14 सितंबर 2026
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राजस्थान नगर निगम चुनाव 2026: 309 शहरी निकायों के नतीजे आज, 38,889 उम्मीदवारों का भाग्य तय

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राजस्थान नगर निगम चुनाव 2026: 309 शहरी निकायों के नतीजे आज, 38,889 उम्मीदवारों का भाग्य तय

सारांश

राजस्थान में 309 शहरी निकायों के नतीजे आज एक साथ आ रहे हैं — यह राज्य का पहला 'एक राज्य-एक चुनाव' प्रयोग है। 73.56% मतदान और 18,732 निर्दलीय उम्मीदवारों के साथ, बोर्ड गठन की राजनीति पेचीदा हो सकती है।

मुख्य बातें

राजस्थान में 309 शहरी स्थानीय निकायों की मतगणना 14 सितंबर 2026 को सुबह 8 बजे से शुरू हुई; दोपहर तक नतीजे अपेक्षित।
इन चुनावों में 38,889 उम्मीदवार मैदान में थे, जिनमें 18,732 निर्दलीय शामिल हैं।
BJP ने 9,290 और कांग्रेस ने 9,027 उम्मीदवार उतारे।
दोनों चरणों में कुल 73.56% मतदान — पिछले चुनाव से 3% से अधिक की बढ़त।
पहली बार 'एक राज्य-एक चुनाव' मॉडल के तहत सभी 309 निकायों के नतीजे एक साथ घोषित।
जहाँ स्पष्ट बहुमत नहीं, वहाँ निर्दलीय उम्मीदवार शासी बोर्ड गठन में निर्णायक भूमिका निभा सकते हैं।

राजस्थान में 309 शहरी स्थानीय निकायों के चुनावों की मतगणना 14 सितंबर 2026 को सुबह 8 बजे से शुरू हो गई है, और दोपहर तक परिणाम घोषित होने की उम्मीद है। इन नतीजों से 38,889 उम्मीदवारों का राजनीतिक भाग्य तय होगा और 10 नगर निगमों, 47 नगर परिषदों तथा 252 नगर पालिकाओं में शासी बोर्डों के गठन का रास्ता खुलेगा। गौरतलब है कि यह राजस्थान का पहला ऐसा चुनाव है जिसे 'एक राज्य-एक चुनाव' मॉडल के तहत एक साथ संपन्न कराया गया है।

मतगणना की प्रक्रिया और व्यवस्था

अधिकांश शहरी निकायों में मतगणना संबंधित मुख्यालयों में हो रही है, जबकि बीकानेर में यह प्रक्रिया जिला मुख्यालयों पर की जा रही है। राज्य चुनाव आयोग ने परिणाम और अपडेट अपनी आधिकारिक वेबसाइट पर प्रकाशित करने की व्यवस्था की है, ताकि नागरिक और राजनीतिक दल पल-पल की जानकारी हासिल कर सकें। दिन भर में शहरवार और निकायवार स्थिति स्पष्ट होती जाएगी।

मतदान और उम्मीदवारों का ब्यौरा

चुनाव दो चरणों में 9 सितंबर और 11 सितंबर 2026 को आयोजित हुए, जिनमें पूरे राज्य में कुल 73.56 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया। यह पिछले शहरी स्थानीय निकाय चुनावों की तुलना में तीन प्रतिशत से अधिक है, जो मतदाताओं की बढ़ी हुई भागीदारी को दर्शाता है।

प्रमुख दलों में भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने 9,290 उम्मीदवार मैदान में उतारे, जबकि भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस (कांग्रेस) के 9,027 उम्मीदवार चुनाव में थे। राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी (RLP) के 948, आम आदमी पार्टी (AAP) के 311, बहुजन समाज पार्टी (BSP) के 298, सीपीआई (एम) के 185 और भारतीय आदिवासी पार्टी (BAP) के 98 उम्मीदवार भी इस चुनावी दंगल में थे। सबसे बड़ी संख्या 18,732 निर्दलीय उम्मीदवारों की रही।

निर्दलीय उम्मीदवारों की निर्णायक भूमिका

विश्लेषकों का मानना है कि 18,732 निर्दलीय उम्मीदवार उन शहरी निकायों में 'किंगमेकर' की भूमिका निभा सकते हैं, जहाँ कोई भी प्रमुख दल स्पष्ट बहुमत हासिल नहीं कर पाता। बोर्ड गठन की प्रक्रिया के दौरान इन स्वतंत्र उम्मीदवारों की निष्ठा बेहद महत्वपूर्ण साबित हो सकती है। यह ऐसे समय में और भी प्रासंगिक है जब सभी 309 निकायों के परिणाम एक साथ आने से दलों के पास गठबंधन बनाने का समय बेहद कम रह जाएगा।

