बिहार बाढ़: शिवराज सिंह चौहान 16 सितंबर को करेंगे हवाई सर्वेक्षण, PM मोदी के निर्देश पर उच्चस्तरीय समीक्षा
सारांश
मुख्य बातें
केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान 16 सितंबर 2026 को बिहार के एक दिवसीय गहन दौरे पर रहेंगे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के निर्देश पर आयोजित इस यात्रा में वे बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का हवाई सर्वेक्षण करेंगे, किसानों से सीधा संवाद करेंगे और मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की उपस्थिति में राहत एवं बचाव कार्यों की उच्चस्तरीय समीक्षा करेंगे। यह दौरा ऐसे समय में आया है जब बिहार के कई जिलों में बाढ़ से फसलों एवं जनजीवन को व्यापक नुकसान पहुँचा है।
दौरे का विस्तृत कार्यक्रम
तय कार्यक्रम के अनुसार, शिवराज सिंह चौहान भोपाल से पटना पहुँचकर सुबह 10:30 बजे पटना स्टेट हैंगर से हेलीकॉप्टर द्वारा दिघवारा एवं मनेर के बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का हवाई सर्वेक्षण करेंगे। इसके पश्चात सुबह 11 बजे हाजीपुर पुलिस लाइन हेलीपैड पर उतरकर सड़क मार्ग से तेरसिया एवं सरायपुर गाँवों का निरीक्षण करेंगे।
इन गाँवों में वे सीधे खेतों में जाकर बाढ़ से फसलों को हुए नुकसान का जायजा लेंगे और स्थानीय किसानों से उनकी समस्याएँ सुनेंगे। केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण तथा ग्रामीण विकास मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारियों की टीम भी इस दौरे में साथ रहेगी।
पटना में उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक
बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों के दौरे के बाद चौहान गांधी सेतु होते हुए दोपहर 12:15 बजे मुख्यमंत्री सचिवालय स्थित 'संवाद' (पटना) पहुँचेंगे। यहाँ मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी एवं वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बाढ़ आपदा प्रबंधन, राहत कार्यों एवं किसानों को दी जाने वाली सहायता पर केंद्रित उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित होगी।
गौरतलब है कि बिहार प्रत्येक वर्ष मानसून के दौरान गंभीर बाढ़ की चपेट में आता है और इस बार भी कोसी, गंडक एवं गंगा नदी के जलस्तर में उफान से राज्य के कई जिले प्रभावित हैं।
मुंगेर और भागलपुर में राहत शिविरों का दौरा
दोपहर 1:30 बजे पटना से प्रस्थान कर केंद्रीय मंत्री करीब 2:15 बजे मुंगेर के नवाबगढ़ी पहुँचेंगे। वहाँ स्थित राहत शिविर में वे बाढ़ पीड़ितों से व्यक्तिगत रूप से मिलेंगे और जारी राहत कार्यों की गुणवत्ता का मूल्यांकन करेंगे।
इसके बाद चौहान सड़क मार्ग से भागलपुर होते हुए नवगछिया के कोजीकरैया बाँध का निरीक्षण करेंगे। शाम को वे भागलपुर पॉलिटेक्निक कॉलेज स्थित राहत शिविर में शरण लिए हुए प्रभावित परिवारों से मुलाकात करेंगे। रात्रि विश्राम भागलपुर राजकीय अतिथिशाला में करने के उपरांत 17 सितंबर की सुबह भी वे बाढ़ प्रभावित लोगों से मिलने के पश्चात पटना के लिए प्रस्थान करेंगे।
केंद्र सरकार की प्रतिबद्धता
केंद्र सरकार ने स्पष्ट किया है कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में बिहार के बाढ़ प्रभावित किसानों एवं नागरिकों को हरसंभव सहायता एवं त्वरित राहत पहुँचाना सर्वोच्च प्राथमिकता है। इस दौरे के माध्यम से केंद्र न केवल ज़मीनी हालात का आकलन करेगा, बल्कि राज्य सरकार के साथ समन्वय बनाकर राहत वितरण को और अधिक प्रभावी बनाने का प्रयास करेगा।
आने वाले दिनों में केंद्र और राज्य सरकार की संयुक्त कार्ययोजना से प्रभावित किसानों एवं परिवारों को मुआवजे और पुनर्वास सहायता मिलने की उम्मीद है।