एशियन चैंपियंस ट्रॉफी 2026: जापान की 18 सदस्यीय हॉकी टीम मोहाली पहुंची, भांगड़े से हुआ भव्य स्वागत
सारांश
मुख्य बातें
जापान की 18 सदस्यीय पुरुष फील्ड हॉकी टीम एशियन चैंपियंस ट्रॉफी 2026 में भाग लेने के लिए 23 अक्टूबर को शहीद भगत सिंह इंटरनेशनल एयरपोर्ट, मोहाली पहुंची। यह प्रतिष्ठित टूर्नामेंट 27 अक्टूबर से 5 नवंबर तक जालंधर और मोहाली में आयोजित होगा। उल्लेखनीय है कि यह पहला मौका है जब पंजाब की धरती किसी अंतरराष्ट्रीय हॉकी टूर्नामेंट की मेज़बानी कर रही है।
एयरपोर्ट पर पंजाबी अंदाज़ में स्वागत
खेल विभाग के अधिकारियों ने जापानी खिलाड़ियों का भांगड़ा, पारंपरिक मालाओं और पंजाबी मेहमाननवाज़ी की भरपूर खुराक के साथ भव्य स्वागत किया। खिलाड़ी इस गर्मजोशी भरे अभिनंदन से प्रसन्न नज़र आए और उन्होंने मेज़बानों को धन्यवाद दिया। हॉकी की महान विरासत वाली पंजाब की धरती पर खेलने का मौका मिलने पर टीम ने उत्साह जताया।
जापान टीम के खिलाड़ी
एशियन चैंपियंस ट्रॉफी के लिए चुनी गई जापान की टीम में फुजीशिमा रायकी (कप्तान) की अगुआई में यामाडा शोटा, तनाका सेरेन, वतनबे जुन, मात्सुमोतो काजुमासा, नागाई युमा, यामाशिता मनाबू, नागायोशी केन, सैतो हिरो, काशिवागी रेन, तनाका त्सुबासा, ऊका रयोमा, कवामुरा युसुके, यामानाका मोटोया, ओचियाई हारुकी, कितागावा ताकुमी और फुकुदा केंटारो शामिल हैं। कुरोदा किशो और कितागावा ताकुमी टीम के दो गोलकीपर हैं।
पंजाब में पहली बार अंतरराष्ट्रीय हॉकी
यह आयोजन ऐतिहासिक महत्व रखता है — एशियन चैंपियंस ट्रॉफी पहली बार पंजाब में हो रही है। पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के प्रयासों को इस मेज़बानी के पीछे अहम माना जा रहा है। पंजाब सरकार ने सभी भाग लेने वाली टीमों को विश्वस्तरीय सुविधाएँ, सुरक्षा और आतिथ्य सत्कार का आश्वासन दिया है, जिसमें रहने, अभ्यास सत्र और आवाजाही के समुचित इंतज़ाम शामिल हैं।
टूर्नामेंट में भाग लेने वाली टीमें
मेज़बान भारत और जापान के अलावा दक्षिण कोरिया, चीन, मलेशिया और बांग्लादेश की टीमें इस टूर्नामेंट में उतरेंगी। एशिया की छह शीर्ष टीमों के बीच टकराव से यह प्रतियोगिता अत्यंत रोमांचक होने की उम्मीद है।
मुख्य कार्यक्रम स्थल और कार्यक्रम
टूर्नामेंट का आगाज़ 27 अक्टूबर को जालंधर के ओलंपियन सुरजीत हॉकी स्टेडियम में होगा। फाइनल मुकाबला 5 नवंबर को मोहाली के ओलंपियन बलबीर सिंह सीनियर हॉकी स्टेडियम में खेला जाएगा। गौरतलब है कि इन दोनों स्टेडियमों के नाम हॉकी के महान ओलंपियन खिलाड़ियों के नाम पर रखे गए हैं, जो पंजाब की खेल विरासत को सलाम करते हैं। आने वाले दिनों में शेष प्रतिभागी टीमों के भी मोहाली पहुंचने की उम्मीद है।