दर्ज किया। गौरतलब है कि यह उपलब्धि इसलिए भी विशेष है क्योंकि अजय बाबू के पिता ने 2010 कॉमनवेल्थ गेम्स में ब्रॉन्ज मेडल जीता था — यानी यह परिवार की दूसरी पीढ़ी का पोडियम है।
खिलाड़ी की प्रतिक्रिया
सिल्वर मेडल जीतने के बाद अजय बाबू ने कहा, 'मुझे लगता है कि मैं और बेहतर परफॉर्म कर सकता था। मैंने स्नैच में गलती की, और मैं आगे के कॉम्पिटिशन में इसे सुधारने पर काम करूंगा। मैं यह मेडल इंडियन वेटलिफ्टिंग फेडरेशन, अपने कोच, सपोर्ट स्टाफ और अपने पिता को समर्पित करता हूं।'
उन्होंने आगे कहा, 'मैंने अपने पिता को देखकर वेटलिफ्टिंग शुरू की, जिन्होंने 2010 कॉमनवेल्थ गेम्स में ब्रॉन्ज मेडल जीता था। वह हमेशा से मेरी प्रेरणा रहे हैं। हमारा सपना गोल्ड मेडल जीतना था। हम इस बार इसे हासिल नहीं कर सके, लेकिन मैं और मेहनत करूंगा और आगे गोल्ड जीतने के लिए हर मुमकिन कोशिश करूंगा।'
नेताओं की बधाई
केंद्रीय खेल मंत्री मनसुख मांडविया ने एक्स पर पोस्ट करते हुए लिखा, 'दिखा दम! खेलो इंडिया एथलीट वल्लूरी अजय बाबू को पुरुषों की 79 किलोग्राम वेटलिफ्टिंग में सिल्वर मेडल जीतने पर बहुत-बहुत बधाई। कुल 330 किलोग्राम उठाकर, उन्होंने स्नैच में कॉमनवेल्थ गेम्स का रिकॉर्ड भी बनाया। एक यादगार परफॉर्मेंस और भारत के लिए एक और गर्व का पल।'
गुजरात के उपमुख्यमंत्री हर्ष संघवी ने सोशल मीडिया पर लिखा, 'भारत के लिए सिल्वर! खेलो इंडिया एथलीट वल्लूरी अजय बाबू को सीडब्ल्यूजी 2026 में पुरुषों के 79 किलोग्राम वेटलिफ्टिंग इवेंट में सिल्वर जीतने पर बधाई। शानदार 330 किलोग्राम टोटल लिफ्ट, कॉमनवेल्थ गेम्स स्नैच रिकॉर्ड के साथ!'
ओडिशा के उपमुख्यमंत्री कनक वर्धन सिंह देव ने एक्स पर लिखा, 'भारत के लिए सिल्वर मेडल, अजय बाबू वल्लूरी ने सीडब्ल्यूजी 2026 में शांत और दमदार प्रदर्शन किया। उनके धैर्य और पक्के इरादे ने भारत को पोडियम पर एक और गर्व की जगह दिलाई है, जिससे अनगिनत युवाओं को हिम्मत और अनुशासन के साथ बेहतरीन काम करने की प्रेरणा मिली है।'
आम जनता और खेल जगत पर असर
यह ऐसे समय में आया है जब खेलो इंडिया कार्यक्रम के तहत तैयार हुए एथलीट अंतरराष्ट्रीय मंचों पर लगातार पदक जीत रहे हैं। अजय बाबू की सफलता इस बात का प्रमाण है कि सरकारी खेल अवसंरचना और पारिवारिक विरासत मिलकर किस तरह विश्वस्तरीय प्रदर्शन को जन्म दे सकते हैं।
क्या होगा आगे
अजय बाबू ने स्पष्ट किया है कि उनका अगला लक्ष्य गोल्ड मेडल है और वे स्नैच में हुई तकनीकी गलती को सुधारने पर ध्यान देंगे। भारतीय वेटलिफ्टिंग फेडरेशन की नज़र अब उनके भविष्य के प्रदर्शन पर होगी।