2 अक्टूबर 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

ट्रंप की ईरान को कड़ी चेतावनी: फ्लाईदुबई हमले में साज़िश साबित हुई तो होगा 'बहुत कड़ा हमला'

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
ट्रंप की ईरान को कड़ी चेतावनी: फ्लाईदुबई हमले में साज़िश साबित हुई तो होगा 'बहुत कड़ा हमला'

सारांश

ट्रंप ने फ्लाईदुबई विमान घटना को वैश्विक भू-राजनीतिक संकट में बदल दिया — बिना ठोस सबूत पेश किए ईरान पर 'बहुत कड़े हमले' की धमकी दी। यह तब है जब जाँच अभी जारी है और कोई सार्वजनिक साक्ष्य ईरान की भूमिका नहीं दर्शाता।

मुख्य बातें

राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने 2 अक्टूबर 2026 को कहा कि फ्लाईदुबई हमले में ईरान की साज़िश सिद्ध हुई तो 'बहुत कड़ा हमला' होगा।
ट्रंप ने सुझाया कि को-पायलट का IRGC से संबंध हो सकता है, लेकिन कोई ठोस सबूत नहीं दिया।
ट्रंप का दावा — ईरान में महंगाई 301% , मुद्रा का मूल्य लगभग शून्य, सैन्य क्षमता न के बराबर।
ट्रंप ने ईरान को चेतावनी दी: 'या तो निष्पक्ष समझौता, या अस्तित्व नहीं रहेगा।' ट्रंप ने दोहराया — ईरान को परमाणु हथियार हासिल नहीं करने दिए जाएँगे।
2 अक्टूबर 2026 तक जाँच अधूरी; ईरान की भूमिका का कोई सार्वजनिक साक्ष्य नहीं।

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने 2 अक्टूबर 2026 को व्हाइट हाउस के बाहर पत्रकारों से बातचीत में फ्लाईदुबई विमान घटना को लेकर ईरान को कड़ी चेतावनी दी। उन्होंने कहा कि यदि जाँच में यह सिद्ध हो जाता है कि इस घटना के पीछे ईरान का हाथ था, तो ईरान पर 'बहुत कड़ा हमला' किया जाएगा। हालाँकि, ट्रंप ने स्पष्ट किया कि फिलहाल मामले की जाँच जारी है और उनके पास अभी कोई अंतिम साक्ष्य नहीं है।

ट्रंप ने क्या कहा

ट्रंप टेक्सास रवाना होने से पहले पत्रकारों से मुखातिब थे, जब उनसे पूछा गया कि क्या फ्लाईदुबई की इस घटना में शामिल को-पायलट का ईरान से कोई संबंध था। ट्रंप ने कहा, 'हम अभी इस पर काम कर रहे हैं। वे हमारे साथ पूरी तरह जानकारी साझा कर रहे हैं। मैं कहूँगा कि जो कुछ मैं सुन रहा हूँ, उसके आधार पर जवाब हाँ है, लेकिन हम अभी इसकी जाँच कर रहे हैं।'

जब उनसे पूछा गया कि क्या को-पायलट को ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने भेजा हो सकता है, तो उन्होंने कहा, 'हाँ, ऐसा हो सकता है।' यह उल्लेखनीय है कि ट्रंप ने इन बयानों के साथ कोई ठोस सबूत पेश नहीं किया।

ईरान को अस्तित्व की चेतावनी

बातचीत में आगे ट्रंप से सीधे पूछा गया कि यदि ईरान की संलिप्तता साबित हुई तो अमेरिका क्या करेगा। ट्रंप ने कहा, 'उन पर बहुत कड़ा हमला होगा। चिंता मत कीजिए। आप बस उनसे पूछिए। उन्हें पता है कि क्या हुआ है। उन पर बहुत कड़ा हमला होगा।' इसके अलावा ट्रंप ने कहा, 'या तो वे एक बहुत निष्पक्ष समझौते पर हस्ताक्षर करेंगे, या फिर उनका अस्तित्व नहीं रहेगा।' यह भाषा अमेरिका-ईरान के बीच पहले से तनावपूर्ण संबंधों को और तीव्र करती है।

