हरियाणा SIR प्रक्रिया: कांग्रेस का समर्थन, पर राजनीतिक वोट-हेरफेर का विरोध करेंगे राव नरेंद्र सिंह
सारांश
मुख्य बातें
हरियाणा कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष राव नरेंद्र सिंह ने 21 मई 2025 को चंडीगढ़ में बातचीत के दौरान स्पष्ट किया कि उनकी पार्टी राज्य में जारी विशेष सारांश पुनरीक्षण (SIR) प्रक्रिया का समर्थन करती है, लेकिन यदि कोई राजनीतिक दल इसे चुनावी लाभ के लिए इस्तेमाल करता है तो कांग्रेस उसका कड़ा विरोध करेगी। उन्होंने कहा कि मतदाता सूची में सुधार लोकतंत्र की जरूरत है, परंतु इसे पारदर्शिता और निष्पक्षता के साथ अंजाम दिया जाना चाहिए।
SIR पर कांग्रेस की रणनीति
हरियाणा प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने SIR की निगरानी के लिए एक विशेष समिति गठित की है, जिसमें वरिष्ठ नेताओं को शामिल किया गया है। राव नरेंद्र सिंह के अनुसार, हर विधानसभा क्षेत्र और बूथ स्तर पर पार्टी कार्यकर्ताओं की तैनाती की जा रही है ताकि मतदाता सूची की सूक्ष्म जाँच हो सके। उनका कहना है कि न तो कोई अपात्र नाम जुड़ना चाहिए और न ही किसी पात्र मतदाता का नाम सूची से हटना चाहिए।
उन्होंने तीन बिंदुओं पर विशेष जोर दिया — मृत व्यक्तियों के नाम हटाए जाएँ, एक से अधिक स्थानों पर दर्ज मतदाताओं की प्रविष्टियाँ दुरुस्त की जाएँ, और 'एक व्यक्ति, एक वोट' का सिद्धांत सुनिश्चित हो। उनके अनुसार, चुनावी सूची की पारदर्शिता लोकतांत्रिक प्रक्रिया की नींव है।
राजनीतिक हेरफेर पर कड़ा रुख
राव नरेंद्र सिंह ने कहा कि यदि कोई भी राजनीतिक दल जानबूझकर धर्म या जाति के आधार पर वोट जोड़ने या काटने की कोशिश करता है, तो यह संविधान की भावना के विरुद्ध है। उन्होंने कहा, 'कांग्रेस संविधान पर विश्वास करने वाली पार्टी है और चुनावी प्रक्रिया को संविधान के दायरे में रखना हमारी प्राथमिकता है।' उनका यह बयान ऐसे समय में आया है जब विभिन्न राज्यों में SIR के दौरान मतदाता सूची में बड़े पैमाने पर बदलावों को लेकर विवाद उठ रहे हैं।
आवास पर घुसपैठ की घटना
राव नरेंद्र सिंह ने बताया कि 15 मई की रात उनके आवास पर करीब छह अज्ञात व्यक्ति बाउंड्री वॉल फाँदकर परिसर में दाखिल हुए। घुसपैठियों ने सीसीटीवी कैमरों के तार काट दिए और सर्वेंट क्वार्टर के दरवाजे बाहर से बंद करने का प्रयास किया। कुछ दरवाजों और कुंडियों को तोड़ने की कोशिश भी की गई। स्टाफ की नींद खुलने और शोर मचाने पर घुसपैठिए भाग निकले।
घटना की सूचना तत्काल पुलिस को दी गई और जाँच शुरू की गई। उन्होंने बताया कि पुलिस के पास सीसीटीवी फुटेज उपलब्ध है, लेकिन अब तक कोई गिरफ्तारी नहीं हुई है। उन्होंने इस मामले पर हरियाणा के मुख्यमंत्री, डीजीपी और नूह जिले के एसपी से भी बातचीत करने की बात कही।
कानून-व्यवस्था और अन्य मुद्दे
राव नरेंद्र सिंह ने राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो (NCRB) के आँकड़ों का हवाला देते हुए कहा कि हरियाणा में चोरी, हिंसा और अन्य गंभीर अपराधों के बढ़ते मामले चिंताजनक हैं। उनके अनुसार, सरकार और पुलिस प्रशासन को मिलकर कानून-व्यवस्था को मजबूत करना होगा।
उन्होंने पश्चिम बंगाल के स्कूलों में 'वंदे मातरम' गाने के निर्देश पर कहा कि राज्यों को अपनी सांस्कृतिक और शैक्षिक नीतियाँ बनाने का अधिकार है और इस विषय पर विवाद की बजाय संतुलन की जरूरत है। ओबीसी आरक्षण और सामाजिक नीतियों पर उन्होंने कहा कि गरीब, मजदूर, किसान और बेरोजगारों के साथ किसी भी तरह का अन्याय नहीं होना चाहिए।
कांग्रेस नेता राहुल गांधी द्वारा उठाए जा रहे संस्थागत और आर्थिक मुद्दों का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि सरकार का कर्तव्य है कि वह इन चिंताओं को गंभीरता से ले और सुधारात्मक कदम उठाए ताकि देश में अस्थिरता न बढ़े। गौरतलब है कि SIR प्रक्रिया और उसकी निगरानी का मुद्दा आगामी चुनावी तैयारियों के संदर्भ में विशेष महत्व रखता है।