गांदरबल पुलिस की बड़ी कार्रवाई: अवैध रेत ढो रहे 5 ट्रक जब्त, हर वाहन पर ₹17,425 का जुर्माना
सारांश
मुख्य बातें
गांदरबल पुलिस ने 12 जुलाई 2026 को अवैध खनिज परिवहन के खिलाफ चल रहे अभियान के तहत बिना वैध अनुमति के रेत ले जा रहे पाँच ट्रकों को पकड़ा और जब्त करने के आदेश जारी किए। जियोलॉजी और माइनिंग विभाग ने प्रत्येक वाहन पर ₹17,425 का जुर्माना लगाया है।
मुख्य घटनाक्रम
सोनमर्ग पुलिस स्टेशन की एक टीम ने रूटीन चेकिंग के दौरान करगिल से गांदरबल की ओर आ रहे इन वाहनों को रोका। जाँच में पता चला कि ट्रक बिना किसी वैध खनन अनुमति के रेत का परिवहन कर रहे थे, जो माइनिंग के निर्धारित नियमों का स्पष्ट उल्लंघन था। पुलिस ने तत्काल जियोलॉजी और माइनिंग विभाग को सूचित किया, जिसके बाद सभी पाँचों ट्रकों का चालान काटा गया और कानून के संबंधित प्रावधानों के तहत उन्हें जब्त करने के आदेश जारी किए गए।
विभागीय कार्रवाई और जुर्माना
जियोलॉजी और माइनिंग विभाग ने नियमानुसार प्रत्येक वाहन पर ₹17,425 का जुर्माना लगाया। इस प्रकार पाँचों वाहनों पर कुल ₹87,125 की वसूली की कार्रवाई की गई। अधिकारियों के अनुसार वाहनों को तब तक नहीं छोड़ा जाएगा जब तक संबंधित कानूनी प्रक्रिया पूरी नहीं हो जाती।
अवैध माइनिंग पर पुलिस की प्रतिबद्धता
गांदरबल पुलिस ने स्पष्ट किया है कि प्राकृतिक संसाधनों की सुरक्षा और अवैध खनन गतिविधियों पर अंकुश लगाने के लिए जिले भर में इस तरह के प्रवर्तन अभियान निरंतर जारी रहेंगे। अधिकारियों ने चेतावनी दी कि खनिजों के अवैध खनन और परिवहन में संलिप्त पाए जाने वाले किसी भी व्यक्ति के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। गौरतलब है कि जम्मू-कश्मीर में नदियों और पहाड़ी क्षेत्रों से अवैध रेत और बजरी खनन एक लंबे समय से चली आ रही समस्या है जिससे पर्यावरणीय क्षति भी होती है।
कुपवाड़ा में ड्रग तस्कर गिरफ्तार
इसी बीच, कुपवाड़ा पुलिस ने टंगदार के टार्बोनी में नाका चेकिंग के दौरान एक संदिग्ध ड्रग तस्कर को गिरफ्तार किया। आरोपी की पहचान धनी निवासी मोहम्मद आमिर के रूप में हुई, जिसके पास से ब्राउन शुगर जैसा पदार्थ बरामद किया गया। पुलिस ने एनडीपीएस एक्ट की धारा 8/21 के तहत मामला दर्ज कर जाँच शुरू कर दी है।
श्रीनगर में ड्रग तस्कर की संपत्ति जब्त
नशीले पदार्थों के खिलाफ अभियान के तहत श्रीनगर पुलिस ने एनडीपीएस एक्ट के प्रावधानों के अंतर्गत एक ऐसे मकान को जब्त किया जिसकी अनुमानित कीमत ₹1.20 करोड़ से अधिक बताई जा रही है। यह कार्रवाई ड्रग तस्करी के वित्तीय ढाँचे को ध्वस्त करने की व्यापक रणनीति का हिस्सा है। आने वाले दिनों में इस तरह की और कार्रवाइयाँ अपेक्षित हैं।