आईआईटी बॉम्बे छात्र साहिल की मौत: कांग्रेस एमएलसी भाई जगताप ने की सीबीआई जांच की मांग
सारांश
मुख्य बातें
कांग्रेस नेता और महाराष्ट्र विधान परिषद सदस्य भाई जगताप ने 21 सितंबर 2026 को मुंबई में मीडिया से बातचीत के दौरान आईआईटी बॉम्बे के छात्र साहिल की मौत के मामले में सीबीआई जांच की मांग की। उन्होंने कहा कि यदि इस मामले को लेकर समाज के मन में किसी प्रकार का संदेह है, तो केंद्रीय जांच एजेंसी की निष्पक्ष जाँच से ही स्थिति स्पष्ट हो सकती है।
आईआईटी छात्र की मौत और जातिगत भेदभाव के आरोप
छात्र साहिल के परिवार ने संस्थान के डायरेक्टर और एक प्रोफेसर पर कथित जातिगत भेदभाव के आरोप लगाए हैं। भाई जगताप ने परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए कहा कि आईआईटी, आईआईएम और एम्स जैसे संस्थान देश का गौरव हैं और इनमें किसी भी प्रकार के भेदभाव की कोई जगह नहीं होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि इन प्रतिष्ठित संस्थानों में देश के सबसे प्रतिभाशाली छात्र पढ़ते हैं और आगे चलकर राष्ट्र सेवा करते हैं।
गौरतलब है कि देश के प्रमुख तकनीकी संस्थानों में दलित और पिछड़े वर्ग के छात्रों के साथ भेदभाव की शिकायतें पहले भी सामने आती रही हैं। यह मामला ऐसे समय में सामने आया है जब उच्च शिक्षण संस्थानों में समावेशी माहौल की माँग एक बार फिर राजनीतिक विमर्श के केंद्र में है।
योगी की टिप्पणी पर जगताप का पलटवार
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की ओर से राहुल गांधी और कांग्रेस के कार्यक्रम पर की गई टिप्पणी के जवाब में जगताप ने पलटवार किया। उन्होंने कहा कि योगी आदित्यनाथ को पहले राम मंदिर में हुए कथित चढ़ावा चोरी के मामले पर जवाब देना चाहिए, जिसे लेकर संतों की ओर से भी सवाल उठाए जा रहे हैं।
राहुल गांधी की मिमिक्री विवाद और माफी की मांग
'छात्रों की गूंज' कार्यक्रम में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की कथित मिमिक्री को लेकर उठे विवाद पर भाजपा (भारतीय जनता पार्टी) की ओर से राहुल गांधी से माफी की मांग की गई है। इस पर जगताप ने स्पष्ट किया कि कॉमेडी और मिमिक्री कला के अभिन्न अंग हैं और राजनीति लंबे समय से व्यंग्य का विषय रही है।
उन्होंने जवाहरलाल नेहरू, महात्मा गांधी, इंदिरा गांधी, राजीव गांधी और मनमोहन सिंह जैसे नेताओं का उदाहरण देते हुए कहा कि इन सभी पर भी राजनीतिक व्यंग्य होते रहे हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि राहुल गांधी इस मामले में माफी नहीं मांगेंगे। साथ ही जगताप ने महंगाई, बेरोज़गारी, रुपए की स्थिति और अर्थव्यवस्था जैसे मुद्दों को लेकर केंद्र सरकार पर निशाना साधा।
2027 यूपी चुनाव: सपा-कांग्रेस गठबंधन पर संकेत
2027 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में समाजवादी पार्टी (सपा) और कांग्रेस के संभावित गठबंधन के सवाल पर जगताप ने कहा कि इस पर अंतिम निर्णय कांग्रेस का शीर्ष नेतृत्व — मल्लिकार्जुन खड़गे, राहुल गांधी और अन्य वरिष्ठ नेता — करेंगे।
असदुद्दीन ओवैसी और उनकी पार्टी की भूमिका पर जगताप ने दावा किया कि पिछले चुनावों में कई सीटों पर कांग्रेस और सपा उम्मीदवारों की हार में ओवैसी की पार्टी का योगदान रहा। उन्होंने कहा कि यदि ओवैसी वास्तव में भाजपा को सत्ता से बाहर करना चाहते हैं, तो उन्हें अखिलेश यादव और कांग्रेस नेतृत्व से सीधी बातचीत की पहल करनी चाहिए।
हिंदू राष्ट्र की मांग और संविधान की रक्षा
बाबा बागेश्वर की भारत को हिंदू राष्ट्र बनाने की कथित मांग और प्रस्तावित यात्रा पर जगताप ने कहा कि भारत किसी एक संगठन या विचारधारा के एजेंडे पर नहीं चलता। संविधान हर नागरिक को धार्मिक स्वतंत्रता देता है और किसी को अपने धर्म का प्रचार या धार्मिक यात्रा निकालने का अधिकार है। हालांकि, उन्होंने स्पष्ट किया कि यह मानना उचित नहीं होगा कि देश की समूची जनता किसी एक धार्मिक विचारधारा को स्वीकार कर लेगी।
जगताप ने कहा कि भारत की असली पहचान उसकी विविधता और संवैधानिक व्यवस्था में है — आने वाले दिनों में ये राजनीतिक विमर्श और तीखे होने की उम्मीद है।