भारत टेक्स 2026 का उद्घाटन: 130 देशों के 6,000 खरीदार, भारत मंडपम बना वैश्विक टेक्सटाइल हब
सारांश
मुख्य बातें
केंद्रीय कपड़ा मंत्री गिरिराज सिंह ने 14 जुलाई 2026 को नई दिल्ली स्थित भारत मंडपम में देश के सबसे बड़े अंतरराष्ट्रीय टेक्सटाइल आयोजन 'भारत टेक्स 2026' का उद्घाटन किया। 130 से अधिक देशों के 6,000 से ज़्यादा अंतरराष्ट्रीय खरीदारों और 1.3 लाख से अधिक ट्रेड विज़िटर्स की रिकॉर्ड भागीदारी के साथ शुरू हुए इस आयोजन का लक्ष्य भारत को वैश्विक टेक्सटाइल सप्लाई चेन में एक विश्वसनीय सोर्सिंग हब और रणनीतिक साझेदार के रूप में स्थापित करना है।
आयोजन का स्वरूप और विस्तार
भारत सरकार के कपड़ा मंत्रालय के सहयोग से भारत टेक्स ट्रेड फेडरेशन (BTTF) द्वारा आयोजित यह मेगा इवेंट करीब 1.6 मिलियन वर्ग फुट क्षेत्र में फैला है, जिसमें 20,000 से अधिक टेक्सटाइल उत्पादों का प्रदर्शन किया जा रहा है। आयोजन का यह पैमाना इसे भारत के टेक्सटाइल इतिहास का अब तक का सबसे बड़ा व्यापार मेला बनाता है।
उद्घाटन समारोह में कपड़ा राज्य मंत्री पवित्र मार्गेरिटा, कपड़ा मंत्रालय की सचिव नीलम शमी राव, भारत टेक्स आयोजन समिति के चेयरमैन नरेन गोयनका, को-चेयरमैन भद्रेश डोडिया, केंद्र और राज्य सरकारों के वरिष्ठ अधिकारी, उद्योग प्रतिनिधि, निर्यातक, निवेशक और अंतरराष्ट्रीय टेक्सटाइल कंपनियों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
अंतरराष्ट्रीय भागीदारी और वैश्विक महत्व
इस आयोजन में रूसी संघ के कृषि मंत्री तिमुर गवेव के नेतृत्व में एक उच्चस्तरीय प्रतिनिधिमंडल और न्यूज़ीलैंड के कृषि एसोसिएट मंत्री एवं ग्रामीण समुदाय मंत्री मार्क पैटरसन के नेतृत्व वाले प्रतिनिधिमंडल ने भाग लिया। यह ऐसे समय में आया है जब भारत वैश्विक टेक्सटाइल बाज़ार में चीन के विकल्प के रूप में अपनी स्थिति मज़बूत करने की कोशिश कर रहा है। दोनों देशों के मंत्री-स्तरीय प्रतिनिधिमंडलों की उपस्थिति ने इस आयोजन को महज़ व्यापार मेले से आगे एक नीतिगत संवाद के मंच के रूप में स्थापित किया है।
राज्यों की भागीदारी
देश के 17 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों ने इस आयोजन में हिस्सा लिया। मध्य प्रदेश, बिहार, उत्तर प्रदेश, पंजाब, महाराष्ट्र, गुजरात, कर्नाटक और तमिलनाडु — ये आठ प्रायोजक राज्य अपने टेक्सटाइल उद्योग, निवेश संभावनाओं और नीतिगत पहलों का प्रदर्शन कर रहे हैं। इसके अलावा आंध्र प्रदेश, असम, छत्तीसगढ़, झारखंड, जम्मू-कश्मीर, ओडिशा, मणिपुर, राजस्थान और पश्चिम बंगाल भी इसमें सहभागी हैं।
पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान और मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव सहित कई राज्यों के मंत्री और वरिष्ठ अधिकारी उद्घाटन समारोह में उपस्थित रहे। गौरतलब है कि राज्यों की इस बहुआयामी भागीदारी से स्पष्ट होता है कि टेक्सटाइल क्षेत्र में निवेश आकर्षण अब केवल परंपरागत केंद्रों तक सीमित नहीं रहा।
आगे की राह
भारत टेक्स 2026 भारत के उस व्यापक लक्ष्य का हिस्सा है जिसके तहत देश अपनी टेक्सटाइल निर्यात क्षमता को और मज़बूत करना चाहता है। इस आयोजन में हुई व्यापारिक बैठकें और नीतिगत चर्चाएँ आने वाले महीनों में द्विपक्षीय व्यापार समझौतों और निवेश प्रस्तावों का आधार बन सकती हैं।