19 अगस्त 2026
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मुजफ्फरपुर: 102 एंबुलेंस से 200 ग्राम गांजा और देसी कट्टा बरामद, चालक-टेक्नीशियन गिरफ्तार

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मुजफ्फरपुर: 102 एंबुलेंस से 200 ग्राम गांजा और देसी कट्टा बरामद, चालक-टेक्नीशियन गिरफ्तार

सारांश

मुजफ्फरपुर में सरकारी 102 एंबुलेंस तस्करी का जरिया बनी — 17 अगस्त की देर रात पुलिस ने मेडिकल कॉलेज के सुपर स्पेशलिटी ब्लॉक के पास 200 ग्राम गांजा और एक देसी कट्टा बरामद किया। चालक और टेक्नीशियन गिरफ्तार; पूरे नेटवर्क की जाँच जारी।

मुख्य बातें

17 अगस्त 2026 की देर रात मुजफ्फरपुर के मेडिकल कॉलेज सुपर स्पेशलिटी ब्लॉक के पास सरकारी 102 एंबुलेंस से 200 ग्राम गांजा और एक देसी कट्टा बरामद।
चालक सरबजीत कुमार (तुर्की थाना) और टेक्नीशियन मनोहर कुमार (औराई थाना) गिरफ्तार।
सिटी एसपी मोहिबुल्लाह अंसारी ने मामले को 'बेहद गंभीर' बताया; एंबुलेंस बोंचांहा से मेडिकल कॉलेज तक आई थी।
पुलिस दोनों आरोपियों के आपराधिक इतिहास की जाँच कर रही है और तस्करी नेटवर्क का पता लगाने में जुटी है।
जाँच में यह भी देखा जा रहा है कि एंबुलेंस का पहले भी अवैध गतिविधियों के लिए उपयोग हुआ था या नहीं।

मुजफ्फरपुर में सरकारी 102 एंबुलेंस सेवा को गांजा और हथियार तस्करी के लिए इस्तेमाल किए जाने का चौंकाने वाला मामला सामने आया है। 17 अगस्त 2026 की देर रात पुलिस ने मेडिकल कॉलेज के सुपर स्पेशलिटी ब्लॉक के निकट खड़ी एक 102 नंबर एंबुलेंस से 200 ग्राम गांजा और एक देसी कट्टा जब्त किया। इस कार्रवाई में एंबुलेंस चालक सरबजीत कुमार और टेक्नीशियन मनोहर कुमार को मौके से गिरफ्तार कर लिया गया।

मुख्य घटनाक्रम

पुलिस के अनुसार, मेडिकल कॉलेज परिसर स्थित आउटपोस्ट को गुप्त सूचना मिली कि सुपर स्पेशलिटी ब्लॉक के पास खड़ी एक एंबुलेंस में गांजा और अवैध हथियार छुपाए गए हैं। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने तत्काल कार्रवाई करते हुए एंबुलेंस को घेर लिया और विधिवत तलाशी ली। तलाशी में 200 ग्राम गांजा और एक देसी कट्टा बरामद हुआ, जिसे पुलिस ने जब्त कर लिया।

गिरफ्तार आरोपी कौन हैं

गिरफ्तार एंबुलेंस चालक सरबजीत कुमार तुर्की थाना क्षेत्र का निवासी बताया जा रहा है, जबकि टेक्नीशियन मनोहर कुमार औराई थाना क्षेत्र का रहने वाला है। पुलिस दोनों के आपराधिक इतिहास की भी पड़ताल कर रही है। दोनों आरोपियों से फिलहाल गहन पूछताछ जारी है।

सिटी एसपी की प्रतिक्रिया

सिटी एसपी मोहिबुल्लाह अंसारी ने इस मामले को अत्यंत गंभीर बताया। उन्होंने कहा कि सरकारी एंबुलेंस में हथियार और नशीले पदार्थ लेकर परिचालन करना किसी भी दृष्टि से स्वीकार्य नहीं है। उनके मुताबिक, यह 102 एंबुलेंस बोंचांहा से चलकर मेडिकल कॉलेज के सुपर स्पेशलिटी ब्लॉक तक पहुँची थी।

जाँच का दायरा

पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि गांजा और कट्टा एंबुलेंस में कब और कहाँ रखा गया था। यह भी जाँच की जा रही है कि क्या इस एंबुलेंस का उपयोग पहले भी किसी अवैध गतिविधि के लिए होता रहा है। गौरतलब है कि सरकारी स्वास्थ्य सेवा वाहनों का इस तरह दुरुपयोग सार्वजनिक स्वास्थ्य तंत्र की विश्वसनीयता पर गंभीर सवाल खड़े करता है।

आगे क्या होगा

जाँच अधिकारियों को उम्मीद है कि आरोपियों की पूछताछ और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर इस तस्करी नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों तक पहुँचा जा सकेगा। मामले में आगे की कार्रवाई जारी है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन हर बार जाँच के बाद व्यापक सुधार की बजाय सिर्फ व्यक्तिगत गिरफ्तारी पर बात खत्म हो जाती है। असली सवाल यह है कि एंबुलेंस सेवा प्रदाताओं की नियमित जाँच और GPS ट्रैकिंग का उपयोग क्यों नहीं हो रहा। बिना प्रणालीगत सुधार के, ऐसे मामले दोहराते रहेंगे।
RashtraPress
19 अगस्त 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

मुजफ्फरपुर 102 एंबुलेंस से क्या बरामद हुआ?
पुलिस ने 17 अगस्त 2026 की देर रात मेडिकल कॉलेज के सुपर स्पेशलिटी ब्लॉक के पास खड़ी 102 सरकारी एंबुलेंस से 200 ग्राम गांजा और एक देसी कट्टा बरामद किया। दोनों चीजें जब्त कर ली गई हैं।
इस मामले में किसे गिरफ्तार किया गया है?
एंबुलेंस चालक सरबजीत कुमार और टेक्नीशियन मनोहर कुमार को मौके से गिरफ्तार किया गया है। सरबजीत तुर्की थाना क्षेत्र का और मनोहर औराई थाना क्षेत्र का निवासी बताया जा रहा है।
यह एंबुलेंस कहाँ से कहाँ जा रही थी?
सिटी एसपी मोहिबुल्लाह अंसारी के अनुसार, यह 102 एंबुलेंस बोंचांहा से मुजफ्फरपुर मेडिकल कॉलेज के सुपर स्पेशलिटी ब्लॉक तक आई थी। पुलिस पूरे रूट की जाँच कर रही है।
पुलिस अब इस मामले में आगे क्या कर रही है?
पुलिस आरोपियों से गहन पूछताछ कर रही है और यह पता लगाने की कोशिश में है कि गांजा व कट्टा एंबुलेंस में कब और कहाँ रखा गया। साथ ही दोनों के आपराधिक इतिहास की भी जाँच की जा रही है।
क्या इस एंबुलेंस का पहले भी अवैध गतिविधियों में उपयोग हुआ था?
पुलिस इस पहलू की भी जाँच कर रही है। अभी तक इसकी पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन अधिकारियों का कहना है कि पूछताछ और साक्ष्यों के आधार पर इससे जुड़े पूरे नेटवर्क का पर्दाफाश किया जाएगा।
राष्ट्र प्रेस
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