गौतम अदाणी ने बिहार के मस्तीचक में खोला 'अदाणी अखंड ज्योति आई केयर हॉस्पिटल', ₹700 करोड़ से अधिक सेवा का संकल्प

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गौतम अदाणी ने बिहार के मस्तीचक में खोला 'अदाणी अखंड ज्योति आई केयर हॉस्पिटल', ₹700 करोड़ से अधिक सेवा का संकल्प

सारांश

गौतम अदाणी ने बिहार के सारण जिले के मस्तीचक में 'अदाणी अखंड ज्योति आई केयर हॉस्पिटल' का उद्घाटन किया। ACE और ATOM जैसी दो नई पहलों के साथ ₹700 करोड़ से अधिक के सहयोग का संकल्प — ग्रामीण भारत में किफायती नेत्र सेवा की दिशा में एक बड़ा कदम।

मुख्य बातें

गौतम अदाणी ने 17 मई 2026 को बिहार के सारण जिले के मस्तीचक में 'अदाणी अखंड ज्योति आई केयर हॉस्पिटल' का उद्घाटन किया।
ACE (अदाणी नेत्र रोग केंद्र) के माध्यम से जरूरतमंदों तक सुलभ और किफायती नेत्र चिकित्सा पहुँचाने की पहल।
ATOM (नेत्र चिकित्सा के लिए अदाणी प्रशिक्षण केंद्र) से नई पीढ़ी के नेत्र विशेषज्ञों और महिला स्वास्थ्यकर्मियों को प्रशिक्षण दिया जाएगा।
आने वाले वर्षों में ₹700 करोड़ से अधिक के सहयोग का संकल्प लिया गया।
अदाणी ने बिहार में 24 घंटे सस्ती बिजली, बेहतर सड़कें और औद्योगीकरण की जरूरत पर जोर दिया।

अदाणी ग्रुप के चेयरमैन गौतम अदाणी ने 17 मई 2026 को बिहार के सारण जिले के दरियापुर प्रखंड स्थित मस्तीचक में 'अदाणी अखंड ज्योति आई केयर हॉस्पिटल' का उद्घाटन किया और आने वाले वर्षों में ₹700 करोड़ से अधिक के सहयोग का संकल्प लिया। इस अवसर पर उन्होंने राज्य के स्वास्थ्य और औद्योगिक विकास से जुड़े कई महत्वपूर्ण ऐलान भी किए।

उद्घाटन और भावनात्मक अनुभव

गौतम अदाणी ने एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर मस्तीचक की यात्रा को अत्यंत भावुक और आध्यात्मिक अनुभव बताया। उन्होंने लिखा, 'आज बिहार की पवित्र धरती मस्तीचक आकर मन गर्व, भावनाओं और आत्मीयता से भर गया। गायत्री शक्तिपीठ पहुंचकर एक अलग ऊर्जा और आध्यात्मिक प्रेरणा का अनुभव हुआ।'

उन्होंने आगे कहा कि किसी व्यक्ति की आँखों की रोशनी लौटाना केवल इलाज नहीं, बल्कि उसके जीवन में उम्मीद, आत्मविश्वास और सम्मान लौटाने का पुण्य कार्य है। अदाणी ने गायत्री परिवार, अखंड ज्योति और मृत्युंजय जी के सेवा-भाव की सराहना करते हुए उन्हें हृदय से साधुवाद दिया।

ACE और ATOM — दो नई पहलें

अदाणी ने घोषणा की कि अदाणी फाउंडेशन और अखंड ज्योति अस्पताल के संयुक्त प्रयास से 'ACE — अदाणी नेत्र रोग केंद्र' की शुरुआत की जाएगी, जो जरूरतमंद लोगों तक सुलभ और किफायती नेत्र चिकित्सा पहुँचाने का बड़ा प्रयास होगा।

इसके साथ ही 'ATOM — नेत्र चिकित्सा के लिए अदाणी प्रशिक्षण केंद्र' के माध्यम से नई पीढ़ी के नेत्र विशेषज्ञों और महिला स्वास्थ्यकर्मियों को प्रशिक्षित किया जाएगा। यह पहल ग्रामीण और अर्ध-शहरी क्षेत्रों में नेत्र स्वास्थ्य सेवाओं की पहुँच को व्यापक बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।

₹700 करोड़ का संकल्प और 'अदाणी अखंड ज्योति ट्रस्ट'

गौतम अदाणी ने स्पष्ट किया कि 'सेवा ही साधना है' उनके लिए महज नारा नहीं, बल्कि करुणा को कर्म में बदलने की प्रेरणा है। उन्होंने बताया कि अदाणी अखंड ज्योति ट्रस्ट पूर्ण समर्पण और संवेदनशीलता के साथ इस सेवा को जारी रखेगा।

अपनी एक्स पोस्ट में उन्होंने कहा कि आने वाले वर्षों में ₹700 करोड़ से अधिक के सहयोग का संकल्प लिया गया है, ताकि यह सेवा की ज्योति देश के हर जरूरतमंद तक पहुँच सके।

