पुरी कोस्टल मैराथन 2026: CM माझी बोले — फिटनेस और खेल को मिलेगा ऐतिहासिक मंच, ₹1 करोड़ की इनामी राशि
सारांश
मुख्य बातें
ओडिशा के मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी और उप मुख्यमंत्री प्रवती परिदा की मौजूदगी में 3 अक्टूबर 2026 को भुवनेश्वर में राज्य के पर्यटन विभाग ने पुरी कोस्टल मैराथन 2026 का विज़न सार्वजनिक किया। 13 दिसंबर 2026 को पुरी में आयोजित होने वाली यह मैराथन ₹1 करोड़ की इनामी राशि के साथ फिटनेस, पर्यटन और खेल संस्कृति को एक साझे मंच पर लाने का प्रयास है।
मैराथन की विशेषताएँ
पुरी कोस्टल मैराथन को भारत की एकमात्र ऐसी मैराथन बताया जा रहा है जिसमें प्रतिभागियों को रेत और सड़क — दोनों सतहों पर दौड़ना होता है। आयोजकों के अनुसार, यह स्वरूप ही इसे देश के अन्य मैराथन आयोजनों से अलग करता है। राज्य सरकार इसे एक समग्र खेल-पर्यटन अनुभव के रूप में प्रस्तुत कर रही है, जो देश-विदेश के धावकों को ओडिशा के समुद्र तट, सांस्कृतिक विरासत और आध्यात्मिक परिवेश से परिचित कराएगा।
मुख्यमंत्री और उप मुख्यमंत्री के विचार
मुख्यमंत्री माझी ने इस अवसर पर कहा, 'ओडिशा हमेशा से खेलों की ताकत में विश्वास करता रहा है। पुरी कोस्टल मैराथन जैसी पहलों के ज़रिए हम फिटनेस, स्वस्थ जीवन और खेल में बेहतरीन प्रदर्शन के प्रति अपनी प्रतिबद्धता को एक बड़े मंच पर ले जा रहे हैं। हम चाहते हैं कि ओडिशा अपनी समृद्ध पर्यटन और सांस्कृतिक पहचान के साथ-साथ खेलों के लिए भी एक प्रमुख जगह के तौर पर उभरे।'
उप मुख्यमंत्री प्रवती परिदा ने कहा, 'ओएमसी पुरी कोस्टल मैराथन सिर्फ एक मैराथन नहीं है, यह फिटनेस, स्वस्थ जीवन और खेलों में अधिक भागीदारी को बढ़ावा देने की एक पहल है। पुरी अपने खूबसूरत समुद्र तट और समृद्ध सांस्कृतिक विरासत के साथ खेलों और पर्यटन को एक साथ लाने के लिए एक शानदार मंच देता है। मैं पूरे भारत और बाहर से भी धावकों को आमंत्रित करती हूँ कि वे पुरी आएं और खेलों के ज़रिए ओडिशा की भावना का अनुभव करें।'
कपिल देव की भागीदारी
इस कार्यक्रम में पद्म भूषण और PGIT प्रमुख कपिल देव की उपस्थिति विशेष रही। भारत की पहली क्रिकेट विश्व कप विजेता टीम के कप्तान रहे कपिल देव ने कहा, 'मैं हॉकी में समर्थन के लिए ओडिशा सरकार को धन्यवाद देना चाहता हूँ। मैराथन बहुत महत्वपूर्ण है। एक खिलाड़ी के लिए दौड़ना ज़रूरी है। मुझे यकीन है कि भविष्य में पर्यटन के अलावा, ओडिशा खेलों के लिए भी जाना जाएगा।' उनकी मौजूदगी ने अगली पीढ़ी को प्रेरित करने और खेल संस्कृति को मज़बूत करने में दिग्गजों की भूमिका को रेखांकित किया।
खिलाड़ियों का सम्मान
कार्यक्रम में भारत की खेल उपलब्धियों का जश्न भी मनाया गया। बरनिका इलांगोवन — जिन्होंने पोल वॉल्ट में भारत का पहला एशियाई खेल पदक (कांस्य) जीता — और 200 मीटर स्प्रिंट में राष्ट्रीय रिकॉर्ड धारक अनिमेष कुजूर को विशेष रूप से सम्मानित किया गया।
प्रोमो रन और आगे की राह
गौरतलब है कि इस आयोजन से पूर्व 27 सितंबर 2026 को 'विश्व पर्यटन दिवस' के अवसर पर पूरे ओडिशा में 'प्रोमो रन' का आयोजन किया गया था, जिसमें फिटनेस को बढ़ावा देने और मैराथन की जागरूकता फैलाने के लिए राज्यभर से प्रतिभागी जुटे। यह पहल ओडिशा को बड़े खेल आयोजनों के राष्ट्रीय केंद्र के रूप में स्थापित करने की राज्य सरकार की दीर्घकालिक रणनीति का हिस्सा है। 13 दिसंबर को पुरी के तट पर यह मैराथन ओडिशा के खेल-पर्यटन संकल्प की एक नई परीक्षा होगी।