राष्ट्रीय खेल दिवस पर 'खेलो इंडिया संवाद': PM मोदी 27 अगस्त को 1,500 से अधिक केंद्रों पर युवाओं से करेंगे सीधा संवाद
सारांश
मुख्य बातें
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 27 अगस्त को राष्ट्रीय खेल दिवस के अवसर पर आयोजित 'खेलो इंडिया संवाद – खेल की बात, प्रधानमंत्री के साथ' कार्यक्रम के माध्यम से देश भर के युवाओं को वर्चुअल माध्यम से संबोधित करेंगे। यह पहल 1,500 से अधिक स्थानों पर एक साथ आयोजित होगी, जिसमें युवा खिलाड़ी, शिक्षण संस्थान और खेल जगत की दिग्गज हस्तियाँ एकजुट होंगी।
कार्यक्रम की रूपरेखा और संरचना
कार्यक्रम का आगाज़ 'माई भारत' के स्वयंसेवकों के स्वागत भाषण से होगा। इसके बाद एक विशेष वीडियो प्रस्तुति में पिछले 12 वर्षों में भारत के खेल परिदृश्य में आए बदलावों को रेखांकित किया जाएगा। स्वतंत्रता दिवस पर प्रधानमंत्री के खेल एवं युवा शक्ति संबंधी संदेश की मुख्य बातें भी इसमें शामिल होंगी। तत्पश्चात PM मोदी का वर्चुअल संबोधन होगा, जिसके बाद देश भर में 1,500 से अधिक स्थानों पर स्थानीय कार्यक्रम शुरू होंगे।
चार मुख्य विषयों पर होगा युवाओं का संवाद
इस आयोजन में युवा चार प्रमुख विषयों पर अपने विचार, सुझाव और नवाचार साझा करेंगे। पहला — जमीनी स्तर तक बेहतर सुविधाएँ, कोचिंग और अवसर पहुँचाकर खेल पारिस्थितिकी तंत्र को सुदृढ़ करना। दूसरा — वैज्ञानिक पद्धति से प्रतिभा की पहचान और 2036 ओलंपिक के लिए एथलीटों को तैयार करना। तीसरा — युवा नेतृत्व को बढ़ावा देना और शासन-प्रशासन में युवाओं की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करना। चौथा — विकसित भारत के निर्माण में युवाओं का सशक्तिकरण, जिसमें भविष्योन्मुखी कौशल, स्वयंसेवा और राष्ट्र-निर्माण के अवसर सम्मिलित हैं।
यह ऐसे समय में आया है जब सरकार 2036 ओलंपिक की मेज़बानी की संभावनाओं को लेकर सक्रिय रूप से काम कर रही है और खेल बजट में लगातार वृद्धि की जा रही है। गौरतलब है कि इस संवाद से प्राप्त सुझाव सीधे नीति-निर्माताओं और खेल पारिस्थितिकी तंत्र तक पहुँचाए जाएंगे।
खेल दिग्गजों की सीधी भागीदारी
इस आयोजन में भारत की कई पीढ़ियों के शीर्ष खिलाड़ी युवाओं से सीधा संवाद करेंगे। इनमें मनिका बत्रा, दीपा कर्मकार, साइना नेहवाल, गगन नारंग, पी.आर. श्रीजेश, मैरी कॉम, बाइचुंग भूटिया, पुलेला गोपीचंद, अंजू बॉबी जॉर्ज, कर्णम मल्लेश्वरी, मीराबाई चानू, पी.टी. उषा और जाने-माने क्रिकेटर शामिल हैं। ये खिलाड़ी अपनी यात्रा, संघर्ष, असफलताओं और सफलताओं को साझा करेंगे — यह संदेश देते हुए कि एक चैंपियन का सफर किसी बड़े स्टेडियम से नहीं, बल्कि एक छोटे से मैदान और पहली कोशिश से शुरू होता है।
शिक्षण संस्थान और राजनीतिक प्रतिनिधियों की भागीदारी
IIT, IIM, NIT, AIIMS, प्रमुख मेडिकल कॉलेज और विश्वविद्यालय इस देशव्यापी अभियान में सहभागी होंगे। सांसद, विधायक, केंद्रीय मंत्री, राज्य मंत्री और राज्यों के खेल मंत्री भी इस कार्यक्रम में उपस्थित रहेंगे तथा युवाओं से सीधा संवाद करेंगे।
दीर्घकालिक युवा जुड़ाव का लक्ष्य
कार्यक्रम के अंतर्गत 'विकसित भारत युवा लीडर संवाद' क्विज़ का भी आयोजन किया जाएगा। युवाओं को 'माई भारत' पोर्टल पर पंजीकरण के लिए प्रोत्साहित किया जाएगा, ताकि वे एक दिन के आयोजन से आगे बढ़कर दीर्घकालिक राष्ट्रीय युवा जुड़ाव पारिस्थितिकी तंत्र का स्थायी हिस्सा बन सकें। यह कार्यक्रम खेल नीति और युवा भागीदारी के बीच की खाई को पाटने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।