फीफा विश्व कप 2026: पराग्वे ने पेनल्टी शूटआउट में जर्मनी को 4-3 से हराया, अंतिम-16 में प्रवेश
सारांश
मुख्य बातें
फीफा विश्व कप 2026 के राउंड ऑफ 32 में पराग्वे ने 30 जून को फॉक्सबोरो के बोस्टन स्टेडियम में चार बार की विश्व चैंपियन जर्मनी को पेनल्टी शूटआउट में 4-3 से हराकर ऐतिहासिक उलटफेर कर दिया। निर्धारित समय में मुकाबला 1-1 की बराबरी पर समाप्त हुआ, जिसके बाद शूटआउट में पराग्वे ने बाज़ी मार ली और अंतिम-16 में अपनी जगह पक्की कर ली।
मुख्य घटनाक्रम
मैच के 42वें मिनट में जूलियो एन्सिसो ने गोल दागकर पराग्वे को 1-0 की बढ़त दिलाई। दूसरे हाफ में फ्लोरियन विर्ट्ज़ के क्रॉस पर काई हैवर्ट्ज़ ने हेडर से गोल कर स्कोर बराबर कर दिया। जोनाथन टाह का एक और हेडर गोल अमान्य करार दिया गया, और तय समय में कोई और गोल नहीं हुआ।
पेनल्टी शूटआउट का रोमांच
शूटआउट की शुरुआत जर्मनी ने की, लेकिन काई हैवर्ट्ज़ की पहली पेनल्टी पराग्वे के गोलकीपर ने रोक दी। इसके बाद मॉरिसियो ने गोल कर पराग्वे को बढ़त दिलाई। जोशुआ किमिख ने जर्मनी के लिए बराबरी की, फिर गुस्तावो गोमेज़ ने पराग्वे को 2-1 से आगे किया। जमाल मुसियाला ने शानदार शॉट से स्कोर 2-2 किया।
मटियास गैलार्ज़ा ने गोल कर पराग्वे को जीत के करीब पहुँचाया, जबकि जर्मनी के निक वोल्टेमेड का प्रयास रोक दिया गया। हालाँकि, एंटोनियो सनाब्रिया का संभावित मैच-विनिंग शॉट मैनुअल नोयर ने बचाकर स्कोर 3-3 पर ला दिया। फेबियन बालबुएना की पेनल्टी भी नोयर ने रोकी, लेकिन अंततः जोसे कनाले ने दबाव में शानदार पेनल्टी लगाकर पराग्वे को जीत दिला दी।
जर्मनी के लिए ऐतिहासिक झटका
फीफा विश्व कप के इतिहास में यह पहली बार है जब जर्मनी पेनल्टी शूटआउट में हारा है। अनुभवी गोलकीपर मैनुअल नोयर ने कई महत्वपूर्ण बचाव किए, लेकिन टीम की किस्मत नहीं बदल सकी। गौरतलब है कि जर्मनी ने 1990, 2014 सहित कई विश्व कप में पेनल्टी शूटआउट जीते थे, इसलिए यह हार और भी चौंकाने वाली है।
पराग्वे और कोच अल्फारो की उपलब्धि
कोच गुस्तावो अल्फारो की अगुआई में पराग्वे ने यह साबित किया कि वे किसी भी बड़ी टीम को चुनौती दे सकते हैं। यह पराग्वे के लिए फीफा विश्व कप में एक उल्लेखनीय उपलब्धि है। अब उनकी नज़रें अंतिम-16 के अगले मुकाबले पर टिकी हैं।
आगे क्या
पराग्वे अब अंतिम-16 में अपने अगले प्रतिद्वंद्वी का सामना करेगा, जबकि चार बार की विश्व चैंपियन जर्मनी का फीफा विश्व कप 2026 अभियान राउंड ऑफ 32 में ही समाप्त हो गया। यह हार जर्मन फुटबॉल के लिए आत्मचिंतन का क्षण है।