NDA के 150वें कोर्स की पासिंग आउट परेड में सारंग टीम का हवाई जलवा, महिला कैडेट्स का तीसरा बैच होगा ग्रेजुएट
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय वायु सेना की विश्वप्रसिद्ध सारंग हेलीकॉप्टर डिस्प्ले टीम नेशनल डिफेंस एकेडमी (NDA) के 150वें कोर्स की पासिंग आउट परेड में रोमांचक हवाई प्रदर्शन करेगी। पुणे में आयोजित यह ऐतिहासिक परेड दोहरे कारणों से विशेष है — यह NDA का 150वाँ कोर्स है और इसी अवसर पर महिला कैडेट्स के तीसरे बैच का ग्रेजुएशन भी होगा।
मुख्य आकर्षण: सारंग टीम का एएलएच ध्रुव से प्रदर्शन
सारंग टीम अपने स्वदेशी एएलएच ध्रुव हेलीकॉप्टरों के ज़रिए आसमान में जटिल और रोमांचक एरियल फॉर्मेशन प्रस्तुत करेगी। रंग-बिरंगे हेलीकॉप्टरों में सटीक उड़ान कौशल का यह प्रदर्शन भारत की आत्मनिर्भर रक्षा तकनीक और आधुनिक विमानन क्षमता का प्रतीक माना जा रहा है। एएलएच ध्रुव पूरी तरह स्वदेशी तकनीक से विकसित है, जो वैश्विक मंच पर भारत की रक्षा निर्माण क्षमता को रेखांकित करता है।
सारंग टीम: इतिहास और पहचान
सारंग टीम की स्थापना वर्ष 2003 में की गई थी। टीम के एक पायलट के अनुसार, 'सारंग' नाम संस्कृत से लिया गया है, जिसका अर्थ मोर है — सौंदर्य, गौरव और शक्ति का प्रतीक। टीम का उद्देश्य भारतीय वायुसेना की पेशेवर क्षमता और स्वदेशी हेलीकॉप्टरों की दक्षता को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय मंचों पर प्रदर्शित करना है।
पायलटों की ज़बानी: अनुशासन और कठिन ट्रेनिंग
सारंग टीम के एक हेलीकॉप्टर पायलट ने बताया कि दर्शकों को नीचे से यह प्रदर्शन जितना रोमांचक दिखता है, उसके पीछे वर्षों की कठिन ट्रेनिंग और अनुशासन होता है। उन्होंने कहा, 'एक शानदार प्रदर्शन के लिए हमें लगातार अभ्यास करना पड़ता है। हर छोटी-बड़ी बात का बेहद बारीकी से ध्यान रखा जाता है। इसमें प्लानिंग, स्किल और अनुशासन का विशेष महत्व होता है। भारतीय वायुसेना में सेवा करना और सारंग जैसे प्रतिष्ठित हेलीकॉप्टर डिस्प्ले दल का हिस्सा बनना गर्व की बात है।' पायलट ने यह भी स्पष्ट किया कि हवाई प्रदर्शन के दौरान सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता होती है और हर नियम का सख्ती से पालन किया जाता है।
महिला कैडेट्स का तीसरा बैच: ऐतिहासिक पल
यह परेड इस लिहाज़ से भी ऐतिहासिक है कि इसमें महिला कैडेट्स का तीसरा बैच ग्रेजुएट होगा। NDA में महिला कैडेट्स का प्रवेश भारतीय सशस्त्र बलों में समावेशिता की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम रहा है। यह ग्रेजुएशन सैन्य परंपराओं और बदलते भारत दोनों का प्रतिनिधित्व करती है।
आगे क्या
यह परेड NDA की गौरवशाली परंपरा में एक और स्वर्णिम अध्याय जोड़ेगी। सारंग टीम के प्रदर्शन और महिला कैडेट्स के ग्रेजुएशन के साथ, 27 मई 2026 का यह आयोजन भारतीय रक्षा इतिहास में दर्ज होगा।