सेंसेक्स 186 अंक उछला, निफ्टी IT 1.80% चढ़ा; मिश्रित वैश्विक संकेतों के बीच टेक शेयरों में जोरदार खरीदारी
सारांश
मुख्य बातें
बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) सेंसेक्स गुरुवार, 16 जुलाई को शुरुआती कारोबार में 186 अंक (0.24%) की बढ़त के साथ 77,388 पर कारोबार कर रहा था, जबकि नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) का निफ्टी 50 सूचकांक 63 अंक (0.26%) की मजबूती के साथ 24,142 पर था। मिश्रित वैश्विक संकेतों के बावजूद आईटी और उपभोक्ता क्षेत्र के शेयरों में खरीदारी ने बाजार को सकारात्मक दिशा दी।
टेक शेयरों की अगुवाई
शुरुआती सत्र में निफ्टी IT सूचकांक 1.80% की बढ़त के साथ सबसे बड़ा गेनर रहा। HCL टेक्नोलॉजीज, TCS और टेक महिंद्रा सेंसेक्स पैक में शीर्ष बढ़त वाले शेयरों में शामिल थे। इसके अलावा निफ्टी कंज्यूमर ड्यूरेबल्स, निफ्टी कंजम्पशन, निफ्टी मीडिया, निफ्टी ऑटो, निफ्टी इंडिया मैन्युफैक्चरिंग, निफ्टी सर्विसेज, निफ्टी फार्मा, निफ्टी FMCG, निफ्टी मेटल, निफ्टी कमोडिटीज और निफ्टी हेल्थकेयर भी हरे निशान में कारोबार कर रहे थे।
दबाव में रहे ये सेक्टर
दूसरी ओर, निफ्टी इंडिया डिफेंस, निफ्टी रियल्टी और निफ्टी फाइनेंशियल सर्विसेज सूचकांक लाल निशान में थे। सेंसेक्स पैक में एक्सिस बैंक, Eternal, सन फार्मा, HDFC बैंक, बजाज फिनसर्व, SBI और L&T प्रमुख लूजर्स रहे। वहीं मारुति सुजुकी, M&M, Trent, Titan, Asian Paints, Power Grid, HUL, IndiGo, बजाज फाइनेंस और UltraTech Cement गेनर्स की सूची में थे।
विशेषज्ञों की राय
बाजार विशेषज्ञों के अनुसार, कच्चे तेल की कीमतों में कोई बड़ा उतार-चढ़ाव न होने और वैश्विक बाजारों के अपेक्षाकृत स्थिर रहने के कारण घरेलू बाजार एक सीमित दायरे में सकारात्मक रुख के साथ कारोबार कर रहा है। विशेषज्ञों ने यह भी कहा कि आने वाले दिनों में कई प्रमुख कंपनियों के तिमाही नतीजे आने वाले हैं, जिन पर बाजार की प्रतिक्रिया देखना महत्वपूर्ण होगा।
वैश्विक बाजारों का हाल
एशियाई बाजारों में मिला-जुला कारोबार देखा गया। टोक्यो, शंघाई और सोल के बाजार लाल निशान में थे, जबकि हांगकांग, बैंकॉक और जकार्ता हरे निशान में कारोबार कर रहे थे। बुधवार के अमेरिकी सत्र में डाओ जोन्स 0.29% और नैस्डैक 0.62% की बढ़त के साथ बंद हुए थे, जिसने भारतीय बाजार को आंशिक समर्थन दिया।
FII और DII की गतिविधि
संस्थागत प्रवाह के मोर्चे पर, विदेशी संस्थागत निवेशक (FII) शुद्ध विक्रेता बने हुए हैं और बुधवार को उन्होंने ₹735.83 करोड़ की इक्विटी में बिकवाली की। इसके विपरीत, घरेलू संस्थागत निवेशकों (DII) ने उसी दिन ₹704.93 करोड़ की इक्विटी में निवेश कर बाजार को सहारा देने की कोशिश की। यह ऐसे समय में आया है जब तिमाही परिणामों का मौसम शुरू होने वाला है, जो आगे बाजार की दिशा तय करेगा।