वसई-विरार में 80वें स्वतंत्रता दिवस पर ₹8,000 करोड़ से अधिक की विकास परियोजनाओं का खाका पेश
सारांश
मुख्य बातें
वसई-विरार शहर महानगरपालिका में 15 अगस्त 2026 को 80वाँ स्वतंत्रता दिवस व्यापक जनभागीदारी और देशभक्ति के जोश के साथ मनाया गया। महानगरपालिका मुख्यालय पर मुख्य समारोह में महापौर अजीव पाटिल ने तिरंगा फहराया और शहर के कायाकल्प के लिए ₹8,000 करोड़ से अधिक की बुनियादी ढाँचा परियोजनाओं का रोडमैप नागरिकों के सामने रखा। यह घोषणाएँ ऐसे समय में आई हैं जब महानगरपालिका छह वर्षों के प्रशासकीय कार्यकाल के बाद जनप्रतिनिधियों के हाथों में लौटी है।
मुख्य समारोह और उपस्थित जनप्रतिनिधि
समारोह में विधायक राजन नाईक, आयुक्त पृथ्वीराज बी.पी., उपमहापौर मार्शल लोपिस, विरोधी पक्षनेता मनोज पाटिल, पूर्व विधायक हितेंद्र ठाकुर, पूर्व विधायक क्षितीज ठाकुर, प्रथम महापौर राजीव पाटिल तथा अतिरिक्त आयुक्त संजय हेरवाडे और दीपक सावंत सहित बड़ी संख्या में अधिकारी, शिक्षक, विद्यार्थी और नागरिक उपस्थित रहे। कार्यक्रम की शुरुआत 'वंदे मातरम्' के सामूहिक गायन से हुई, इसके बाद राष्ट्रगान, ध्वजगीत और राज्यगीत गाकर सभी ने राष्ट्र के प्रति अपनी प्रतिबद्धता व्यक्त की।
बुनियादी ढाँचे के लिए बड़ी परियोजनाएँ
महापौर अजीव पाटिल ने अपने संबोधन में बताया कि एमएमआरडीए के माध्यम से ₹1,079 करोड़ की लागत से सात नए फ्लाईओवर और महारेल के ज़रिए ₹1,250 करोड़ के चार रेलवे फ्लाईओवर बनाए जाएंगे। इसके साथ ही ₹3,107 करोड़ की सीमेंट-कंक्रीट सड़कों का निर्माण कार्य जल्द आरंभ होगा। पूरे शहर को जोड़ने वाले 40 मीटर चौड़े रिंग रोड के लिए ₹2,343 करोड़ की परियोजना भी प्रस्तावित है।
गौरतलब है कि छह वर्षों के प्रशासकीय कार्यकाल में शहर की आर्थिक स्थिति चुनौतीपूर्ण रही थी। महापौर ने कहा कि राज्य सरकार के सहयोग से अब विकास को नई गति देने का काम शुरू हुआ है।
परिवहन, स्वास्थ्य और जलापूर्ति सेवाएँ
महानगरपालिका की परिवहन सेवा में वर्तमान में प्रतिदिन लगभग 65,000 नागरिक यात्रा करते हैं। 19,000 वरिष्ठ नागरिकों और 7,000 विद्यार्थियों को निःशुल्क यात्रा सुविधा दी जा रही है, जबकि महिलाओं को रियायती किराये का लाभ मिल रहा है। शीघ्र ही 100 नई वातानुकूलित ई-बसें बेड़े में जोड़ी जाएंगी।
स्वास्थ्य सेवाओं के अंतर्गत शहर में 21 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, 7 बड़े अस्पताल, 15 हिंदू हृदय सम्राट बालासाहेब ठाकरे आपला दवाखाना और 55 आयुष्मान केंद्र संचालित हैं। चंदनसार में अत्याधुनिक ट्रॉमा सेंटर का निर्माण शुरू हो चुका है और 10 नए आयुष्मान आरोग्य मंदिर भी जल्द शुरू किए जाएंगे।
पेयजल के मोर्चे पर वर्तमान में वसई-विरार को 380 एमएलडी पानी की आपूर्ति हो रही है। अमृत 2.0 योजना के तहत ₹494.11 करोड़ की जलापूर्ति विस्तार परियोजना मार्च 2027 तक पूरी करने का लक्ष्य है। खोलासापाड़ा परियोजनाओं के ज़रिए 68 एमएलडी अतिरिक्त पानी का प्रस्ताव राज्य सरकार को भेजा गया है, जबकि देहेरजी बांध परियोजना से 2030 तक 190 एमएलडी अतिरिक्त जल मिलने की उम्मीद है।
महिला कल्याण और सामाजिक योजनाएँ
महिला एवं बाल कल्याण विभाग के तहत विधवा, परित्यक्ता, तलाकशुदा महिलाओं, कैंसर पीड़ित महिलाओं, दिव्यांग और अनाथ बच्चों सहित विभिन्न वर्गों के लिए 19 कल्याणकारी योजनाएँ चल रही हैं। वर्ष 2026-27 में इस विभाग को ₹28 करोड़ का बजट आवंटित किया गया है, जिससे प्रतिवर्ष लगभग 2,500 लाभार्थियों को सहायता मिलती है। महापौर ने यह भी संकेत दिया कि अकेले जीवनयापन करने वाली महिलाओं को पानीपट्टी और घरपट्टी में राहत देने पर विचार किया जा रहा है।
आगे क्या होगा
नालासोपारा पूर्व में 103 एमएलडी क्षमता का सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट (STP) दिसंबर 2027 तक पूरा किया जाएगा। अग्निशमन सेवाओं को मज़बूत करने के लिए 5 नई रेस्क्यू बोट और डिजिटल वॉकी-टॉकी प्रणाली शुरू की गई है। स्वतंत्रता दिवस पर अग्निशमन विभाग की ओर से तिरंगा बाइक रैली भी निकाली गई, जिसमें महापौर और आयुक्त ने भाग लिया। महापौर अजीव पाटिल ने नागरिकों से 'सुंदर, हरित और प्लास्टिक मुक्त वसई-विरार' बनाने की अपील करते हुए कहा कि सार्वजनिक संपत्ति की रक्षा और स्वच्छता बनाए रखना ही सच्ची देशसेवा है।