ईरान की आर्थिक-सैन्य स्थिति पर टिप्पणी

ट्रंप ने ईरान की मौजूदा स्थिति का चित्रण करते हुए दावा किया कि ईरान में महंगाई दर 301 प्रतिशत तक पहुँच चुकी है, उसकी मुद्रा का मूल्य लगभग शून्य हो गया है, और उसके पास कोई उल्लेखनीय सैन्य बल नहीं बचा है। उन्होंने यह भी दावा किया कि अमेरिका अब होर्मुज़ जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) से युद्धकाल से भी अधिक तेल निकाल रहा है। ट्रंप ने कहा, 'पिछले दो दिनों में हमने जलडमरूमध्य के इतिहास में किसी भी समय से ज़्यादा तेल निकाला है।'

परमाणु हथियार और मध्यावधि चुनाव

ट्रंप ने एक बार फिर दोहराया कि ईरान को किसी भी कीमत पर परमाणु हथियार हासिल नहीं करने दिए जाएँगे। उन्होंने कहा, 'उनके पास परमाणु हथियार नहीं हो सकते और न ही होंगे।' जब उनसे पूछा गया कि ईरान के साथ संभावित युद्ध का अमेरिकी मध्यावधि चुनावों पर क्या असर पड़ेगा, तो ट्रंप ने माना कि इसका राजनीतिक प्रभाव हो सकता है, लेकिन कहा कि ईरान को परमाणु हथियार रोकना राजनीतिक रूप से उनके लिए 'फायदेमंद होना चाहिए।'

फ्लाईदुबई घटना: पृष्ठभूमि

यह घटना दुबई से इज़रायल जा रही एक फ्लाईदुबई उड़ान में हुई थी। आरोप है कि को-पायलट ने भारतीय कैप्टन पर हमला किया और विमान को क्रैश कराने की कोशिश की। कैप्टन किसी तरह कॉकपिट का दरवाज़ा खोलने में सफल रहे, जिसके बाद विमान में मौजूद अन्य लोगों ने हस्तक्षेप कर उसे सुरक्षित सऊदी अरब में उतारा। कई देशों के अधिकारी इस घटना की जाँच कर रहे हैं। 2 अक्टूबर 2026 तक कोई सार्वजनिक साक्ष्य सामने नहीं आया था जो इस मामले में ईरान की भूमिका को सिद्ध करता हो। यह ऐसे समय में आया है जब अमेरिका और ईरान के बीच परमाणु वार्ता और क्षेत्रीय तनाव दोनों चरम पर हैं।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

फ्लाईदुबई विमान घटना क्या है?
यह दुबई से इज़रायल जा रही फ्लाईदुबई की उड़ान में हुई घटना है, जिसमें को-पायलट पर भारतीय कैप्टन पर हमला करने और विमान क्रैश कराने की कोशिश का आरोप है। कैप्टन ने कॉकपिट का दरवाज़ा खोला, अन्य यात्रियों ने हस्तक्षेप किया और विमान सुरक्षित सऊदी अरब में उतारा गया।
ट्रंप ने ईरान को क्या चेतावनी दी?
ट्रंप ने कहा कि यदि जाँच में साबित हुआ कि फ्लाईदुबई हमले के पीछे ईरान का हाथ था, तो ईरान पर 'बहुत कड़ा हमला' किया जाएगा। उन्होंने यह भी कहा कि ईरान को 'या तो निष्पक्ष समझौते पर हस्ताक्षर करने होंगे, या उनका अस्तित्व नहीं रहेगा।'
क्या ईरान की घटना में संलिप्तता का कोई सबूत है?
2 अक्टूबर 2026 तक कोई सार्वजनिक साक्ष्य सामने नहीं आया जो ईरान की भूमिका सिद्ध करता हो। कई देशों के अधिकारी जाँच कर रहे हैं और ट्रंप ने खुद कहा कि अभी जाँच जारी है।
ट्रंप ने IRGC के बारे में क्या कहा?
जब पूछा गया कि क्या को-पायलट को ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने भेजा हो सकता है, तो ट्रंप ने कहा, 'हाँ, ऐसा हो सकता है।' हालाँकि उन्होंने इस पर कोई साक्ष्य नहीं दिया।
ट्रंप ने होर्मुज़ जलडमरूमध्य के बारे में क्या दावा किया?
ट्रंप ने दावा किया कि अमेरिका पिछले दो दिनों में होर्मुज़ जलडमरूमध्य से इतिहास में किसी भी समय से अधिक तेल निकाल रहा है, जिसमें युद्धकाल भी शामिल है। इन दावों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 4 सप्ताह पहले
  2. 2 महीने पहले
  3. 2 महीने पहले
  4. 6 महीने पहले
  5. 8 महीने पहले
  6. 9 महीने पहले
  7. 1 साल पहले
  8. 1 साल पहले