क्या चेंबूर स्पा में रेड के बाद थाई थेरेपिस्ट ने पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए?
सारांश
Key Takeaways
- स्पा में सुरक्षा के मुद्दे
- पुलिस की कार्रवाई
- थेरेपिस्ट का अनुभव
- सामाजिक जागरूकता
- न्याय प्रणाली में सुधार
मुंबई, 28 नवंबर (राष्ट्र प्रेस)। मुंबई के चेंबूर में स्थित युवान थाई स्पा पर पिछले महीने आरसीएफ थाना पुलिस की छापेमारी अब एक नए विवाद में उलझ गई है। स्पा से हिरासत में ली गई थाईलैंड की 38 वर्षीय थेरेपिस्ट ने आरोप लगाया कि छापे से पहले पुलिस द्वारा ग्राहक के रूप में भेजे गए एक व्यक्ति ने उससे अश्लील हरकतें कीं और जब उसने विरोध किया, तो उसे धमकाया गया।
इस शिकायत के आधार पर पुलिस ने संबंधित बीएनएस धाराओं और आईटी एक्ट के तहत मामला दर्ज किया है और जांच शुरू कर दी है।
थेरेपिस्ट के अनुसार, यह घटना 27 अक्टूबर की शाम करीब 5:45 बजे हुई। वह एक ग्राहक को डीप टिश्यू मसाज दे रही थी, तभी उस व्यक्ति ने उसके साथ छेड़छाड़ करने लगा। विरोध करने पर उसने कहा कि उसके पुलिस से संबंध हैं और वह उसे झूठे केस में फंसा सकता है।
मसाज देने से मना करने पर आरोपी ने उसे जबरन निर्वस्त्र कर दिया। इसी दौरान तीन अज्ञात व्यक्तियों ने कमरे में प्रवेश किया और उसके न्यूड फोटो एवं वीडियो बना लिए। इसके बाद चारों आरोपी फरार हो गए।
करीब एक महीने तक डर और सदमे में रहने के बाद पीड़िता ने अंततः सांताक्रूज पुलिस स्टेशन जाकर शिकायत दर्ज कराई।
पुलिस अब फर्जी ग्राहक के रूप में आए व्यक्ति और उसके साथ मौजूद तीन अज्ञात व्यक्तियों की पहचान और गिरफ्तारी की कोशिश कर रही है।
आरसीएफ पुलिस ने इन आरोपों पर कहा है कि छापेमारी के दौरान स्पा में मौजूद सभी महिलाओं के बयान दर्ज किए गए थे और मेडिकल जांच भी कराई गई थी, लेकिन उस समय किसी ने भी ऐसी घटना का जिक्र नहीं किया।
एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने कहा, "संभव है कि पीड़िता अब स्पा मालिक को बचाने या कार्रवाई को प्रभावित करने के लिए झूठे आरोप लगा रही हो।"
सांताक्रूज पुलिस का कहना है कि मामला बेहद संवेदनशील है और दोनों पक्षों के आरोप-प्रत्यारोप की गहरी जांच की जा रही है।
अधिकारियों ने बताया कि इस मामले की हर एक एंगल से बारीकी से जांच की जा रही है। पुलिस को उम्मीद है कि जल्द ही पूरे मामले की सच्चाई सामने आ जाएगी।