ग्रेटर नोएडा में नकली सोना ठगी गिरोह का भंडाफोड़, पाँच गिरफ्तार; ₹3 लाख नकद व 8 किलो पीली धातु बरामद
सारांश
मुख्य बातें
ग्रेटर नोएडा के बिसरख थाना पुलिस ने 14 अगस्त 2026 को नकली सोना दिखाकर आम लोगों को ठगने वाले एक सुनियोजित गिरोह का पर्दाफाश किया। पुलिस ने इस गिरोह के चार पुरुष आरोपियों और एक महिला आरोपी समेत कुल पाँच सदस्यों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से ₹3 लाख नकद, 8 किलो 562 ग्राम पीली धातु, कई मोबाइल फोन और एक अवैध चाकू बरामद किया गया है।
ठगी का तरीका
पुलिस के अनुसार, गिरोह के सदस्य एक सोची-समझी रणनीति के तहत काम करते थे। पहले एक आरोपी किसी एकांत स्थान पर पीड़ित के पास बैठ जाता था। इसके बाद दूसरा आरोपी वहाँ पहुँचकर खुद को बेरोजगार बताता और दावा करता कि उसके पास बड़ी रकम है। पहला आरोपी फिर पीड़ित को यह कहकर लालच देता कि तीनों मिलकर उस रकम को आपस में बाँट सकते हैं।
विश्वास जीतने के लिए आरोपी अपनी सोने की अंगूठी (जो वास्तव में नकली होती थी) देने का नाटक करते और पीड़ित से भी असली ज्वैलरी माँगते। इसके अलावा, आरोपी कागजों की गड्डी के ऊपर-नीचे असली नोट लगाकर बड़ी रकम होने का भ्रम पैदा करते थे। ज्वैलरी या नकदी हाथ में आते ही दोनों आरोपी मौके से फरार हो जाते थे।
मुख्य घटनाक्रम
10 जुलाई 2026 को फ्यूजन होम्स सोसाइटी की मार्केट में एक महिला के साथ इसी तरीके से ठगी की घटना सामने आई। आरोपियों ने उस महिला से उसकी गले की चेन और कान के कुंडल ले लिए और मौके से फरार हो गए। शिकायत मिलते ही बिसरख थाने में मुकदमा दर्ज किया गया।
पुलिस ने इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस, सीसीटीवी फुटेज और स्थानीय खुफिया सूचना के आधार पर आरोपियों की पहचान की। शुक्रवार को पुलिस टीम ने नेफोवा छठ घाट की ग्रीन बेल्ट से सभी पाँचों आरोपियों को एक साथ गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तार आरोपियों का विवरण
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान किशोर राय (लगभग 42 वर्ष), विशाल राय (लगभग 21 वर्ष), संजू राय (लगभग 30 वर्ष), सेवा राम राय (लगभग 60 वर्ष) और मीना (लगभग 56 वर्ष) के रूप में हुई है। सभी मूल रूप से फिरोजाबाद के जैन नगर क्षेत्र के निवासी हैं और गिरफ्तारी से पहले शाहबेरी के युसुफपुर चक में रह रहे थे।
आरोपी संजू राय के कब्जे से एक अवैध चाकू भी बरामद किया गया है।
बरामदगी का ब्योरा
पुलिस के मुताबिक, आरोपियों के पास से पीली धातु के दो मोतियों के गुच्छे (कुल वजन 5 किलो 224 ग्राम) और पीली धातु के सिक्के (वजन 3 किलो 338 ग्राम) बरामद हुए हैं। इसके अलावा ₹3 लाख नकद, 10 कीपैड मोबाइल फोन, 9 मोबाइल बैटरी और 6 स्मार्टफोन भी जब्त किए गए हैं।
आगे की जाँच
पुलिस अब आरोपियों से गहन पूछताछ कर यह पता लगाने में जुटी है कि इस गिरोह ने अब तक कितने लोगों को इसी तरह ठगी का शिकार बनाया है। बरामद पीली धातु और नकदी का किन-किन घटनाओं में इस्तेमाल हुआ, यह भी जाँच का हिस्सा है। यह मामला इस बात की याद दिलाता है कि सार्वजनिक स्थानों पर अनजान व्यक्तियों के 'लालच वाले प्रस्तावों' से सतर्क रहना कितना ज़रूरी है।