सीकर नगर निकाय चुनाव: कांग्रेस ने 38 वार्ड जीते, वार्ड 17 में पत्थरबाजी के बाद पुलिस ने की हिरासत
सारांश
मुख्य बातें
सीकर नगर निकाय चुनाव के नतीजे 14 सितंबर 2026 को घोषित होते ही वार्ड 17 में हिंसा भड़क उठी, जब कांग्रेस और एक निर्दलीय उम्मीदवार के समर्थक आपस में भिड़ गए। पत्थरबाजी में कई लोग घायल हुए और पुलिस ने मौके पर पहुँचकर अनेक व्यक्तियों को हिरासत में लिया।
चुनाव परिणाम: कांग्रेस को स्पष्ट बहुमत
सीकर नगर निकाय चुनाव में भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस (कांग्रेस) सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी। पार्टी ने 65 में से 38 वार्ड जीतकर स्पष्ट बहुमत हासिल किया। भारतीय जनता पार्टी (BJP) को 22 वार्ड मिले, जबकि निर्दलीय उम्मीदवारों ने 4 सीटें और राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी (आरएलपी) ने 1 वार्ड जीता। इस परिणाम से कांग्रेस को म्युनिसिपल बोर्ड के गठन में निर्णायक बढ़त मिल गई है।
वार्ड 17 में झड़प और पत्थरबाजी
वार्ड 17 का नतीजा खासा चर्चित रहा, जहाँ कांग्रेस उम्मीदवार तस्लीम ने निर्दलीय उम्मीदवार अर्शीन को हराकर जीत दर्ज की। नतीजा घोषित होते ही दोनों गुटों के समर्थकों के बीच टकराव शुरू हो गया और स्थिति पत्थरबाजी तक पहुँच गई, जिसमें कई लोग घायल हुए।
झड़प की सूचना मिलते ही पुलिस बल तत्काल मौके पर पहुँचा और कई व्यक्तियों को हिरासत में लिया। अधिकारियों के अनुसार, स्थिति को काबू में कर लिया गया है और आगे की कार्रवाई जारी है। पुलिस इलाके में तनाव न बढ़े, इसके लिए लगातार निगरानी रख रही है।
जोधपुर में ईवीएम खराबी, मतगणना रोकी
जोधपुर में वार्ड नंबर 50 की एक सीट के लिए मतगणना रोक दी गई, क्योंकि एक पोलिंग बूथ पर इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (ईवीएम) में तकनीकी खराबी की सूचना मिली थी। रिटर्निंग ऑफिसर ने राज्य चुनाव आयोग से मार्गदर्शन माँगा और आयोग के निर्देश मिलने के बाद ही आगे की कार्रवाई तय होगी। प्रभावित बूथ पर दोबारा मतदान की संभावना जताई जा रही है।
जयपुर की मतगणना: भाजपा आगे
जयपुर में 150 वार्डों के लिए 2,254 पोलिंग बूथों पर मतगणना की गई। जिला निर्वाचन अधिकारी एवं जिला कलेक्टर संदेश नायक ने बताया कि गिनती की प्रक्रिया 302 राउंड में पूरी हुई और इस दौरान 5,000 से अधिक उम्मीदवार एजेंट मौजूद रहे। अब तक की गणना में भाजपा ने 66 सीटें, कांग्रेस ने 43 सीटें और निर्दलीय उम्मीदवारों ने 13 सीटें हासिल की हैं।
आगे क्या
सीकर में कांग्रेस के स्पष्ट बहुमत के साथ म्युनिसिपल बोर्ड गठन की प्रक्रिया जल्द शुरू होने की उम्मीद है। वार्ड 17 में हुई हिंसा के बाद पुलिस की जाँच जारी है और हिरासत में लिए गए लोगों के खिलाफ कार्रवाई होने की संभावना है। जोधपुर के वार्ड 50 की मतगणना का फैसला राज्य चुनाव आयोग के निर्देशों पर निर्भर करेगा।