कांग्रेस में 'पसंद और नजदीकी' से होते हैं फैसले: शिवसेना प्रवक्ता राजू वाघमारे का तीखा हमला
सारांश
मुख्य बातें
शिवसेना के प्रवक्ता राजू वाघमारे ने 31 मई 2026 को मुंबई में कांग्रेस की आंतरिक कार्यप्रणाली पर तीखा प्रहार करते हुए आरोप लगाया कि पार्टी में निर्णय विचारधारा या संगठनात्मक योग्यता के आधार पर नहीं, बल्कि हाईकमान की व्यक्तिगत पसंद और निकटता के आधार पर लिए जाते हैं। उन्होंने यह टिप्पणी कर्नाटक में कांग्रेस के नेतृत्व परिवर्तन और डीके शिवकुमार के भविष्य को लेकर पूछे गए सवालों के जवाब में की।
कांग्रेस की कार्यप्रणाली पर निशाना
वाघमारे ने कहा कि कांग्रेस में वही होता है जो पार्टी हाईकमान चाहता है — जो नेता शीर्ष नेतृत्व के सबसे करीब होता है, उसे ही संगठन और सत्ता में प्राथमिकता मिलती है। उनके अनुसार, कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्दारमैया के बयानों से स्पष्ट होता है कि वे नेतृत्व परिवर्तन के लिए स्वेच्छा से तैयार नहीं थे, किंतु हाईकमान की इच्छा के आगे उन्हें झुकना पड़ा। उन्होंने चेतावनी दी कि इससे पार्टी के वरिष्ठ नेताओं में असंतोष बढ़ सकता है और भविष्य में कांग्रेस की एकजुटता प्रभावित हो सकती है।
नई पीढ़ी को अवसर न मिलने का आरोप
शिवसेना प्रवक्ता ने कहा कि कांग्रेस की सबसे बड़ी कमजोरी यह है कि राज्य स्तर के स्थापित नेता दूसरी और तीसरी पीढ़ी के युवा नेताओं के लिए रास्ते बंद कर देते हैं। उन्होंने तर्क दिया कि जहाँ अन्य राजनीतिक दलों ने समय के साथ नई पीढ़ी को नेतृत्व सौंपा, वहीं कांग्रेस उस बदलाव में पिछड़ गई। उनके अनुसार, हाईकमान भी प्रायः उन्हीं स्थापित चेहरों की सुनता है, जिससे जमीनी स्तर के कार्यकर्ताओं को आगे बढ़ने का अवसर नहीं मिलता।
चुनावी प्रदर्शन पर असर का दावा
वाघमारे ने दावा किया कि कांग्रेस की इस बंद कार्यशैली का सीधा असर उसके चुनावी प्रदर्शन पर पड़ रहा है। उनके अनुसार, पार्टी के भीतर लोकतांत्रिक प्रक्रिया कमजोर हुई है, जिसके चलते कांग्रेस लगातार अपना जनाधार खोती जा रही है। गौरतलब है कि यह टिप्पणी ऐसे समय में आई है जब कर्नाटक में नेतृत्व परिवर्तन की अटकलें चरम पर हैं।
महायुति की एकजुटता का दावा
महाराष्ट्र विधान परिषद चुनाव और महायुति गठबंधन में सीट बंटवारे को लेकर उठ रहे सवालों पर वाघमारे ने कहा कि विपक्ष के पास असली मुद्दों की कमी है, इसलिए वह गठबंधन के भीतर मतभेद तलाशने की कोशिश कर रहा है। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे और गठबंधन के अन्य वरिष्ठ नेताओं ने कई दौर की बैठकों के बाद सीटों और रणनीति पर पूरी सहमति बना ली है।
महायुति की जीत का भरोसा
वाघमारे ने विश्वास जताया कि महायुति के सभी उम्मीदवार आगामी चुनाव में विजयी होंगे। उन्होंने कहा कि एकनाथ शिंदे पहले ही गठबंधन की पूर्ण जीत का दावा कर चुके हैं और गठबंधन पूरी एकजुटता के साथ चुनाव मैदान में उतर रहा है। उनके अनुसार, चुनाव परिणाम आने के बाद विपक्ष के सभी आरोपों का जवाब जनता स्वयं दे देगी।