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मायावती के अकेले चुनाव लड़ने पर इमरान मसूद का वार: 'बसपा 12% से 6% पर आ जाएगी, दलित कांग्रेस के साथ'

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मायावती के अकेले चुनाव लड़ने पर इमरान मसूद का वार: 'बसपा 12% से 6% पर आ जाएगी, दलित कांग्रेस के साथ'

सारांश

कांग्रेस सांसद इमरान मसूद ने दावा किया कि मायावती के अकेले चुनाव लड़ने से बसपा का वोट शेयर आधा होकर 6% पर आ जाएगा। उनका कहना है कि दलित समाज अब कांग्रेस के साथ है — यह बयान उत्तर प्रदेश की दलित राजनीति में बड़े बदलाव का संकेत देता है।

मुख्य बातें

कांग्रेस सांसद इमरान मसूद ने कहा कि मायावती के अकेले चुनाव लड़ने से बसपा का वोट शेयर 12% से घटकर 6% पर आ जाएगा।
मसूद ने दावा किया कि दलित समाज का झुकाव अब कांग्रेस की ओर है।
समाजवादी पार्टी और कांग्रेस मिलकर उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव लड़ेंगी; सीट बंटवारा पार्टी स्तर पर तय होगा।
धर्म गुरु अनिरुद्धाचार्य के आरक्षण संबंधी बयान को मसूद ने नकारते हुए कहा कि आरक्षण सामाजिक संतुलन के लिए है।
मंत्री ओम प्रकाश राजभर के पीडीए पर बयान को मसूद ने 'अनाप-शनाप' करार दिया।

कांग्रेस सांसद इमरान मसूद ने 4 सितंबर को स्पष्ट रूप से कहा कि बहुजन समाज पार्टी (बसपा) सुप्रीमो मायावती द्वारा उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव अकेले लड़ने के फैसले से बसपा को ही नुकसान होगा और पार्टी का वोट शेयर 12 प्रतिशत से घटकर 6 प्रतिशत पर आ जाएगा। उन्होंने यह भी दावा किया कि दलित समाज का झुकाव अब कांग्रेस की ओर है।

मायावती के फैसले पर मसूद का सीधा हमला

इमरान मसूद ने कहा, 'उनको अकेले चुनाव लड़ने से कौन रोक रहा है। इसका परिणाम बस इतना होगा कि पार्टी 12 प्रतिशत से 6 प्रतिशत पर आ जाएगी।' उन्होंने स्पष्ट किया कि इस फैसले का असर मायावती और बसपा पर पड़ेगा, न कि किसी अन्य दल पर। उनके अनुसार, भारतीय जनता पार्टी (BJP) देश में दलितों के प्रति नफरत फैलाने का काम कर रही है और यह बात दलित समुदाय को समझ में आ रही है।

सपा-कांग्रेस गठबंधन और सीट बंटवारा

मसूद ने बताया कि समाजवादी पार्टी (सपा) और कांग्रेस मिलकर चुनाव लड़ रही हैं। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ऐतिहासिक रूप से दलितों की पहली पार्टी रही है, इसलिए दलित मतदाताओं का झुकाव कांग्रेस की तरफ बना रहेगा। सीट बंटवारे के सवाल पर उन्होंने कहा कि यह कोई बड़ी समस्या नहीं है और इसका फैसला पार्टी स्तर पर हो जाएगा।

आरक्षण पर धर्म गुरु के बयान को नकारा

धर्म गुरु अनिरुद्धाचार्य ने हाल ही में कहा था कि आरक्षण केवल गरीबी रेखा से नीचे जीवन यापन करने वालों को मिलना चाहिए। इस पर प्रतिक्रिया देते हुए मसूद ने कहा कि आरक्षण की व्यवस्था देश में सामाजिक संतुलन बनाने के लिए की गई थी। उन्होंने कहा, 'जो वर्ग सदियों तक शोषित रहा, उसे मुख्यधारा में लाने के लिए आरक्षण की व्यवस्था बनाई गई।'

