ग्रेटर नोएडा: सीताराम इंस्टीट्यूट के निर्माणाधीन हॉस्टल में 2 मजदूरों की हत्या, तीसरा फरार
सारांश
मुख्य बातें
ग्रेटर नोएडा के नॉलेज पार्क थाना क्षेत्र में स्थित सीताराम इंस्टीट्यूट के निर्माणाधीन हॉस्टल परिसर में 8 मई को दो मजदूरों के शव लहूलुहान अवस्था में बरामद किए गए, जिससे पूरे इलाके में दहशत फैल गई। प्रारंभिक जाँच के अनुसार, हत्या धारदार हथियार से किए जाने की आशंका है और घटनास्थल पर संघर्ष के स्पष्ट संकेत मिले हैं। पुलिस ने मौके को घेराबंदी में लेकर फॉरेंसिक जाँच शुरू कर दी है।
घटना का क्रम
जानकारी के अनुसार, तीन मजदूर हाल ही में माली का काम करने के लिए इस निर्माणाधीन हॉस्टल में आए थे और घटना से करीब दो दिन पहले ही वे परिसर के एक कमरे में रहने लगे थे। शुक्रवार सुबह जब अन्य कर्मचारियों ने कमरे का दरवाज़ा नहीं खुलने पर संदेह जताया और अंदर जाकर देखा, तो दो मजदूरों के शव खून से लथपथ पड़े मिले। इसके तुरंत बाद पुलिस को सूचना दी गई।
पुलिस और फॉरेंसिक टीम की कार्रवाई
नॉलेज पार्क थाना पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी तत्काल घटनास्थल पर पहुँचे और पूरे क्षेत्र को घेराबंदी में ले लिया। पुलिस के साथ फॉरेंसिक टीम भी मौके पर पहुँची और घटनास्थल से साक्ष्य जुटाने का काम शुरू किया। कमरे के भीतर खून के निशान और संघर्ष के संकेत मिलने की बात सामने आ रही है।
सीसीटीवी फुटेज और तीसरे मजदूर की तलाश
पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है ताकि किसी संदिग्ध की पहचान हो सके। गौरतलब है कि घटना के बाद से तीसरे मजदूर का कोई पता नहीं चल पाया है और उसकी तलाश जारी है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, प्रारंभिक जाँच में मामला आपसी विवाद या पुरानी रंजिश से जुड़ा हो सकता है, हालाँकि अभी किसी निष्कर्ष पर पहुँचना जल्दबाज़ी होगी।
आम जनता और मजदूरों में दहशत
घटना के बाद निर्माण स्थल पर काम करने वाले मजदूरों और आसपास के निवासियों में भय का माहौल है। पुलिस ने दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। यह ऐसे समय में आया है जब निर्माण स्थलों पर मजदूरों की सुरक्षा को लेकर पहले से सवाल उठते रहे हैं।
आगे क्या होगा
अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही मामले का खुलासा कर आरोपियों को गिरफ्तार किया जाएगा। पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर जाँच कर रही है और तीसरे मजदूर की भूमिका को भी जाँच के दायरे में रखा गया है।