स्कॉटलैंड के फर्स्ट मिनिस्टर जॉन स्विनी अहमदाबाद पहुंचे, VBF कैंपस में महिला क्रिकेट मैच का लिया आनंद
सारांश
मुख्य बातें
स्कॉटलैंड के फर्स्ट मिनिस्टर जॉन स्विनी (एमएसपी) ने 24 अक्टूबर 2026 को अहमदाबाद स्थित विजयी भारत फाउंडेशन (VBF) कैंपस का दौरा किया। यह यात्रा उस स्कॉटिश प्रतिनिधिमंडल के अहमदाबाद दौरे का हिस्सा थी, जो 2030 कॉमनवेल्थ गेम्स की तैयारियों का जायजा लेने भारत आया है। इस अवसर पर स्विनी ने VBF कैंपस में आयोजित एक महिला फ्रेंडली क्रिकेट मैच को भी देखा।
VBF टीम के साथ औपचारिक बैठक
दौरे के दौरान फर्स्ट मिनिस्टर स्विनी और उनके प्रतिनिधिमंडल ने विजयी भारत फाउंडेशन की टीम के साथ एक विस्तृत बैठक की। इस बैठक में फाउंडेशन के कार्यों, एथलीट विकास की पहलों और भविष्य की योजनाओं पर चर्चा हुई। गौरतलब है कि चर्चा के प्रमुख विषयों में 2030 कॉमनवेल्थ गेम्स, VBF का आगामी कैंपस विस्तार और चल रही 'खेले सानंद' पहल शामिल रहे।
इस बैठक ने VBF को अपना विजन और कार्यप्रणाली स्कॉटिश प्रतिनिधिमंडल के सामने रखने का महत्वपूर्ण अवसर प्रदान किया। दोनों पक्षों ने खेल विकास, उच्च-प्रदर्शन प्रशिक्षण सुविधाओं और स्पोर्ट्स साइंस की भूमिका पर अपने अनुभव और दृष्टिकोण साझा किए।
प्रतिनिधिमंडल में कौन-कौन थे शामिल
स्कॉटिश प्रतिनिधिमंडल में आठ सदस्य शामिल थे, जिनमें स्कॉटिश सरकार के नीति, संचार और विशेष सलाहकार प्रमुख थे। इसके अलावा, ग्लासगो 2026 लिमिटेड, कॉमनवेल्थ गेम्स स्कॉटलैंड और यूनिवर्सिटी ऑफ स्टर्लिंग के प्रतिनिधि भी इस दल का हिस्सा थे। यह संरचना दर्शाती है कि स्कॉटलैंड 2030 के खेलों की तैयारी को बहुआयामी दृष्टिकोण से देख रहा है।
महिला क्रिकेट मैच: खेल और कूटनीति का संगम
बैठक के बाद प्रतिनिधिमंडल ने VBF कैंपस के इंफ्रास्ट्रक्चर और सुविधाओं का प्रत्यक्ष अवलोकन किया। इसी दौरान कैंपस में एक महिला फ्रेंडली क्रिकेट मैच आयोजित किया गया, जिसका उद्देश्य खेलों में महिलाओं के योगदान को सम्मान देना और दोनों देशों के प्रतिनिधियों को एक समान मंच पर लाना था। यह आयोजन खेल कूटनीति का एक सहज उदाहरण बनकर उभरा।
विजयी भारत फाउंडेशन: मिशन और पहलें
विजयी भारत फाउंडेशन (VBF) का मुख्य लक्ष्य भारत में एक अत्याधुनिक ओलंपिक प्रशिक्षण केंद्र स्थापित करना है, जो भारतीय और अंतर्राष्ट्रीय एथलीटों को उच्च-प्रदर्शन वाला माहौल प्रदान कर सके। फाउंडेशन तीन प्रमुख पहलों के तहत काम करती है। 'हाई-परफॉरमेंस सेंटर' जूडो, तीरंदाजी, शूटिंग और फेंसिंग (तलवारबाजी) पर केंद्रित है। 'कम्युनिटी स्पोर्ट्स' बैडमिंटन, फुटबॉल, घुड़सवारी, टेबल टेनिस, मार्शल आर्ट्स, शूटिंग और शतरंज तक पहुँच बढ़ाता है। 'खेले सानंद' पहल खो-खो, कबड्डी, वॉलीबॉल और एथलेटिक्स में जमीनी भागीदारी और प्रतिभा-पहचान को बढ़ावा देती है।
आगे की राह
यह दौरा भारत और स्कॉटलैंड के बीच खेल सहयोग की संभावनाओं को नई दिशा देने वाला कदम माना जा रहा है। 2030 कॉमनवेल्थ गेम्स के संदर्भ में VBF जैसी संस्थाओं की भूमिका और अधिक महत्वपूर्ण हो जाती है, क्योंकि ये एथलीटों को अंतर्राष्ट्रीय मंच के लिए तैयार करने में अग्रणी भूमिका निभा रही हैं।