BJP प्रवक्ता आरपी सिंह: संविधान से चलेगा देश, तिरंगे की आड़ में अराजकता बर्दाश्त नहीं
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय जनता पार्टी (BJP) के प्रवक्ता आरपी सिंह ने 15 अक्टूबर 2026 को नई दिल्ली में विपक्ष पर कड़ा प्रहार करते हुए कहा कि यह देश डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर के संविधान के अनुसार चलेगा — अराजक तत्वों की मनमर्ज़ी से नहीं। सीजेपी प्रमुख अभिजीत दिपके की राष्ट्रीय ध्वज लेकर गिरफ्तारी देने की अपील, प्रशांत भूषण के सत्ता परिवर्तन संबंधी बयान, ध्रुव राठी की अपील और भारत पर अमेरिकी टैरिफ की चेतावनी — इन तमाम मुद्दों पर सिंह ने एक साथ प्रतिक्रिया दी।
तिरंगे की आड़ में अराजकता का आरोप
आरपी सिंह ने सीजेपी प्रमुख अभिजीत दिपके पर आरोप लगाया कि उन्होंने पहले युवाओं को बहकाने की कोशिश की, किंतु युवाओं ने उनका साथ नहीं दिया। उन्होंने कहा कि अब राष्ट्रीय ध्वज की आड़ लेकर लोगों को एकजुट करने और अराजकता फैलाने की कोशिश हो रही है। सिंह के अनुसार, जब अपेक्षित जनसमर्थन नहीं मिला तो तिरंगे के नाम का सहारा लिया जा रहा है — जो उन्होंने 'राष्ट्रीय प्रतीक का दुरुपयोग' करार दिया।
प्रशांत भूषण के बयान पर पलटवार
सत्ता परिवर्तन को लेकर प्रशांत भूषण के बयान पर सिंह ने स्पष्ट किया कि भारत में सत्ता परिवर्तन का एकमात्र संवैधानिक तरीका चुनाव है। उन्होंने कहा कि सड़क पर उतरने और खून-खराबे जैसी बातें करने से कोई समाधान नहीं निकलेगा। सिंह ने यह भी याद दिलाया कि भूषण पहले आम आदमी पार्टी (AAP) में थे और यदि वे चाहते तो चुनाव के मंच का उपयोग कर सकते थे।
भारत-अमेरिका टैरिफ वार्ता पर स्थिति स्पष्ट
अमेरिका की ओर से भारत, चीन और अन्य देशों पर 100 प्रतिशत टैरिफ लगाने की चेतावनी के संदर्भ में सिंह ने कहा कि केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल का रुख सही है। उन्होंने बताया कि भारत-अमेरिका व्यापार वार्ता का पहला दौर पूरा हो चुका है और अभी ड्राफ्ट तैयार किया जा रहा है। सिंह ने विपक्ष की उस आलोचना को खारिज किया जिसमें कहा जा रहा है कि भारत ने अमेरिका के आगे घुटने टेक दिए। उनका तर्क था कि जब ड्राफ्ट ही अभी बन रहा है, तो समझौते को लेकर बयानबाज़ी करना तथ्यहीन है।
सेना और पुलिस को भड़काने का आरोप
सरकार के खिलाफ सशस्त्र बलों और पुलिस को सड़कों पर उतारने की अपील को लेकर सिंह ने सीजेपी और AAP के नेताओं से सीधे जवाब माँगा। उन्होंने कहा कि विपक्ष को बताना चाहिए कि क्या वह भारतीय सेना और पुलिस को देश की संस्थाओं के विरुद्ध खड़ा करना चाहता है। सिंह ने उम्मीद जताई कि पुलिस ऐसे बयान का संज्ञान लेकर उचित कार्रवाई करेगी।
राहुल गांधी और चुनावी अनियमितता का मामला
सर्वोच्च न्यायालय में कांग्रेस नेता राहुल गांधी से जुड़े मामले पर सिंह ने आरोप लगाया कि गांधी संवैधानिक संस्थाओं पर दबाव बनाने की मानसिकता रखते हैं। वोट चोरी के आरोपों पर उन्होंने कहा कि यदि किसी के पास अनियमितता के सबूत हैं तो उन्हें अदालत में पेश किए जाने चाहिए। उल्लेखनीय है कि सर्वोच्च न्यायालय ने इस मामले में निर्वाचन आयोग (ECI) को नोटिस जारी करते हुए तथ्य स्पष्ट करने को कहा है।
सिंह ने अंत में कहा कि 140 करोड़ लोगों के इस देश में मुट्ठी भर लोगों की गतिविधियों को पूरे देश की राय के रूप में प्रस्तुत करना भ्रामक है। आने वाले दिनों में यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि इन विभिन्न मुद्दों पर विपक्ष और सरकार की तकरार किस रूप लेती है।