सपा के 75 जिला घोषणापत्रों पर BJP का तंज: अशोक वाजपेयी बोले, विकास का कोई रोडमैप नहीं
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय जनता पार्टी (BJP) के नेता अशोक वाजपेयी ने 15 सितंबर 2026 को नई दिल्ली में समाजवादी पार्टी (सपा) की 75 जिला घोषणापत्र रणनीति पर तीखी प्रतिक्रिया दी। वाजपेयी ने कहा कि सपा का अलग-अलग जिलों के लिए अलग-अलग एजेंडा तय करने का तरीका यह साफ करता है कि पार्टी के पास उत्तर प्रदेश के समग्र विकास का कोई ठोस खाका नहीं है।
मुख्य विवाद: 75 जिला घोषणापत्र
सपा ने उत्तर प्रदेश के प्रत्येक जिले के लिए अलग घोषणापत्र तैयार किए जाने की रणनीति अपनाई है। BJP नेता वाजपेयी के अनुसार, यह कदम दर्शाता है कि सपा के पास प्रदेश स्तर पर एकीकृत विकास दृष्टि का अभाव है। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश की जनता भलीभाँति जानती है कि किस सरकार ने प्रदेश के हित में बेहतर काम किया है।
वाजपेयी ने BJP शासनकाल की तुलना सपा के पिछले कार्यकाल से करते हुए कहा कि BJP सरकार में उत्तर प्रदेश ने विकास की नई राह पकड़ी, जबकि सपा शासन में, उनके अनुसार, अपराध चरम पर था और आम जनता को कठिनाइयों का सामना करना पड़ा था। उन्होंने भरोसा जताया कि जब भी विधानसभा चुनाव होंगे, जनता BJP के पक्ष में जनादेश देगी।
NDA में सीट बंटवारा: राजभर का दावा
सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी (SBSP) के नेता ओम प्रकाश राजभर द्वारा यूपी की 33 सीटों पर दावेदारी जताए जाने पर वाजपेयी ने कहा कि राजभर की पार्टी राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) की सहयोगी है। उन्होंने स्पष्ट किया कि सीट बंटवारे पर बैठक होगी और पार्टी नेतृत्व ही अंतिम निर्णय लेगा। गौरतलब है कि उत्तर प्रदेश में NDA के भीतर सीट वितरण हमेशा से एक संवेदनशील मुद्दा रहा है।
पश्चिम बंगाल के मदरसों पर रुख
पश्चिम बंगाल में 252 मदरसों को बंद करने के नोटिस पर वाजपेयी ने कहा कि कोई भी अवैध संस्था नहीं चलनी चाहिए। उनके अनुसार, यदि किसी मदरसे ने आवश्यक औपचारिकताएँ पूरी नहीं की हैं या वहाँ राष्ट्र-विरोधी गतिविधियाँ होती हैं, तो ऐसी संस्थाओं पर अंकुश लगाना ज़रूरी है। उन्होंने स्थानीय समुदाय से भी इस कदम में सहयोग की अपेक्षा जताई।
UCC पर BJP का पक्ष
समान नागरिक संहिता (UCC) पर विपक्ष के विरोध का जवाब देते हुए वाजपेयी ने कहा कि देश में एक संविधान और एक समान कानून होना चाहिए। उनके अनुसार, धर्म या जाति के आधार पर अलग-अलग कानून नहीं बनने चाहिए और यह निर्णय देश की आज़ादी के समय ही हो जाना चाहिए था। उन्होंने कहा कि BJP NDA-शासित राज्यों में UCC लागू करेगी।
राहुल गांधी के बयान पर पलटवार
कांग्रेस नेता राहुल गांधी के भोजन से जुड़े बयान पर वाजपेयी ने कहा कि विपक्ष के नेता को गंभीरता बरतनी चाहिए। उन्होंने कहा कि विदेश से आए अतिथियों को भारतीय व्यंजन परोसना देश की परंपरा और गौरव का प्रतीक है, और विपक्ष के पास कोई ठोस मुद्दा न होने के कारण ऐसे विषयों को उठाया जा रहा है।