क्या राहुल गांधी को नेता प्रतिपक्ष से हटाने की मांग उचित है?
सारांश
Key Takeaways
- राहुल गांधी का नेता प्रतिपक्ष का पद संविधान द्वारा निर्धारित है।
- जगतगुरु रामभद्राचार्य का बयान राजनीतिक हस्तक्षेप की ओर इशारा करता है।
- आस्था और राजनीति के बीच की रेखा को समझना आवश्यक है।
- कांग्रेस पार्टी ने जगतगुरु के बयान की निंदा की है।
- राजनीतिक मांगों का आधार स्पष्ट होना चाहिए।
विजयवाड़ा, 9 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। आंध्र प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष वी. गुरुनादम ने जगतगुरु रामभद्राचार्य के उस बयान की कड़ी निंदा की है, जिसमें उन्होंने कांग्रेस नेता राहुल गांधी को नेता प्रतिपक्ष के पद से हटाने की मांग की।
उन्होंने शुक्रवार को समाचार एजेंसी राष्ट्र प्रेस से बातचीत में कहा कि आखिर आप किस आधार पर कांग्रेस नेता राहुल गांधी को नेता प्रतिपक्ष के पद से हटाने की मांग कर सकते हैं। क्या आप भाजपा के नेता या उनके किसी सैनिक हैं? अगर नहीं हैं, तो भला आप किस आधार पर राहुल गांधी को नेता प्रतिपक्ष से हटाने की मांग कर सकते हैं। आपकी मांग पूरी तरह से अनुचित है।
आंध्र प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष ने जगतगुरु पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि आपका काम आस्था से जुड़ा हुआ है। ऐसी स्थिति में आपके लिए यह बेहतर रहेगा कि आप राजनीति से जुड़े मुद्दों पर किसी प्रकार का हस्तक्षेप न करें। इस तरह की मांग आप कैसे कर सकते हैं।
उन्होंने कहा कि जगतगुरु का बयान पूरी तरह से अजीब है। आप जगतगुरु हैं। ऐसी स्थिति में आप भला इस तरह का बयान कैसे दे सकते हैं। यह पूरी तरह से अनुचित है। आप अपना मतलब आस्था से रखिए, इन चीजों से नहीं। लेकिन, अगर आप राजनीति से जुड़े मुद्दे पर हस्तक्षेप करेंगे, तो जाहिर सी बात है कि ऐसी स्थिति में आपको अपने नाम से जगतगुरु जैसे शब्द हटा लेने चाहिए। ऐसे शब्दों को अपने नाम के आगे लगाने का आपके लिए कोई मतलब नहीं रह जाता है।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस नेता राहुल गांधी को नेता प्रतिपक्ष से हटाए जाने की जरूरत नहीं है। राहुल गांधी इस देश के नायक हैं। वो जनता से जुड़े मुद्दों को पूरे जोर शोर से उठा रहे हैं। वो जनता के हितों को प्राथमिकता दे रहे हैं। ऐसी स्थिति में आपके लिए यह जरूरी हो जाता है कि आप किसी भी सूरत में राहुल गांधी को नेता प्रतिपक्ष के पद से हटाने की मांग पूरी तरह से अर्थहीन है।
अध्यक्ष ने कहा कि इस देश में नेता प्रतिपक्ष का पद संविधान की तरफ से सृजित किया गया है। ये पद केंद्र सरकार या किसी राजनीतिक दल की तरफ से सृजित नहीं किया गया है। ऐसी स्थिति में राहुल गांधी को नेता प्रतिपक्ष से हटाए जाने की मांग करने वाले जगतगुरु कौन होते हैं?
उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी जगतगुरु के इस बयान की निंदा करती है। ईश्वर आपको कभी माफ नहीं करेगा। आप ईश्वर की शक्ति से अनजान हैं। आपने अपने नाम के आगे जगतगुरु शब्द लगा रखा है, लेकिन मौजूदा समय में आपने जिस तरह का बयान दिया है, उससे आपने अपने नाम की गरिमा को मिट्टी में मिला दिया है।