1 जुलाई 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

राम मंदिर चढ़ावा चोरी: सपा सांसद अवधेश प्रसाद बोले — 'श्रीराम चोरों को कभी माफ नहीं करेंगे'

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
राम मंदिर चढ़ावा चोरी: सपा सांसद अवधेश प्रसाद बोले — 'श्रीराम चोरों को कभी माफ नहीं करेंगे'

सारांश

राम मंदिर में चढ़ावा चोरी का मामला अब सिर्फ अपराध नहीं — यह करोड़ों आस्थावानों के विश्वास का सवाल बन चुका है। सपा सांसद अवधेश प्रसाद ने एसआईटी जांच को नाकाफी बताते हुए सुप्रीम कोर्ट हस्तक्षेप की माँग की और चेतावनी दी कि 'श्रीराम चोरों को कभी माफ नहीं करेंगे।'

मुख्य बातें

सपा सांसद अवधेश प्रसाद ने 1 जुलाई 2026 को राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले पर उत्तर प्रदेश सरकार की आलोचना की।
उन्होंने एसआईटी जांच को अपर्याप्त बताते हुए सर्वोच्च न्यायालय से हस्तक्षेप की माँग की।
मंदिर निर्माण में कथित कमीशनखोरी की भी पारदर्शी जांच की माँग उठाई।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के 'दूध का दूध, पानी का पानी' वाले बयान पर व्यंग्यात्मक प्रतिक्रिया दी।
सांसद ने कहा कि इस मामले में BJP 'पूरी तरह कटघरे में' है।

समाजवादी पार्टी (सपा) के सांसद अवधेश प्रसाद ने 1 जुलाई 2026 को लखनऊ में राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले पर उत्तर प्रदेश सरकार को कड़े शब्दों में घेरा। उन्होंने कहा कि यह मामला करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था से जुड़ा है और इसमें सरकार की गंभीरता का अभाव चिंताजनक है।

मामले की गंभीरता पर सांसद का बयान

अवधेश प्रसाद ने स्पष्ट किया कि यह कोई सामान्य प्रशासनिक मसला नहीं है। उनके अनुसार, अयोध्या के राम मंदिर में चढ़ावे की चोरी देश और दुनिया में बसे करोड़ों राम भक्तों की भावनाओं पर सीधा आघात है। उन्होंने कहा, 'यह राज्य का मामला नहीं है, बल्कि राष्ट्र का मामला है — और अब पूरे देश में इसकी चर्चा हो रही है।'

उन्होंने यह भी कहा कि सपा नेताओं ने इस मुद्दे को उठाकर देशभर में जागरूकता फैलाई, लेकिन इतने दिन बीत जाने के बाद भी सरकार की प्रतिक्रिया संतोषजनक नहीं रही।

एसआईटी जांच पर सवाल

सपा सांसद ने इस मामले में गठित विशेष जांच दल (एसआईटी) को अपर्याप्त बताते हुए कहा कि इतने संवेदनशील मामले में राज्य स्तरीय जांच पर्याप्त नहीं है। उनका कहना था कि जांच की निष्पक्षता सुनिश्चित करने के लिए सर्वोच्च न्यायालय को स्वयं हस्तक्षेप करना चाहिए। उन्होंने कहा, 'उच्चतम न्यायालय द्वारा गठित टीम की जांच से कोई भी नहीं बच पाएगा।'

उन्होंने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के उस बयान का भी उल्लेख किया जिसमें उन्होंने 'दूध का दूध और पानी का पानी' करने की बात कही थी। अवधेश प्रसाद ने व्यंग्यात्मक लहजे में कहा कि जब मामले की तह तक जाने की इच्छाशक्ति ही न हो, तो ऐसे वादे खोखले लगते हैं।

मंदिर निर्माण में कमीशनखोरी के आरोप

अवधेश प्रसाद ने चढ़ावा चोरी के साथ-साथ राम मंदिर निर्माण में कथित कमीशनखोरी के आरोपों का भी उल्लेख किया। उन्होंने माँग की कि मंदिर के सोने, चाँदी और नकदी से संबंधित सभी लेन-देन की पारदर्शी जांच हो और दोषी चाहे कितने भी प्रभावशाली क्यों न हों, उन्हें बख्शा न जाए। उन्होंने कहा, 'प्रभु श्रीराम के दरबार में चढ़ावा चोरी करके धर्म की हानि की गई है — श्रीराम ऐसे लोगों को कभी माफ नहीं करेंगे।'

