UP मानसून सत्र: सपा के आरोपों पर भाजपा का पलटवार, मंत्री कश्यप बोले — 'विकास एजेंडे के साथ सदन में जाएगी सरकार'
सारांश
मुख्य बातें
उत्तर प्रदेश विधानसभा के मानसून सत्र की अवधि को लेकर लखनऊ में सत्तापक्ष और विपक्ष के बीच राजनीतिक तनाव 3 अगस्त को उस समय और गहरा गया जब समाजवादी पार्टी (सपा) ने योगी आदित्यनाथ सरकार पर जनता के ज्वलंत मुद्दों से बचने के लिए सत्र को जानबूझकर छोटा रखने का आरोप लगाया। इन आरोपों को भारतीय जनता पार्टी (BJP) के मंत्रियों ने सिरे से खारिज करते हुए कहा कि सरकार विकास और जनहित के ठोस एजेंडे के साथ सदन में उपस्थित होगी।
मंत्री कश्यप का बयान: विकास पर रहेगा जोर
उत्तर प्रदेश सरकार के मंत्री नरेंद्र कश्यप ने कहा कि मानसून सत्र प्रदेश की प्रगति के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण होगा। उन्होंने बताया कि सरकार कई विकास परियोजनाओं को गति देने के लिए अनुपूरक बजट लाएगी, जिससे आवश्यक वित्तीय प्रावधान सुनिश्चित किए जाएंगे। कश्यप ने स्पष्ट किया कि सदन का उपयोग कानून निर्माण और विकास योजनाओं को आगे बढ़ाने के लिए पूरी तरह किया जाएगा।
सपा पर पलटवार: 'पहले अपना रिकॉर्ड देखें'
सत्र की अवधि कम रखने के सपा के आरोपों पर नरेंद्र कश्यप ने कहा कि समाजवादी पार्टी को पहले अपने शासनकाल का रिकॉर्ड देखना चाहिए। उन्होंने दावा किया कि BJP सरकार के दौरान सदन पहले की तुलना में अधिक दिनों तक चला है। कश्यप ने यह भी आरोप लगाया कि सपा विधायक सदन की कार्यवाही को बाधित करते हैं और जाति तथा धर्म के मुद्दों को उठाकर विकास से जुड़े विषयों से ध्यान भटकाते हैं। उनके अनुसार, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के प्रयासों में विपक्ष बाधा डालने का काम करता है।
विपक्ष की भूमिका पर सवाल
मंत्री नरेंद्र कश्यप ने कहा कि लोकसभा, राज्यसभा, विधानसभा और विधान परिषद — सभी मंचों पर विपक्ष का रवैया लोकतांत्रिक चर्चा के बजाय व्यवधान पैदा करने का रहा है। उन्होंने कहा कि स्वस्थ लोकतंत्र में विपक्ष को रचनात्मक सुझाव देने चाहिए, लेकिन सपा केवल विरोध के लिए विरोध कर रही है। उन्होंने यह भी कहा कि प्रदेश की जनता 2027 के विधानसभा चुनाव में एक बार फिर BJP को सत्ता सौंपेगी।
पप्पू यादव प्रकरण पर प्रतिक्रिया
पूर्णिया के सांसद पप्पू यादव पर हुए हमले से जुड़े सवाल पर नरेंद्र कश्यप ने कहा कि संसद देश के महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा का पवित्र मंच है। उन्होंने कहा कि वहाँ संत का वेश धारण कर प्रदर्शन करना और भगवान राम की फोटो को किसी के चरणों में ले जाना संत समाज और सनातन परंपरा का अपमान है। उनके अनुसार, ऐसे कृत्यों पर सनातनी समाज अपनी प्रतिक्रिया अवश्य देगा।
मंत्री अग्रवाल का सपा पर निशाना
उत्तर प्रदेश सरकार के मंत्री कपिल देव अग्रवाल ने भी सपा पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि विपक्ष के पास जनता से जुड़े मुद्दे नहीं बचे हैं, इसलिए वह राम मंदिर और धार्मिक विषयों पर राजनीति करने में लगा है। अग्रवाल ने कहा कि जिन लोगों ने अतीत में रामभक्तों पर लाठियाँ चलवाईं और भगवान राम के अस्तित्व पर सवाल उठाए, वही आज सनातन संस्कृति की बात कर रहे हैं। यह बयानबाजी ऐसे समय में आई है जब UP विधानसभा चुनाव 2027 की तैयारियाँ दोनों दलों में तेज हो रही हैं।