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टीएमसी ने हाईकोर्ट में याचिका दायर की, कार्यकर्ताओं की गिरफ्तारी का खतरा

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टीएमसी ने हाईकोर्ट में याचिका दायर की, कार्यकर्ताओं की गिरफ्तारी का खतरा

सारांश

तृणमूल कांग्रेस ने कलकत्ता हाईकोर्ट में याचिका दायर की है, जिसमें उन्हें आशंका है कि चुनाव आयोग के निर्देशों के चलते 800 कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार किया जा सकता है। इस मामले में पहली सुनवाई 22 अप्रैल को संभावित है।

मुख्य बातें

टीएमसी की याचिका कलकत्ता हाईकोर्ट में दायर की गई है।
पार्टी को 800 कार्यकर्ताओं की गिरफ्तारी की चिंता है।
मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने भी इस पर चिंता जताई है।
चुनावों से पहले कड़ी सुरक्षा व्यवस्था लागू की जा रही है।
पहली सुनवाई 22 अप्रैल को होगी।

कोलकाता, 20 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। तृणमूल कांग्रेस ने सोमवार को कलकत्ता हाईकोर्ट के एक डिवीजन बेंच में एक याचिका पेश की है। पार्टी को यह चिंता है कि इस महीने के अंत में पश्चिम बंगाल में होने वाले दो चरणों के विधानसभा चुनावों से पहले चुनाव आयोग के निर्देशों के चलते उसके लगभग 800 कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार किया जा सकता है।

यह याचिका तृणमूल कांग्रेस के चार बार के लोकसभा सदस्य और वरिष्ठ वकील कल्याण बनर्जी द्वारा दायर की गई है। उन्होंने कलकत्ता हाईकोर्ट से तात्कालिक दखल की अपील की है।

कलकत्ता हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश सुजॉय पॉल और न्यायमूर्ति पार्थसारथी सेन की डिवीजन बेंच ने इस याचिका को स्वीकार कर लिया है, और पहली सुनवाई की संभावित तिथि 22 अप्रैल है। यह तिथि 23 अप्रैल को होने वाले पहले चरण के विधानसभा चुनावों से एक दिन पहले है।

तृणमूल कांग्रेस को चिंता है कि उसके लगभग 800 कार्यकर्ता, जिन पर चुनाव आयोग की पैनी नजर है, चुनाव के पहले गिरफ्तार किए जा सकते हैं। हाल के दिनों में, मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने कई चुनावी रैलियों में इसी आशंका को साझा किया है।

मुख्यमंत्री ने पार्टी के नेताओं को यह निर्देश दिया है कि यदि ऐसी गिरफ्तारियां होती हैं, तो उन्हें बैकअप तैयार रखना चाहिए। अब, तृणमूल कांग्रेस द्वारा कलकत्ता हाईकोर्ट का रुख करने से उनकी चिंताओं को एक आधिकारिक स्वरूप मिला है।

इस बार विधानसभा चुनाव कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच आयोजित किए जा रहे हैं। इसके अंतर्गत, केंद्रीय बलों की 2,407 कंपनियां, जिसमें केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल (सीएपीएफ), इंडिया रिजर्व बटालियन (आईआरबी) और अन्य राज्यों की सशस्त्र पुलिस इकाइयां शामिल हैं, केवल पहले चरण में तैनात की जा रही हैं। यह पश्चिम बंगाल पुलिस और कोलकाता पुलिस के जवानों के अतिरिक्त होगा।

संपादकीय दृष्टिकोण

बल्कि पश्चिम बंगाल में चुनावी प्रक्रिया की पारदर्शिता पर भी सवाल उठाती है।
RashtraPress
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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

टीएमसी ने हाईकोर्ट में याचिका क्यों दायर की?
टीएमसी ने याचिका दायर की क्योंकि उन्हें आशंका है कि चुनाव आयोग के निर्देशों के चलते उनके 800 कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार किया जा सकता है।
पहली सुनवाई कब होगी?
पहली सुनवाई की संभावित तिथि 22 अप्रैल है।
राष्ट्र प्रेस
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