आयतुल्लाह खामेनेई को अंतिम विदाई: तेहरान में भारत समेत दर्जनों देशों के प्रतिनिधि, 9 जुलाई को मशहद में होगा दफन
सारांश
मुख्य बातें
ईरान के इस्लामी क्रांति के दिवंगत सर्वोच्च नेता आयतुल्लाह सैयद अली खामेनेई को अंतिम विदाई देने के लिए 3 जुलाई 2026 को तेहरान के इमाम खुमैनी मोसल्ला में एक विशाल श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया। इसमें भारतीय धार्मिक नेताओं का एक प्रतिनिधिमंडल भी शामिल हुआ, साथ ही रूस, चीन, तुर्किये, इराक और बांग्लादेश सहित कई देशों के गणमान्य प्रतिनिधि भी उपस्थित रहे।
श्रद्धांजलि सभा में कौन-कौन शामिल हुए
इस्लामिक रिपब्लिक न्यूज एजेंसी की रिपोर्टों के अनुसार, श्रद्धांजलि सभा में भारत, रूस, चीन, तुर्किये, इराक, बोस्निया और हर्जेगोविना, हंगरी तथा बांग्लादेश के धार्मिक नेताओं ने हिस्सा लिया। इनके अतिरिक्त इंडोनेशिया और अफगानिस्तान के इस्लामी विद्वान एवं धार्मिक बुद्धिजीवी भी समारोह में उपस्थित रहे।
उल्लेखनीय रूप से, अफगान नेता अहमद शाह मसूद के पुत्र अहमद मसूद भी इस अवसर पर मौजूद थे। लेबनान के अमल मूवमेंट का एक प्रतिनिधिमंडल तथा सीरिया, लेबनान, इराक और मोरक्को के रेजिस्टेंस फ्रंट के प्रतिनिधियों ने भी दिवंगत नेता को श्रद्धांजलि अर्पित की। इराक के काताइब हिज्बुल्लाह के कुछ मुजाहिदीन भी इस सभा में शामिल रहे।
स्पेन, इक्वाडोर और बोलीविया के सांस्कृतिक कार्यकर्ता भी इमाम खुमैनी मोसल्ला पहुंचे और उन्होंने खामेनेई को श्रद्धासुमन अर्पित किए।
भारतीय प्रतिनिधिमंडल की भागीदारी
भारत में ईरान के इस्लामी गणराज्य के दूतावास ने एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर पोस्ट करते हुए लिखा कि 'भारतीय धार्मिक नेताओं के एक प्रतिनिधिमंडल ने ईरान के इस्लामी गणराज्य के शहीद नेता आयतुल्लाह अली खामेनेई को श्रद्धांजलि दी।' यह भागीदारी भारत और ईरान के बीच धार्मिक और कूटनीतिक संबंधों की निरंतरता को रेखांकित करती है।
अंतिम संस्कार का कार्यक्रम
रिपोर्टों के अनुसार, श्रद्धांजलि सभा शनिवार और रविवार को भी जारी रहेगी, जिस दौरान पार्थिव शरीर को ग्रैंड मोसल्ला में अंतिम दर्शन के लिए रखा जाएगा। इसके बाद सोमवार को तेहरान में अंतिम यात्रा निकाली जाएगी। आगे की अंतिम रस्में पवित्र शहर कोम में संपन्न होंगी।
इराक के बगदाद, कर्बला और नजफ में भी विशेष कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। अंततः 9 जुलाई 2026 को मशहद में आयतुल्लाह खामेनेई को सुपुर्द-ए-खाक किया जाएगा।
ईरानी राष्ट्रपति की अपील
ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियन ने देशवासियों से अंतिम संस्कार समारोहों में बड़ी संख्या में शामिल होने की अपील की। उन्होंने एक्स पर अपनी पोस्ट में लिखा, 'जब वीर ईरान इस्लाम और क्रांति के सच्चे सेवक को अंतिम विदाई देने की तैयारी कर रहा है, तो मैं सभी लोगों से अपील करता हूं कि वे पूरे उत्साह, गरिमा और बड़ी संख्या में इन समारोहों में शामिल हों। इससे राष्ट्रीय एकता और इस्लामी व्यवस्था के उच्च आदर्शों के प्रति लोगों की निष्ठा की एक यादगार तस्वीर दुनिया के सामने आएगी।'
यह ऐसे समय में आया है जब ईरान वैश्विक स्तर पर कूटनीतिक और क्षेत्रीय दबावों का सामना कर रहा है, और खामेनेई के निधन के बाद देश में नेतृत्व परिवर्तन को लेकर अंतरराष्ट्रीय समुदाय की नज़रें टिकी हुई हैं।