तमिलनाडु BJP अध्यक्ष नैनार नागेंद्रन का दीपावली संदेश, भारत को अस्थिर करने वाली ताकतों को कड़ी चेतावनी
सारांश
मुख्य बातें
तमिलनाडु भारतीय जनता पार्टी (BJP) के अध्यक्ष नैनार नागेंद्रन ने 7 नवंबर 2026 को दुनिया भर के तमिल समुदाय को दीपावली की शुभकामनाएं दीं और साथ ही देश को अस्थिर करने की कोशिश करने वाली भीतरी व बाहरी ताकतों के विरुद्ध कड़ी चेतावनी जारी की। उन्होंने यह संदेश सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर साझा किया, जिसमें त्योहार की आध्यात्मिक महत्ता के साथ-साथ एक तीखा राजनीतिक सन्देश भी जोड़ा गया।
दीपावली का सांस्कृतिक और आध्यात्मिक महत्व
नागेंद्रन ने दीपावली को अन्याय पर न्याय की और अंधकार पर प्रकाश की जीत का प्रतीक बताया। उनके अनुसार यह पर्व अज्ञानता के नाश और सच्चे ज्ञान के उदय का उत्सव है, जो भारत की समृद्ध आध्यात्मिक एवं सांस्कृतिक विरासत को प्रतिबिंबित करता है।
उन्होंने पारंपरिक रीति-रिवाजों — जैसे सुबह जल्दी तेल से स्नान, नए वस्त्र धारण करना, पटाखे फोड़ना, दीये जलाना और परिजनों के साथ मिठाइयाँ बाँटना — को केवल सामाजिक परंपरा नहीं, बल्कि देश की सांस्कृतिक पहचान की अभिव्यक्ति बताया। उनके अनुसार ये परंपराएँ पारिवारिक बंधनों को मजबूत करने के साथ-साथ राष्ट्रीय एकता की जड़ों को भी सींचती हैं।
प्रधानमंत्री मोदी की सराहना
तमिलनाडु BJP प्रमुख ने अपने संदेश में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व की सराहना करते हुए कहा कि भारत फिलहाल विकास के एक 'स्वर्णिम युग' से गुजर रहा है और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर देश की प्रतिष्ठा निरंतर बढ़ रही है। उन्होंने कहा कि मोदी के दूरदर्शी नेतृत्व में देश 'विकसित भारत' के महत्वाकांक्षी लक्ष्य की ओर तेज़ी से अग्रसर है।
विशेष रूप से नागेंद्रन ने तमिल भाषा और तमिल लोगों की आध्यात्मिक परंपराओं को राष्ट्रीय स्तर पर बढ़ावा देने के लिए प्रधानमंत्री के प्रयासों को ऐतिहासिक रूप से महत्वपूर्ण बताया।
भारत को अस्थिर करने वाली ताकतों पर चेतावनी
दीपावली शुभकामनाओं के साथ नागेंद्रन ने एक तीखी राजनीतिक चेतावनी भी दी। उन्होंने आरोप लगाया कि देश के भीतर और बाहर कुछ ऐसे तत्व मौजूद हैं जो भारत की बढ़ती आर्थिक ताकत और अंतरराष्ट्रीय प्रभाव को स्वीकार नहीं कर पा रहे। कथित तौर पर ये ताकतें लोकतंत्र की आड़ में 'बनावटी विरोध-प्रदर्शन' आयोजित कर देश की शांति भंग करने और 'अप्रत्यक्ष रूप से सरकार को बदलने' की कोशिश कर रही हैं।
गौरतलब है कि नागेंद्रन ने किसी विशेष संगठन या राजनीतिक दल का नाम नहीं लिया। उन्होंने कहा कि 140 करोड़ भारतीयों की सामूहिक शक्ति के सामने ऐसी किसी भी कोशिश को अंततः विफल होना ही है।
स्थानीय उद्योगों के समर्थन की अपील
नागेंद्रन ने लोगों से आग्रह किया कि वे दीपावली का उत्सव पारंपरिक स्थानीय उद्यमों को प्रोत्साहन देकर मनाएं — विशेष रूप से तमिलनाडु के पटाखा निर्माताओं, बुनकरों और कारीगरों के उत्पादों को खरीदकर। उनका तर्क था कि ऐसा करने से पारंपरिक व्यवसायों को बनाए रखने में सहायता मिलेगी और इन उद्योगों पर आजीविका के लिए निर्भर हज़ारों परिवारों के जीवन में समृद्धि आएगी।
संदेश का मर्म
दीपावली के प्रतीक का उल्लेख करते हुए राज्य BJP प्रमुख ने कहा कि जिस तरह एक छोटी-सी लौ घने अंधेरे को चीर सकती है, उसी तरह भारतवासियों की एकता और दृढ़ संकल्प उन ताकतों को परास्त करेगा जो देश की स्थिरता को कमज़ोर करना चाहती हैं। यह संदेश ऐसे समय में आया है जब तमिलनाडु में BJP अपनी उपस्थिति को और मज़बूत करने की कोशिश में है और केंद्र-राज्य राजनीतिक समीकरण सक्रिय बने हुए हैं।