आईएसआईजी एग्जीक्यूटिव समिट इंडिया 2026: नई दिल्ली में 3-4 नवंबर को चिप उद्योग की वैश्विक बैठक
सारांश
मुख्य बातें
इंटरनेशनल सेमीकंडक्टर इंडस्ट्री ग्रुप (आईएसआईजी) का एग्जीक्यूटिव समिट इंडिया 2026 3 और 4 नवंबर को नई दिल्ली में आयोजित होगा, जिसमें वैश्विक सेमीकंडक्टर इकोसिस्टम के वरिष्ठ अधिकारी, प्रौद्योगिकी विशेषज्ञ, शोधकर्ता और नीति-निर्माता एक मंच पर जुटेंगे। यह दो दिवसीय सम्मेलन सेमीकंडक्टर उद्योग को आकार देने वाली तकनीकों, नीतिगत विकास और आपूर्ति शृंखला की प्राथमिकताओं पर गहन चर्चा का अवसर प्रदान करेगा।
समिट की पृष्ठभूमि और महत्व
यह समिट अमेरिका, ताइवान, दक्षिण कोरिया और यूरोप में आयोजित आईएसआईजी की 2026 एग्जीक्यूटिव समिट शृंखला के बाद भारत में उतर रही है — उल्लेखनीय है कि उन सभी आयोजनों में सभी सीटें पूरी तरह भर गई थीं। इस सफलता के बाद आईएसआईजी ने पुष्टि की है कि यह समिट 30 नवंबर से 1 दिसंबर, 2027 को एक बार फिर भारत में आयोजित की जाएगी।
यह आयोजन ऐसे समय में हो रहा है जब भारत इंडिया सेमीकंडक्टर मिशन (आईएसएम) जैसी नीतिगत पहलों के ज़रिये घरेलू चिप-निर्माण क्षेत्र को तेज़ी से आगे बढ़ा रहा है। गौरतलब है कि वैश्विक आपूर्ति शृंखला में चीन पर निर्भरता कम करने की कोशिशों के बीच भारत एक वैकल्पिक विनिर्माण केंद्र के रूप में उभर रहा है।
एजेंडे की मुख्य विषयवस्तु
समिट के सत्रों में एडवांस्ड पैकेजिंग, आउटसोर्स्ड सेमीकंडक्टर असेंबली एंड टेस्ट (ओएसएटी), पावर इलेक्ट्रॉनिक्स तथा सिलिकॉन कार्बाइड (एसआईसी) और गैलियम नाइट्राइड (जीएएन) जैसी वाइड-बैंडगैप सेमीकंडक्टर तकनीकों पर विशेष चर्चा होगी। इसके अतिरिक्त भारत की सेमीकंडक्टर रणनीति, आपूर्ति शृंखला विकास और उभरती प्रौद्योगिकी प्राथमिकताओं पर भी विचार-विमर्श होगा।
सरकार की भागीदारी
कार्यक्रम में इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (एमईआईटीवाई) के अतिरिक्त सचिव अमितेश कुमार सिन्हा सहित कई सरकारी प्रतिनिधियों के शामिल होने की उम्मीद है। यह भागीदारी इस बात का संकेत है कि केंद्र सरकार इस क्षेत्र में अंतरराष्ट्रीय सहयोग को नीतिगत प्राथमिकता दे रही है।
उद्योग जगत की प्रतिक्रिया
आईएसआईजी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी और सह-संस्थापक सलाह नसरी ने कहा, 'भारत अब सेमीकंडक्टर की कहानी के भविष्य का अध्याय नहीं है, बल्कि वर्तमान का हिस्सा है।' उन्होंने यह भी कहा, 'हम आईएसआईजी की समिट शृंखला को नई दिल्ली लेकर आए हैं क्योंकि यहाँ एडवांस्ड पैकेजिंग, पावर इलेक्ट्रॉनिक्स और घरेलू विनिर्माण को लेकर लिए जा रहे फैसले अगले दशक की वैश्विक आपूर्ति शृंखला को आकार देंगे।'
आईएसआईजी में भारत की महाप्रबंधक और पावर सेमीकंडक्टर प्रमुख डॉ. शालू अग्रवाल ने रेखांकित किया, 'भारत के पास प्रतिभा, नीतिगत गति और बाज़ार — तीनों मौजूद हैं, जो उसे वैश्विक सेमीकंडक्टर आपूर्ति शृंखला का प्रमुख केंद्र बना सकते हैं।'
आगे की राह
समिट का उद्देश्य घरेलू और अंतरराष्ट्रीय हितधारकों के बीच इकोसिस्टम विकास, तकनीकी सहयोग और वैश्विक सेमीकंडक्टर वैल्यू चेन में भारत की भूमिका पर ठोस संवाद को बढ़ावा देना है। 2027 में पुनः भारत में आयोजन की घोषणा यह स्पष्ट करती है कि आईएसआईजी भारत को अपनी वैश्विक श्रृंखला में स्थायी केंद्र के रूप में देख रहा है।