बिहार के विकास पर अदाणी का नजरिया

सारण में आयोजित कार्यक्रम के दौरान गौतम अदाणी ने बिहार के बुनियादी ढाँचे पर भी विस्तार से बात की। उन्होंने कहा कि राज्य में हर घर तक 24 घंटे सस्ती और भरोसेमंद बिजली पहुँचनी चाहिए। बेहतर सड़कें, आधुनिक सुविधाएँ और औद्योगीकरण को उन्होंने राज्य की प्रगति के लिए अनिवार्य बताया।

अदाणी ने कहा कि बिहार जिस विकास के दौर से गुजर रहा है, उसका पूरा लाभ राज्य की जनता को मिलना चाहिए। उन्होंने बिहार को 'राष्ट्र को नई चेतना देने वाली धरती' बताते हुए इस पुनीत मुहिम को सेवा, संस्कार और समर्पण की भावना से जोड़ा।

आगे की राह

ACE और ATOM जैसी पहलें बिहार से शुरू होकर देशभर में विस्तारित होने की योजना है। नेत्र स्वास्थ्य के क्षेत्र में यह निजी-सामाजिक साझेदारी ग्रामीण भारत में स्वास्थ्य सेवाओं की कमी को दूर करने की दिशा में एक उल्लेखनीय प्रयास है। अदाणी फाउंडेशन की यह पहल आने वाले वर्षों में हजारों जरूरतमंद मरीजों को दृष्टि और जीवन की नई रोशनी देने का लक्ष्य रखती है।

संपादकीय दृष्टिकोण

असली कसौटी यह होगी कि ये सेवाएँ वास्तव में बिहार के सुदूर ग्रामीण क्षेत्रों तक कितनी पहुँचती हैं, जहाँ नेत्र स्वास्थ्य सेवाओं की सर्वाधिक कमी है। यह ऐसे समय में आया है जब निजी क्षेत्र की स्वास्थ्य सेवा पहुँच और सरकारी स्वास्थ्य ढाँचे के बीच की खाई को पाटने की माँग तेज हो रही है। बिहार को 'नई चेतना की धरती' कहना भावनात्मक रूप से प्रभावशाली है, लेकिन जवाबदेही के लिए पारदर्शी रिपोर्टिंग और स्वतंत्र मूल्यांकन जरूरी होगा।
RashtraPress
17 मई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

अदाणी अखंड ज्योति आई केयर हॉस्पिटल क्या है और यह कहाँ स्थित है?
यह बिहार के सारण जिले के दरियापुर प्रखंड स्थित मस्तीचक में स्थापित एक नेत्र चिकित्सा अस्पताल है, जिसका उद्घाटन गौतम अदाणी ने 17 मई 2026 को किया। यह अदाणी फाउंडेशन और अखंड ज्योति अस्पताल की संयुक्त पहल है, जिसका उद्देश्य जरूरतमंदों को सुलभ और किफायती नेत्र सेवा देना है।
ACE और ATOM पहल क्या हैं?
ACE यानी 'अदाणी नेत्र रोग केंद्र' जरूरतमंद लोगों तक किफायती नेत्र चिकित्सा पहुँचाने की पहल है, जबकि ATOM यानी 'नेत्र चिकित्सा के लिए अदाणी प्रशिक्षण केंद्र' नई पीढ़ी के नेत्र विशेषज्ञों और महिला स्वास्थ्यकर्मियों को प्रशिक्षित करने के लिए बनाया गया है। दोनों पहलें बिहार से शुरू होकर देशभर में विस्तारित होने की योजना रखती हैं।
गौतम अदाणी ने इस पहल के लिए कितनी राशि का संकल्प लिया है?
गौतम अदाणी ने आने वाले वर्षों में ₹700 करोड़ से अधिक के सहयोग का संकल्प लिया है। यह राशि अदाणी अखंड ज्योति ट्रस्ट के माध्यम से नेत्र सेवा और सामाजिक कार्यों पर खर्च की जाएगी।
इस अस्पताल से बिहार के किन लोगों को फायदा होगा?
यह अस्पताल मुख्य रूप से बिहार के ग्रामीण और आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों के उन लोगों को लाभ पहुँचाएगा जिनके पास नेत्र चिकित्सा की पहुँच नहीं है। ACE केंद्र के माध्यम से किफायती दरों पर उपचार और ATOM के जरिए स्थानीय स्वास्थ्यकर्मियों का प्रशिक्षण इस उद्देश्य को और व्यापक बनाएगा।
गौतम अदाणी ने बिहार के औद्योगिक विकास पर क्या कहा?
अदाणी ने कहा कि बिहार में हर घर तक 24 घंटे सस्ती और भरोसेमंद बिजली पहुँचनी चाहिए और बेहतर सड़कें, आधुनिक सुविधाएँ तथा औद्योगीकरण राज्य की प्रगति के लिए जरूरी हैं। उन्होंने जोर दिया कि बिहार के विकास का पूरा लाभ वहाँ की जनता को मिलना चाहिए।
राष्ट्र प्रेस
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