मेघालय CM कोनराड संगमा का ऐलान: शिक्षा बजट का 13%, 23,000 शिक्षकों को नई वेतन प्रणाली
सारांश
मुख्य बातें
मेघालय के मुख्यमंत्री कोनराड के. संगमा ने शुक्रवार, 22 मई को स्पष्ट किया कि शिक्षा राज्य के समावेशी और समग्र विकास की आधारशिला है। तुरा में पीएएसएफ-अबोंग नोगा कॉलेज की नई इमारत की नींव रखने और कॉन्फ्रेंस हॉल के उद्घाटन के अवसर पर उन्होंने कहा कि आर्थिक प्रगति तभी सार्थक है जब उसका लाभ राज्य के प्रत्येक नागरिक तक पहुँचे।
मेघालय की आर्थिक वृद्धि और शिक्षा की भूमिका
मुख्यमंत्री संगमा ने बताया कि मेघालय इस समय देश की सबसे तेज़ी से बढ़ती अर्थव्यवस्थाओं में शुमार है, जहाँ नॉमिनल सकल राज्य घरेलू उत्पाद (जीएसडीपी) की वृद्धि दर 15 प्रतिशत से अधिक है। उन्होंने ज़ोर देकर कहा, 'असली विकास समग्र विकास होता है।' इस संदर्भ में उन्होंने सरकार की शिक्षा, युवाओं, महिलाओं और किसानों में निरंतर निवेश की नीति को रेखांकित किया।
शिक्षा बजट और गुणवत्ता सुधार
संगमा ने जानकारी दी कि राज्य के कुल बजट का लगभग 13 प्रतिशत हिस्सा शिक्षा क्षेत्र को आवंटित किया गया है। उन्होंने स्वीकार किया कि अब प्राथमिकता केवल विद्यालयों और कॉलेजों की संख्या बढ़ाने की नहीं, बल्कि शिक्षा की गुणवत्ता को ऊँचा उठाने की है। उनके शब्दों में, 'हमारे सामने अब मुद्दा केवल मात्रा का नहीं, बल्कि गुणवत्ता का है।' पिछले आठ वर्षों में सरकार ने इस दिशा में व्यवस्थित सुधारों पर ध्यान केंद्रित किया है।
23,000 शिक्षकों के लिए नई वेतन व्यवस्था
मुख्यमंत्री ने राज्य सरकार के उस महत्त्वपूर्ण निर्णय का उल्लेख किया जिसके तहत लगभग 23,000 एसएसए और तदर्थ शिक्षकों के लिए एक व्यवस्थित वेतन प्रणाली लागू की गई है। इस पर सालाना लगभग ₹800 करोड़ की वित्तीय प्रतिबद्धता है। संगमा ने कहा, 'अगर शिक्षा में सार्थक सुधारों को सफल बनाना है, तो शिक्षकों के पास स्थिरता और गरिमा होनी चाहिए।'
पीएएसएफ-अबोंग नोगा कॉलेज और सीएसआर योगदान
मुख्यमंत्री ने उस निजी कंपनी की सराहना की जिसने कॉर्पोरेट सामाजिक उत्तरदायित्व (CSR) के अंतर्गत कॉलेज की नई इमारत के निर्माण हेतु ₹8 करोड़ का योगदान दिया। उन्होंने कहा, 'कंपनी देश के किसी भी संस्थान को चुन सकती थी, फिर भी उन्होंने पीएएसएफ-अबोंग नोगा कॉलेज को चुना।' यह कॉलेज पी.ए. संगमा फाउंडेशन के तत्वावधान में स्थापित है, जिसने 2022 में अपनी शैक्षणिक गतिविधियाँ शुरू कीं और बाद में नॉर्थ-ईस्टर्न हिल यूनिवर्सिटी से संबद्धता प्राप्त की।
दिवंगत पूर्णो अजितोक संगमा की विरासत
मुख्यमंत्री ने अपने दिवंगत पिता और वरिष्ठ नेता पूर्णो अजितोक संगमा को याद करते हुए कहा कि शिक्षा हमेशा उनकी सर्वोच्च प्राथमिकताओं में रही, क्योंकि उन्होंने अपने करियर की शुरुआत एक शिक्षक के रूप में की थी। यह आयोजन उसी विरासत को आगे बढ़ाने का प्रतीक है। आने वाले समय में राज्य सरकार की योजना शिक्षा क्षेत्र में निवेश और संस्थागत सुधारों को और गति देने की है।