क्या केरल में विधायक राहुल ममकूटथिल को तीन दिन की पुलिस हिरासत का सामना करना पड़ रहा है?
सारांश
Key Takeaways
- राहुल ममकूटथिल को यौन उत्पीड़न मामले में तीन दिन की पुलिस हिरासत मिली है।
- शिकायतकर्ता की मौजूदगी को आगे की पूछताछ के लिए जरूरी माना जा रहा है।
- राजनीतिक दलों की प्रतिक्रिया मामले को और जटिल बना रही है।
तिरुवल्ला, १३ जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। केरल के पलक्कड़ से विधायक राहुल ममकूटथिल की समस्याएँ बढ़ती जा रही हैं। कोर्ट ने मंगलवार को यौन उत्पीड़न मामले में आरोपी ममकूटथिल को तीन दिन की पुलिस हिरासत में भेजने का आदेश दिया।
अभियोजन पक्ष की याचिका स्वीकार करते हुए तिरुवल्ला ज्यूडिशियल फर्स्ट क्लास मजिस्ट्रेट कोर्ट ने गुरुवार को ममकूटथिल को फिर से पेश करने का निर्देश दिया, जबकि जमानत याचिका पर सुनवाई शुक्रवार तक के लिए स्थगित कर दी गई।
अभियोजन ने कहा कि इलेक्ट्रॉनिक और परिस्थितिजन्य सबूतों की जांच और पहले से दर्ज बयानों में विसंगतियों को सत्यापित करने के लिए हिरासत में पूछताछ आवश्यक है।
हालांकि, दो अन्य मामलों में ममकूटथिल को अग्रिम जमानत मिल गई थी। किन्तु इस मामले में उन्हें शनिवार की रात को गिरफ्तार किया गया।
राहुल ममकूटथिल की गिरफ्तारी ने लोगों और राजनीतिज्ञों का ध्यान आकर्षित किया है, क्योंकि यह मामला राज्य में विधानसभा चुनावों के दौरान उभरा है।
जांच और साक्ष्य एकत्रित करने के कार्य में शिकायतकर्ता मंगलवार को कनाडा से केरल आईं। पुलिस के सूत्रों के अनुसार, उनकी उपस्थिति की आवश्यकता है ताकि आगे की पूछताछ और अब तक एकत्रित साक्ष्यों की पुष्टि की जा सके।
इस बीच, कोर्ट परिसर के बाहर स्थिति तनावपूर्ण हो गई, क्योंकि भाजपा और सीपीआई (एम) के युवा विंग के प्रदर्शनकारी इकट्ठा हुए और ममकूटथिल के खिलाफ नारेबाजी करने लगे। पुलिस को कानून-व्यवस्था बनाए रखने में कठिनाई का सामना करना पड़ा, जिसके कारण उन्हें अतिरिक्त फोर्स तैनात करनी पड़ी।
कांग्रेस ने ममकूटथिल को पार्टी से निकालकर खुद को अलग कर लिया है, जबकि विपक्षी दलों ने उनके खिलाफ हमले तेज कर दिए हैं।
कस्टडी में पूछताछ जारी है और शुक्रवार को जमानत की सुनवाई होनी है, इसलिए आने वाले दिन कानूनी और राजनीतिक दृष्टि से महत्वपूर्ण होने की संभावना है।