भाजपा पर राजनीतिक प्रहार

सांसद ने कहा कि इस पूरे प्रकरण में भारतीय जनता पार्टी (BJP) 'पूरी तरह कटघरे में' है। उन्होंने अयोध्या से अपने व्यक्तिगत जुड़ाव का भी जिक्र करते हुए बताया कि वे जब भी अयोध्या जाते हैं, दर्शन करते हैं और पढ़ाई के दिनों में 'माँ सीता की रसोई' देखने जाया करते थे।

अखिलेश यादव के जन्मदिन पर बधाई

इसी अवसर पर अवधेश प्रसाद ने सपा प्रमुख अखिलेश यादव के जन्मदिन पर बधाई देते हुए कहा कि वे ईश्वर से प्रार्थना करते हैं कि उनके नेता स्वस्थ रहें और देश-प्रदेश की जनता की सेवा करते रहें।

यह मामला आने वाले दिनों में विधानसभा और न्यायिक दोनों मंचों पर और गर्माने की संभावना है, क्योंकि विपक्ष सर्वोच्च न्यायालय में हस्तक्षेप की माँग पर अड़ा हुआ है।

संपादकीय दृष्टिकोण

सुप्रीम कोर्ट हस्तक्षेप की माँग तब तक प्रतीकात्मक रहेगी जब तक कोई औपचारिक याचिका दायर नहीं होती। असली सवाल यह है कि एसआईटी जांच के नतीजे कब और कितने पारदर्शी तरीके से सामने आते हैं — क्योंकि जनता की आस्था का मामला किसी भी दल के लिए दीर्घकालिक राजनीतिक नुकसान का कारण बन सकता है।
RashtraPress
1 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामला क्या है?
अयोध्या के राम मंदिर में श्रद्धालुओं द्वारा चढ़ाए गए सोने, चाँदी और नकदी की चोरी का मामला सामने आया है, जिसने देशभर में धार्मिक और राजनीतिक विवाद खड़ा कर दिया है। उत्तर प्रदेश सरकार ने इस मामले में एसआईटी जांच बिठाई है।
सपा सांसद अवधेश प्रसाद ने एसआईटी जांच पर क्या कहा?
अवधेश प्रसाद ने एसआईटी जांच को अपर्याप्त बताया और कहा कि यह मामला राज्य स्तर पर नहीं, बल्कि सर्वोच्च न्यायालय द्वारा गठित टीम से जांचा जाना चाहिए। उनके अनुसार, शीर्ष अदालत की निगरानी में ही निष्पक्ष जांच संभव है।
क्या राम मंदिर निर्माण में भी अनियमितता के आरोप हैं?
सपा सांसद अवधेश प्रसाद ने चढ़ावा चोरी के साथ-साथ मंदिर निर्माण में कथित कमीशनखोरी का भी उल्लेख किया और माँग की कि इससे जुड़े सभी वित्तीय लेन-देन सार्वजनिक किए जाएँ। हालाँकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि अभी तक नहीं हुई है।
इस मामले में BJP की क्या स्थिति है?
अवधेश प्रसाद के अनुसार भारतीय जनता पार्टी (BJP) इस मामले में 'पूरी तरह कटघरे में' है, क्योंकि राम मंदिर उसकी सबसे बड़ी राजनीतिक उपलब्धि रही है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पहले मामले की निष्पक्ष जांच का आश्वासन दिया था।
आगे इस मामले में क्या हो सकता है?
विपक्ष सर्वोच्च न्यायालय में हस्तक्षेप की माँग पर जोर दे रहा है, जिससे यह मामला न्यायिक मंच पर पहुँच सकता है। एसआईटी जांच के नतीजे और सरकार की अगली कार्रवाई इस विवाद की दिशा तय करेगी।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 2 घंटे पहले
  2. 19 घंटे पहले
  3. 1 सप्ताह पहले
  4. 1 सप्ताह पहले
  5. 1 सप्ताह पहले
  6. 1 सप्ताह पहले
  7. 3 सप्ताह पहले
  8. 3 सप्ताह पहले