मेघालय: ₹140 करोड़ की वेलॉई-मावकिरवाट-रंगथोंग सड़क परियोजना शुरू, सीएम संगमा ने रखी आधारशिला
सारांश
मुख्य बातें
मेघालय के मुख्यमंत्री कॉनराड के. संगमा ने 18 अगस्त 2025 को दक्षिण-पश्चिम खासी हिल्स जिले में वेलॉई-मावकिरवाट-रंगथोंग सड़क के ₹140 करोड़ के अपग्रेडेशन कार्य की आधारशिला रखी। राज्य सरकार के अपने संसाधनों से वित्त पोषित इस परियोजना का उद्देश्य दूरदराज के क्षेत्रों में कनेक्टिविटी को सुदृढ़ करना और पर्यटन, कृषि तथा व्यापार को नई गति देना है।
परियोजना की मुख्य विशेषताएँ
यह सड़क परियोजना पूरी तरह राज्य सरकार के स्वयं के बजट से वित्त पोषित है — किसी केंद्रीय अनुदान पर निर्भरता नहीं। मावकिरवाट में आयोजित समारोह में संगमा ने कहा कि बेहतर सड़क इंफ्रास्ट्रक्चर का अर्थ केवल भौतिक संपर्क नहीं, बल्कि स्वास्थ्य सेवाओं, शिक्षा और बाज़ारों तक आसान पहुँच और यात्रा लागत में कमी भी है। अपग्रेड होने के बाद यह मार्ग कृषि उत्पादों की आवाजाही, पर्यटन और स्थानीय उद्यमों के लिए एक प्रमुख आर्थिक धुरी बनेगा।
क्षेत्रीय विकास का व्यापक संदर्भ
संगमा ने बताया कि 2018 से अब तक दक्षिण-पश्चिम खासी हिल्स में ₹850 करोड़ से अधिक की परियोजनाएँ क्रियान्वित की जा चुकी हैं और कुल प्रतिबद्धता अब लगभग ₹990 करोड़ तक पहुँच गई है। इनमें सड़कें, पेयजल, शिक्षा, स्वास्थ्य सेवाएँ और पर्यटन अवसंरचना शामिल हैं। गौरतलब है कि पिछले आठ वर्षों में पूरे मेघालय में 3,200 किलोमीटर से अधिक सड़कें निर्मित की गई हैं — औसतन प्रतिदिन लगभग एक किलोमीटर।
सीएम संगमा का विज़न
मुख्यमंत्री ने मावकिरवाट की सभा में स्पष्ट किया, 'हमारा विज़न हमेशा से साफ रहा है कि कोई भी इलाका या जिला पीछे नहीं छूटना चाहिए। विकास सबसे दूर-दराज के कोनों से शुरू होकर हर गाँव तक पहुँचना चाहिए।' उन्होंने यह भी रेखांकित किया कि 'मेघालय सिर्फ शिलांग तक सीमित नहीं है — हर ज़िले और हर गाँव को समान ध्यान और अवसर मिलना चाहिए।'
कार्यक्रम में उपस्थित प्रमुख जनप्रतिनिधि
इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री प्रेस्टोन टिनसोंग, पर्यटन मंत्री टिमोथी डी. शिरा तथा विधायक रेनिक्टन लिंगदोह, पीयूष मारवेन, ओलन सिंह सुइन और सेलेस्टीन लिंगदोह उपस्थित रहे। वरिष्ठ नेताओं की यह उपस्थिति परियोजना को राज्य सरकार की प्राथमिकता सूची में ऊँचा स्थान देती है।
आगे की राह
अपग्रेड होने के बाद वेलॉई-मावकिरवाट-रंगथोंग मार्ग दक्षिण-पश्चिम खासी हिल्स के समुदायों को मुख्यधारा की अर्थव्यवस्था से जोड़ने वाली एक महत्वपूर्ण कड़ी बनेगा। किसानों, उद्यमियों और पर्यटन व्यवसायों के लिए नए अवसर पैदा होने की उम्मीद है, जो इस पहाड़ी राज्य में संतुलित विकास की दिशा में एक ठोस कदम साबित हो सकता है।