मध्य पूर्व संकट में PM मोदी के आह्वान का BJP सांसद राजू बिष्ट ने किया समर्थन, कहा — जनता PM को गंभीरता से लेती है
सारांश
मुख्य बातें
मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा देशवासियों से ईंधन बचत और विदेश यात्राओं पर खर्च कम करने की अपील के बाद भारतीय जनता पार्टी (BJP) के सांसद राजू बिष्ट ने गुरुवार, 14 मई को इस आह्वान का खुलकर समर्थन किया। बिष्ट ने कहा कि भारत की जनता प्रधानमंत्री की बात को सिर्फ सुनती नहीं, बल्कि अपने आचरण में भी उतारती है।
मुख्य बयान: जनता और PM के बीच विश्वास का रिश्ता
राजू बिष्ट ने कहा, 'प्रधानमंत्री की बातों को पूरा देश बहुत गंभीरता से सुनता है और अपने व्यवहार में उतारता है। हमारे देश के प्रधानमंत्री दूरदर्शी हैं। जब भी देश में छोटी से लेकर बड़ी संकट आता, हमारे देश की जनता और देश को कभी उस संकट से गुजरना नहीं पड़ा।' उन्होंने कोविड महामारी का उदाहरण देते हुए कहा कि जब दुनियाभर में त्राहि-त्राहि मची थी, तब भी भारत संयम के साथ उस दौर से बाहर निकला।
वैश्विक परिस्थितियाँ और भारत की ऊर्जा सुरक्षा
बिष्ट ने वैश्विक परिदृश्य पर टिप्पणी करते हुए कहा कि ईरान और अमेरिका के बीच चल रहे तनाव के कारण अंतरराष्ट्रीय स्तर पर उथल-पुथल है। उनके अनुसार, इस माहौल के बावजूद केंद्र सरकार ने तेल, पेट्रोल और प्राकृतिक गैस की आपूर्ति में कोई व्यवधान नहीं आने दिया। उन्होंने कहा, 'आज दुनियाभर में ईरान और अमेरिका के कारण उथल-पुथल मची हुई है। लंबे समय से जो तनाव चल रहा है, उसके बावजूद भारत को किसी तरह की आंच नहीं आने दी गई।'
नागरिकों से ईंधन बचत की अपील
बिष्ट ने PM मोदी के आह्वान को आगे बढ़ाते हुए देशवासियों से अनुरोध किया कि वे पेट्रोल, डीजल और गैस की बचत करें और विदेश यात्राओं पर खर्च कम करें। उनका तर्क था, 'आज हम जो कुछ भी करेंगे, वह सिर्फ अपने लिए नहीं, बल्कि देश के लिए करेंगे। इसका लाभ देश के प्रत्येक नागरिक को मिलेगा।'
विपक्ष पर निशाना
BJP सांसद ने विपक्ष की आलोचना करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री के इस राष्ट्रीय आह्वान पर विपक्ष की आपत्ति उनकी प्राथमिकताओं को उजागर करती है। उन्होंने कहा, 'विपक्ष को इस आह्वान पर बहुत चिंता है। उन्हें पता है कि देश की जनता पीएम मोदी को सुनती है। अगर वे सच्चे राष्ट्रभक्त होते तो प्रधानमंत्री के साथ खड़े होते, लेकिन उन्हें देश नहीं, बल्कि अपनी पार्टी और राजनीति की चिंता है।'
पश्चिम बंगाल सीमा पर फेंसिंग का मुद्दा
इसी बातचीत में राजू बिष्ट ने पश्चिम बंगाल की सीमा पर बाड़बंदी के मुद्दे को भी उठाया। उन्होंने बताया कि करीब 600 किलोमीटर के बिना बाड़ वाले इलाके को लेकर मुख्यमंत्री सुवेंद्रु अधिकारी ने अपनी पहली कैबिनेट बैठक में ही स्वीकृति दे दी थी। बिष्ट के अनुसार, इस कदम से घुसपैठ पर रोक लगेगी और नए घुसपैठियों का प्रवेश असंभव हो जाएगा। यह बयान ऐसे समय में आया है जब भारत-बांग्लादेश सीमा पर अवैध प्रवेश एक संवेदनशील राजनीतिक मुद्दा बना हुआ है।