नेस्को ड्रग ओवरडोज केस: मुख्य आरोपी का जुड़वा भाई निक खेमलानी गिरफ्तार, 14वीं गिरफ्तारी
सारांश
मुख्य बातें
मुंबई की वनराई पुलिस ने नेस्को ड्रग ओवरडोज मामले में एक और बड़ी सफलता हासिल करते हुए मुख्य आरोपी महेश उर्फ मार्क खेमलानी के जुड़वा भाई नितेश उर्फ निक खेमलानी को गिरफ्तार किया है। यह इस मामले में अब तक की 14वीं गिरफ्तारी है। गोरेगांव के नेस्को प्रदर्शनी केंद्र में 11 अप्रैल को आयोजित एक टेक्नो म्यूजिक कॉन्सर्ट के दौरान ड्रग्स के ओवरडोज से मैनेजमेंट के दो छात्रों की मौत हो गई थी।
गिरफ्तारी और न्यायिक हिरासत
पुलिस ने निक खेमलानी को शुक्रवार को अदालत में पेश किया, जहाँ से उसे 13 जुलाई तक पुलिस हिरासत में भेज दिया गया। अधिकारियों के अनुसार, यह गिरफ्तारी ड्रग नेटवर्क के वित्तीय लेन-देन की गहन जाँच के बाद संभव हुई। जाँच में निक और पहले से गिरफ्तार आरोपियों के बीच संदिग्ध धन-प्रवाह का खुलासा हुआ है।
ड्रग सिंडिकेट का आर्थिक नेटवर्क
वनराई पुलिस अब निक खेमलानी से पूछताछ कर इस ड्रग सिंडिकेट की पूरी फंडिंग संरचना और वित्तीय स्रोतों का पता लगाने में जुटी है। अधिकारियों का कहना है कि इस मामले में आने वाले दिनों में और बड़े खुलासे हो सकते हैं। गौरतलब है कि निक, मास्टरमाइंड मार्क खेमलानी का जुड़वा भाई है — यह संबंध जाँचकर्ताओं के लिए एक अहम कड़ी माना जा रहा है।
कॉन्सर्ट में क्या हुआ था
मुंबई के एक प्रतिष्ठित मैनेजमेंट कॉलेज के करीब 19 छात्र 11 अप्रैल को नेस्को सेंटर में आयोजित लाइव म्यूजिक कॉन्सर्ट में शामिल हुए थे। जाँच में सामने आया कि छात्रों ने 'मर्सिडीज' नाम की एक्स्टसी गोलियों का सेवन किया था, जिसके ओवरडोज से दो छात्रों की जान चली गई।
एंटी नारकोटिक सेल की समानांतर कार्रवाई
इसी बीच, मुंबई पुलिस की एंटी नारकोटिक सेल की कांदिवली यूनिट ने एक अलग बड़े ऑपरेशन में ₹50 करोड़ की एमडी ड्रग्स जब्त कर दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस को संदेह है कि मुंबई में एमडी ड्रग्स का एक बड़ा सिंडिकेट सक्रिय है, जिसके तार दूसरे राज्यों से भी जुड़े हो सकते हैं।
आगे क्या होगा
यह मामला अब ड्रग तस्करी के वित्तीय नेटवर्क की जाँच की दिशा में मुड़ गया है। 13 जुलाई तक चलने वाली पुलिस हिरासत में निक खेमलानी से पूछताछ से सिंडिकेट की फंडिंग चेन और अन्य संभावित आरोपियों के नाम सामने आने की उम्मीद है।