30 जुलाई 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

क्या बरेली में सोशल मीडिया पर धार्मिक उन्माद फैलाने वाला गिरफ्तार हुआ?

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
क्या बरेली में सोशल मीडिया पर धार्मिक उन्माद फैलाने वाला गिरफ्तार हुआ?

सारांश

बरेली में एक बड़े मामले का पर्दाफाश हुआ है। पुलिस ने हैदरी दल के मास्टरमाइंड को गिरफ्तार किया है, जो सोशल मीडिया पर भड़काऊ सामग्री के जरिए धार्मिक उन्माद फैला रहा था। जानिए इस मामले की पूरी कहानी और कैसे पुलिस ने उसे पकड़ा।

मुख्य बातें

सोशल मीडिया का दुरुपयोग खतरनाक हो सकता है।
धार्मिक सौहार्द को बनाए रखने के लिए जागरूक रहना जरूरी है।
पुलिस जांच में साइबर तकनीक का उपयोग किया गया।
सामाजिक मीडिया पर भड़काऊ सामग्री के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए।
धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने वाले मामलों की गंभीरता को समझना चाहिए।

बरेली, 16 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। बरेली पुलिस ने हैदरी दल के सोशल मीडिया अकाउंट के मास्टरमाइंड को गिरफ्तार किया है। आरोप है कि अभियुक्त भड़काऊ पोस्ट और फेक न्यूज के जरिए सांप्रदायिक सौहार्द को बिगाड़ रहा था।

बरेली पुलिस ने कार्रवाई करते हुए हैदरी दल के सोशल मीडिया अकाउंट के मास्टरमाइंड को गिरफ्तार किया है। जांच में पता चला है कि फर्जी और आपत्तिजनक कंटेंट के कारण पहले भी उसके सोशल मीडिया अकाउंट बंद कराए गए थे। कुछ समय बाद ये अकाउंट फिर से सक्रिय हुए और धार्मिक उन्माद फैलाने वाली पोस्ट की गईं।

जांच के दौरान पता चला कि अकाउंट का संचालन झारखंड के गिरिडीह से हो रहा था। मुख्य आरोपी मजहर अंसारी को बरेली के पुराने रोडवेज बस स्टैंड के पास से गिरफ्तार किया गया है।

‘हैदरी दल बरेली’ नामक सोशल मीडिया के विभिन्न अकाउंट के माध्यम से लोगों की धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने एवं दो संप्रदायों के बीच धार्मिक सौहार्द बिगाड़ने तथा महिलाओं की लज्जा भंग करने से संबंधित मामला थाना कोतवाली में पंजीकृत किया गया था।

इसी दौरान हैदरी दल के नाम से संचालित अन्य सोशल मीडिया अकाउंट की समीक्षा करते हुए मेटा को रिपोर्ट भेजकर इन्हें बंद कराया गया था। कुछ समय बाद ये अकाउंट फिर से सक्रिय हुए और आपत्तिजनक पोस्ट व फेक न्यूज के जरिए समाज में माहौल बिगाड़ने एवं धार्मिक उन्माद फैलाने से संबंधित पोस्ट किए जाने लगे।

इसके बाद कोतवाली पुलिस टीम द्वारा उक्त मुकदमे में हैदरी दल के सबसे अधिक फॉलोवर वाले सोशल मीडिया अकाउंट को टारगेट किया गया और उनके संचालनकर्ता को ट्रेस किया गया।

जांच में पता चला है कि इसका संचालन झारखंड के गिरिडीह जिले से किया जा रहा था। साइबर और सर्विलांस की सहायता से इन अकाउंट्स के मास्टरमाइंड मोहम्मद मजहर अंसारी को बरेली के पुराने रोडवेज बस स्टैंड के पास से गिरफ्तार किया गया।

अभियुक्त मोहम्मद मजहर अंसारी ने बताया कि उसने अपने पैतृक गांव से कक्षा 10 तक की पढ़ाई की है। उसके पिता अपने गांव में ही खेती का काम करते हैं। उसके तीन भाई और एक बहन हैं, जिनमें एक भाई बड़ा और एक छोटा है। वह पहले दिल्ली में रहकर एक दुकान पर मोमोज बनाने का काम करता था तथा साथ-साथ सोशल मीडिया पर सक्रिय रहकर अपने फॉलोवर बढ़ाने के लिए वीडियो अपलोड करता रहता था।

संपादकीय दृष्टिकोण

जहाँ सोशल मीडिया का दुरुपयोग धार्मिक उन्माद फैलाने के लिए किया जा रहा है। हमें ऐसे मामलों में सतर्क रहना चाहिए और सच्चाई की खोज में आगे बढ़ना चाहिए।
RashtraPress
30 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

क्या मजहर अंसारी ने फेक न्यूज फैलाने की बात स्वीकार की?
हाँ, मजहर अंसारी ने बताया कि उसने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर भड़काऊ सामग्री पोस्ट की थी।
बरेली पुलिस ने इस मामले में क्या कार्रवाई की?
बरेली पुलिस ने मजहर अंसारी को गिरफ्तार किया और उसके सोशल मीडिया अकाउंट की जांच की।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 2 महीने पहले
  2. 3 महीने पहले
  3. 9 महीने पहले
  4. 10 महीने पहले
  5. 10 महीने पहले
  6. 10 महीने पहले
  7. 10 महीने पहले
  8. 1 साल पहले