जयशंकर के यूक्रेन दौरे और अन्य मुद्दों पर टिप्पणी

विदेश मंत्री एस. जयशंकर के यूक्रेन दौरे पर मसूद ने कहा कि उसका परिणाम इस बात पर निर्भर करेगा कि वहाँ क्या हासिल होता है। उन्होंने कहा कि भारत हमेशा से शांति का पक्षधर रहा है। उत्तर प्रदेश के मंत्री ओम प्रकाश राजभर के उस बयान पर — जिसमें उन्होंने कहा था कि पीडीए में 'पी' का मतलब 'पहली हार' है — मसूद ने पलटवार करते हुए कहा, 'वे बस कुछ भी अनाप-शनाप बोलते रहते हैं। उन्होंने उन्हीं के समर्थन से जीत हासिल की थी और अब वे कुछ भी कह रहे हैं।' अभिनेत्री स्वरा भास्कर के 'जौहर' को लेकर विवादित टिप्पणी के संदर्भ में मसूद ने कहा कि उन्होंने स्वरा का बयान पढ़ा है जिसमें उन्होंने ऐसी किसी टिप्पणी से इनकार किया है।

राजनीतिक संदर्भ और आगे की राह

गौरतलब है कि उत्तर प्रदेश में दलित मतदाताओं की निर्णायक भूमिका रही है और बसपा परंपरागत रूप से इस वर्ग की प्रतिनिधि पार्टी मानी जाती रही है। यह ऐसे समय में आया है जब विपक्षी गठबंधन 'इंडिया' की एकजुटता पर सवाल उठ रहे हैं। मसूद के इस बयान से स्पष्ट है कि कांग्रेस उत्तर प्रदेश में दलित वोट बैंक पर अपनी दावेदारी मजबूत करने की कोशिश में है।

संपादकीय दृष्टिकोण

जो इस दावे की विश्वसनीयता पर सवाल खड़ा करती है। मायावती की 'अकेले चलो' नीति भले ही बसपा को नुकसान पहुँचाए, लेकिन इसका सीधा फायदा कांग्रेस को मिलेगा या सपा को — यह अभी स्पष्ट नहीं है।
RashtraPress
4 सितंबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

इमरान मसूद ने मायावती के अकेले चुनाव लड़ने पर क्या कहा?
कांग्रेस सांसद इमरान मसूद ने कहा कि मायावती के अकेले उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव लड़ने से बसपा का वोट शेयर 12% से घटकर 6% पर आ जाएगा। उन्होंने यह भी कहा कि इस फैसले का नुकसान केवल बसपा को होगा, किसी अन्य दल को नहीं।
क्या दलित मतदाता वाकई कांग्रेस के साथ हैं?
इमरान मसूद का दावा है कि दलित समाज का झुकाव अब कांग्रेस की तरफ है, क्योंकि कांग्रेस ऐतिहासिक रूप से दलितों की पहली पार्टी रही है। हालाँकि यह मसूद का राजनीतिक बयान है; ज़मीनी स्थिति चुनाव परिणामों से ही स्पष्ट होगी।
उत्तर प्रदेश में सपा और कांग्रेस के बीच सीट बंटवारा कब होगा?
इमरान मसूद ने कहा कि सीट बंटवारा कोई बड़ी समस्या नहीं है और इसका फैसला पार्टी स्तर पर हो जाएगा। अभी तक कोई आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है।
आरक्षण पर अनिरुद्धाचार्य के बयान पर इमरान मसूद की क्या प्रतिक्रिया थी?
धर्म गुरु अनिरुद्धाचार्य ने कहा था कि आरक्षण केवल गरीबी रेखा से नीचे वालों को मिलना चाहिए। मसूद ने इसे नकारते हुए कहा कि आरक्षण सामाजिक संतुलन और सदियों से शोषित वर्ग को मुख्यधारा में लाने के लिए दिया गया था।
ओम प्रकाश राजभर के पीडीए वाले बयान पर मसूद ने क्या कहा?
उत्तर प्रदेश के मंत्री ओम प्रकाश राजभर ने कहा था कि पीडीए में 'पी' का मतलब 'पहली हार' है। इस पर मसूद ने पलटवार करते हुए कहा कि राजभर अनाप-शनाप बोलते हैं और उन्होंने खुद उन्हीं के समर्थन से जीत हासिल की थी।
राष्ट्र प्रेस
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