72वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार: यामी गौतम और कार्तिक आर्यन को सर्वश्रेष्ठ अभिनेत्री-अभिनेता, अनंत नाग को दादासाहेब फाल्के
सारांश
मुख्य बातें
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने 22 सितंबर 2026 को गुजरात के एकता नगर (केवडिया) में आयोजित 72वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार समारोह में अभिनेत्री यामी गौतम को फिल्म 'आर्टिकल 370' के लिए सर्वश्रेष्ठ अभिनेत्री और अभिनेता कार्तिक आर्यन को फिल्म 'चंदू चैंपियन' के लिए सर्वश्रेष्ठ अभिनेता के राष्ट्रीय पुरस्कार से नवाज़ा। यह पहला मौका था जब यह प्रतिष्ठित समारोह दिल्ली से बाहर, स्टैच्यू ऑफ यूनिटी के समीप, आयोजित किया गया।
मुख्य पुरस्कार विजेता
सर्वश्रेष्ठ अभिनेता का पुरस्कार कार्तिक आर्यन और मलयालम फिल्म 'ब्रह्मयुगम' के लिए ममूटी ने संयुक्त रूप से साझा किया। कार्तिक अपने माता-पिता के साथ और यामी गौतम अपने पति एवं फिल्म के निर्माता आदित्य धर के साथ मंच पर पहुँचीं। 'आर्टिकल 370' को सर्वश्रेष्ठ फीचर फिल्म का पुरस्कार भी मिला, जो निर्माता आदित्य धर ने ग्रहण किया।
सिनेमा जगत के दिग्गज अभिनेता अनंत नाग को दादासाहेब फाल्के पुरस्कार प्रदान किया गया — यह भारतीय सिनेमा का सर्वोच्च सम्मान है। केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने उनके पाँच दशकों से अधिक के फिल्मी योगदान को रेखांकित किया।
अन्य प्रमुख सम्मान
हिंदी फिल्म 'स्वातंत्र्य वीर सावरकर' के लिए रणदीप हुड्डा को सर्वश्रेष्ठ निर्देशक डेब्यू का पुरस्कार मिला। तेलुगु फिल्म 'कल्कि 2898 एडी' (निर्देशक: नाग अश्विन) को सर्वश्रेष्ठ लोकप्रिय मनोरंजक फिल्म का सम्मान प्राप्त हुआ। आनंद एल राय को 'स्टैच्यू ऑफ यूनिटी — एकता का प्रतीक' के लिए सर्वश्रेष्ठ नॉन-फीचर निर्देशन पुरस्कार दिया गया।
हिंदी फिल्म 'भक्षक' के लिए संजय मिश्रा को सर्वश्रेष्ठ सहायक अभिनेता, जबकि तमिल फिल्म 'रायन' — जिसे धनुष ने लिखा, निर्देशित और अभिनीत किया — को सर्वश्रेष्ठ तमिल फीचर फिल्म का पुरस्कार मिला। तेलुगु फिल्म 'कमेटी कुर्रोलु' सर्वश्रेष्ठ तेलुगु फीचर फिल्म रही।
संगीत, लेखन और तकनीकी श्रेणियाँ
हिंदी फिल्म 'मैदान' के गाने 'जाने दो' के लिए मनोज मुंतशिर को सर्वश्रेष्ठ गीतकार और हिंदी फिल्म 'स्त्री 2' के गाने 'आज की रात' के लिए विजय गांगुली को सर्वश्रेष्ठ कोरियोग्राफी का पुरस्कार प्रदान किया गया, जिसमें तमन्ना भाटिया ने अभिनय किया था। मलयालम फिल्म 'एआरएम' के गाने 'अंगु वाना कोनिलु' के लिए वैकोम विजयलक्ष्मी को सर्वश्रेष्ठ महिला पार्श्वगायिका का पुरस्कार मिला।
सर्वश्रेष्ठ संपादन का पुरस्कार मनवीर जसरोतिया को हिंदी फिल्म 'एनडीए' के लिए और सर्वश्रेष्ठ वॉयस ओवर सौंदर्या जयचंद्रन को अंग्रेज़ी फिल्म 'लिटिल प्लैनेट: ए टेल ऑफ फ्रॉग्स' के लिए दिया गया। संजीव श्रीवास्तव को सर्वश्रेष्ठ फिल्म समीक्षक सम्मान मिला।
छत्तीसगढ़ के रामनामी समुदाय पर आधारित डॉक्यूमेंट्री 'राम नामी' को सर्वश्रेष्ठ डॉक्यूमेंट्री और 'मैं निदा' को सर्वश्रेष्ठ कला/सांस्कृतिक फिल्म का पुरस्कार प्राप्त हुआ। निर्देशक दिनेश पुंडलिक भोंसले को फिल्म 'ढोली' के लिए सर्वश्रेष्ठ गढ़वाली फिल्म का रजत कमल मिला।
समारोह का स्थान: विवाद और औचित्य
गौरतलब है कि राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार समारोह परंपरागत रूप से नई दिल्ली में आयोजित होता रहा है, लेकिन इस बार इसे गुजरात के एकता नगर में स्थानांतरित किया गया। केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने स्पष्ट किया कि सरकार का लक्ष्य इस समारोह के ज़रिए देश के पर्यटन स्थलों को बढ़ावा देना है। उन्होंने कहा, 'इसे राजनीतिक विवाद के तौर पर नहीं देखा जाना चाहिए — हमारा लक्ष्य नेशन फर्स्ट है।' गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने एकता नगर में पहली बार यह आयोजन होने पर प्रसन्नता व्यक्त की।
आगे की राह
केंद्रीय मंत्री वैष्णव ने घोषणा की कि अगले वर्षों में यह समारोह देश के अन्य प्रमुख पर्यटन स्थलों पर भी आयोजित किया जाएगा और सभी राज्यों से उनकी बेहतरीन लोकेशन का सुझाव माँगा गया है। इस निर्णय से भारतीय सिनेमा को राष्ट्रीय पर्यटन के साथ जोड़ने की एक नई परंपरा की शुरुआत होती दिख रही है।