तमिलनाडु मतगणना 4 मई: स्टालिन ने DMK नेताओं और सहयोगी दलों संग की समीक्षा बैठक
सारांश
Key Takeaways
तमिलनाडु विधानसभा चुनाव की मतगणना से ठीक दो दिन पहले मुख्यमंत्री एम.के. स्टालिन ने 2 मई 2026 को चेन्नई में द्रविड़ मुनेत्र कषगम (DMK) के वरिष्ठ नेताओं और गठबंधन सहयोगियों के साथ कई अहम बैठकें कीं। 4 मई को होने वाली मतगणना से पहले स्टालिन ने जमीनी फीडबैक, मतदान प्रतिशत और चुनाव बाद के आकलन की विस्तृत समीक्षा की।
कोडाइकनाल दौरे के बाद सीधे बैठकों में जुटे स्टालिन
चार दिन के कोडाइकनाल प्रवास से लौटने के तुरंत बाद स्टालिन ने पार्टी के प्रमुख पदाधिकारियों के साथ एक के बाद एक बैठकें कीं। सूत्रों के अनुसार, इन बैठकों में विभिन्न क्षेत्रों की जमीनी स्थिति, मतदान के रुझान और चुनाव परिणामों को लेकर संभावित परिदृश्यों पर विस्तार से चर्चा हुई।
यह ऐसे समय में आया है जब 23 अप्रैल को एक ही चरण में संपन्न हुए मतदान के बाद सभी राजनीतिक दल अपनी-अपनी आंतरिक समीक्षाओं और लॉजिस्टिक तैयारियों को अंतिम रूप देने में जुटे हैं।
गठबंधन नेताओं संग अन्ना अरिवालयम में मुलाकात
इसके बाद मुख्यमंत्री स्टालिन ने DMK मुख्यालय अन्ना अरिवालयम में सेक्युलर प्रोग्रेसिव अलायंस के सहयोगी दलों के नेताओं से मुलाकात की। बैठक में तमिलनाडु कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष के. सेल्वापेरुन्थगई और कोंगुनाडु मक्कल देशिया काची (KMDK) के ई.आर. ईश्वरन समेत कई प्रमुख नेता मौजूद रहे।
सूत्रों के मुताबिक, बैठक में गठबंधन के समग्र प्रदर्शन और मतगणना से पहले की उम्मीदों पर चर्चा हुई। स्टालिन ने सहयोगी दलों के उम्मीदवारों और स्थानीय इकाइयों की तैयारियों की भी समीक्षा की।
मतगणना केंद्रों पर सतर्कता का निर्देश
स्टालिन ने बैठक में मतगणना केंद्रों पर सतर्कता बरतने और उम्मीदवारों, एजेंटों तथा पार्टी नेतृत्व के बीच बेहतर समन्वय बनाए रखने पर विशेष जोर दिया। बैठक में DMK के वरिष्ठ नेता ए. राजा, आर.एस. भारती, टी.के.एस. इलंगोवन और टी.आर.बी. राजा भी उपस्थित रहे।
चुनावी समीकरण: कौन कितनी सीटों पर
234 सदस्यीय तमिलनाडु विधानसभा में DMK ने 164 सीटों पर अपने उम्मीदवार उतारे हैं, जबकि प्रमुख सहयोगी भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस (कांग्रेस) 28 सीटों पर मैदान में है। शेष सीटों पर सेक्युलर प्रोग्रेसिव अलायंस के अन्य घटक दल चुनाव लड़ रहे हैं।
गौरतलब है कि 23 अप्रैल को एकल चरण में संपन्न मतदान में कई जिलों में अच्छी वोटिंग दर्ज की गई थी। DMK नेताओं ने गठबंधन की जीत को लेकर भरोसा जताया है, हालांकि उनका कहना है कि अंतिम फैसला जनता का होगा, जो 4 मई को सामने आएगा।
आगे क्या होगा
4 मई को मतगणना शुरू होते ही तस्वीर साफ होने लगेगी। राजनीतिक विश्लेषकों की नज़र इस बात पर रहेगी कि क्या DMK नीत गठबंधन 234 में से बहुमत के लिए ज़रूरी 118 सीटें हासिल कर पाता है। मतगणना का परिणाम तमिलनाडु की अगली सरकार और दक्षिण भारत के राजनीतिक समीकरणों को नई दिशा दे सकता है।