8 जुलाई 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

गाजियाबाद नशा तस्करी: महिला गिरफ्तार, 900 ग्राम गांजा, 172 ग्राम स्मैक और ₹5.98 लाख नकद बरामद

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
गाजियाबाद नशा तस्करी: महिला गिरफ्तार, 900 ग्राम गांजा, 172 ग्राम स्मैक और ₹5.98 लाख नकद बरामद

सारांश

गाजियाबाद के नंदग्राम में पुलिस ने महिला तस्कर गीता को दबोचा — 900 ग्राम गांजा, 2,460 पुड़ियों में पैक 172 ग्राम स्मैक और ₹5.98 लाख नकद बरामद। ₹26 लाख के मादक पदार्थ और 7 मोबाइल फोन के साथ पूरे नेटवर्क की जांच शुरू।

मुख्य बातें

23 मई 2026 को गाजियाबाद के नंदग्राम थाना क्षेत्र में पुलिस ने महिला तस्कर गीता को गिरफ्तार किया।
बरामदगी में 900 ग्राम गांजा और 172 ग्राम स्मैक शामिल, जिसे 2,460 पुड़ियों में पैक किया गया था।
अंतरराष्ट्रीय बाजार में बरामद मादक पदार्थों की अनुमानित कीमत ₹26 लाख ।
आरोपी के पास से ₹5 लाख 98 हजार नकद और 7 मोबाइल फोन भी जब्त।
पुलिस कॉल डिटेल और डिजिटल साक्ष्यों के आधार पर पूरे नशा नेटवर्क की जांच कर रही है।

गाजियाबाद के नंदग्राम थाना क्षेत्र में पुलिस ने 23 मई 2026 को अवैध नशा तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए एक महिला को गिरफ्तार किया। आरोपी के पास से 900 ग्राम गांजा, 172 ग्राम स्मैक, ₹5 लाख 98 हजार की नकदी और 7 मोबाइल फोन बरामद किए गए। बरामद मादक पदार्थों की अंतरराष्ट्रीय बाजार में अनुमानित कीमत करीब ₹26 लाख बताई जा रही है।

कार्रवाई का घटनाक्रम

पुलिस को लंबे समय से नंदग्राम इलाके में नशे के कारोबार की शिकायतें मिल रही थीं। इसके बाद नंदग्राम थाना पुलिस और सर्विलांस टीम ने संयुक्त निगरानी अभियान शुरू किया। संदिग्ध गतिविधियों की पुष्टि होने पर टीम ने तीस फुटा रोड स्थित गली नंबर-1 में छापेमारी की और महिला को मौके से ही गिरफ्तार कर लिया।

बरामदगी का विवरण

तलाशी के दौरान आरोपी महिला के पास से 900 ग्राम गांजा और 172 ग्राम स्मैक मिली, जिसे 2,460 छोटी पुड़ियों में पैक किया गया था। पुलिस के अनुसार ये पुड़ियाँ सप्लाई के लिए तैयार अवस्था में थीं। इसके अलावा ₹5 लाख 98 हजार की नकदी अलग-अलग मूल्य के नोटों और सिक्कों के रूप में बरामद हुई।

जब्त 7 मोबाइल फोन में कीपैड और एंड्रॉयड दोनों प्रकार के फोन शामिल हैं। पुलिस का मानना है कि इन फोनों का उपयोग ग्राहकों और सप्लायरों से संपर्क साधने के लिए किया जाता था।

आरोपी की पहचान और स्वीकारोक्ति

गिरफ्तार महिला की पहचान गीता के रूप में हुई है, जो नंदग्राम क्षेत्र की नई बस्ती की निवासी बताई जा रही है। पूछताछ के दौरान गीता ने कथित तौर पर स्वीकार किया कि वह इलाके में घूम-घूमकर गांजा और स्मैक बेचती थी और इसी अवैध कारोबार से अपनी आजीविका चलाती थी।

जांच का दायरा

पुलिस अधिकारियों के अनुसार बरामद मोबाइल फोन की कॉल डिटेल और अन्य डिजिटल साक्ष्यों की जांच की जा रही है। अन्वेषण का मुख्य फोकस यह पता लगाना है कि नशे की खेप कहाँ से आती थी, किन इलाकों में सप्लाई होती थी और इस नेटवर्क में अन्य कौन-कौन से लोग शामिल हैं।

आगे की कार्रवाई

पुलिस ने नेटवर्क से जुड़े अन्य संदिग्धों की तलाश तेज कर दी है। गौरतलब है कि गाजियाबाद में पिछले कुछ महीनों में नशा तस्करी के खिलाफ अभियान लगातार जारी है। इस मामले में डिजिटल साक्ष्यों के आधार पर जल्द ही और गिरफ्तारियाँ हो सकती हैं।

संपादकीय दृष्टिकोण

460 पुड़ियों में पैक स्मैक यह संकेत देती है कि यह कोई छोटा-मोटा कारोबार नहीं, बल्कि एक संगठित खुदरा वितरण तंत्र था। ₹5.98 लाख की नकदी और 7 मोबाइल फोन की बरामदगी बताती है कि गीता इस नेटवर्क की एक कड़ी मात्र है, मास्टरमाइंड नहीं। असली सवाल यह है कि आपूर्ति श्रृंखला कहाँ से शुरू होती है — और क्या पुलिस डिजिटल साक्ष्यों का उपयोग कर ऊपर तक पहुँच पाएगी या यह मामला भी एक गिरफ्तारी तक सिमट जाएगा।
RashtraPress
8 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

गाजियाबाद नंदग्राम में किसे और क्यों गिरफ्तार किया गया?
नंदग्राम क्षेत्र की नई बस्ती निवासी महिला गीता को 23 मई 2026 को अवैध नशा तस्करी के आरोप में गिरफ्तार किया गया। पुलिस के अनुसार वह इलाके में घूम-घूमकर गांजा और स्मैक बेचती थी।
गिरफ्तार महिला के पास से क्या-क्या बरामद हुआ?
पुलिस ने 900 ग्राम गांजा, 172 ग्राम स्मैक (2,460 पुड़ियों में पैक), ₹5 लाख 98 हजार नकद और 7 मोबाइल फोन बरामद किए। बरामद मादक पदार्थों की अंतरराष्ट्रीय बाजार में अनुमानित कीमत करीब ₹26 लाख बताई जा रही है।
पुलिस ने छापेमारी कैसे और कहाँ की?
नंदग्राम थाना पुलिस और सर्विलांस टीम ने संयुक्त निगरानी के बाद तीस फुटा रोड स्थित गली नंबर-1 में छापेमारी की। लंबे समय से मिल रही शिकायतों के आधार पर यह अभियान चलाया गया था।
इस मामले में आगे क्या जांच होगी?
पुलिस बरामद 7 मोबाइल फोन की कॉल डिटेल और डिजिटल साक्ष्यों की जांच कर रही है। मुख्य उद्देश्य नशे की आपूर्ति श्रृंखला का स्रोत और नेटवर्क में शामिल अन्य लोगों की पहचान करना है।
स्मैक को 2,460 पुड़ियों में पैक क्यों किया गया था?
पुलिस के अनुसार इन पुड़ियों को खुदरा ग्राहकों को सप्लाई करने के लिए तैयार किया गया था। इतनी बड़ी संख्या में पैकेजिंग एक संगठित वितरण तंत्र की ओर इशारा करती है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 1 महीना पहले
  2. 2 महीने पहले
  3. 2 महीने पहले
  4. 2 महीने पहले
  5. 3 महीने पहले
  6. 6 महीने पहले
  7. 6 महीने पहले
  8. 6 महीने पहले