'एक राज्य-एक चुनाव' मॉडल की परीक्षा

राजस्थान में यह पहला मौका है जब सभी 309 शहरी स्थानीय निकायों के परिणाम एक ही दिन घोषित हो रहे हैं। इससे पहले, ये चुनाव अलग-अलग चरणों में होते थे और पूरी प्रक्रिया एक वर्ष से अधिक समय तक चलती थी। आज के नतीजे इस नई प्रणाली की व्यावहारिकता और राजनीतिक असर दोनों को एक साथ परखेंगे। पार्टियों के सामने अब एक साथ सैकड़ों निकायों में बहुमत जुटाने और गठबंधन बनाने की दोहरी चुनौती है, जो परंपरागत चुनावी प्रबंधन से बिल्कुल अलग परिदृश्य है।

आगे क्या होगा

परिणाम घोषित होते ही शासी बोर्डों के गठन की राजनीतिक प्रक्रिया शुरू हो जाएगी। जिन निकायों में त्रिशंकु स्थिति बनेगी, वहाँ निर्दलीयों को अपने पाले में करने की होड़ मचना तय है। राजनीतिक विशेषज्ञों की नज़र इस पर भी रहेगी कि 'एक राज्य-एक चुनाव' के इस प्रयोग ने शहरी राजनीति की पारंपरिक संरचना को बदला या नहीं।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन इसकी असली परीक्षा आज बोर्ड गठन की प्रक्रिया में होगी — जब सैकड़ों निकायों में एक साथ गठबंधन बनाने की दौड़ शुरू होगी। 18,732 निर्दलीय उम्मीदवारों की मौजूदगी यह बताती है कि शहरी राजनीति अभी भी स्थानीय पहचान और व्यक्तित्व पर टिकी है, न कि केवल दलीय लहर पर। 73.56% का रिकॉर्ड मतदान उत्साहजनक है, लेकिन असली सवाल यह है कि क्या एक साथ परिणाम आने की यह प्रणाली निर्दलीयों की 'खरीद-फरोख्त' को रोकती है या उसे और तेज़ करती है।
RashtraPress
14 सितंबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

राजस्थान के 309 शहरी निकाय चुनाव के नतीजे कब आएंगे?
मतगणना 14 सितंबर 2026 को सुबह 8 बजे शुरू हुई है और सभी 309 शहरी स्थानीय निकायों के परिणाम दोपहर तक घोषित होने की उम्मीद है। राज्य चुनाव आयोग अपनी वेबसाइट पर लाइव अपडेट प्रकाशित कर रहा है।
राजस्थान नगर निगम चुनाव 2026 में कितने उम्मीदवार थे?
इन चुनावों में कुल 38,889 उम्मीदवार मैदान में थे। इनमें BJP के 9,290, कांग्रेस के 9,027 और 18,732 निर्दलीय उम्मीदवार शामिल हैं।
'एक राज्य-एक चुनाव' मॉडल राजस्थान में पहली बार कैसे लागू हुआ?
इससे पहले राजस्थान में शहरी निकाय चुनाव अलग-अलग चरणों में होते थे और पूरी प्रक्रिया एक वर्ष से अधिक समय लेती थी। इस बार पहली बार सभी 309 निकायों के चुनाव एक साथ दो चरणों में कराए गए और नतीजे भी एक ही दिन घोषित हो रहे हैं।
राजस्थान शहरी निकाय चुनाव में मतदान प्रतिशत कितना रहा?
9 और 11 सितंबर 2026 को हुए दोनों चरणों में कुल 73.56 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया। यह पिछले शहरी स्थानीय निकाय चुनावों की तुलना में तीन प्रतिशत से अधिक है।
राजस्थान में शासी बोर्ड का गठन कैसे होगा और निर्दलीयों की क्या भूमिका है?
परिणाम घोषित होने के बाद प्रमुख दल शासी बोर्ड बनाने के लिए गठबंधन की कोशिश करेंगे। जहाँ किसी दल को स्पष्ट बहुमत नहीं मिलेगा, वहाँ 18,732 निर्दलीय उम्मीदवार निर्णायक भूमिका निभा सकते हैं और उन्हें अपने पाले में करने की होड़ मचने की संभावना है।
राष्ट्र प्रेस
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