मुंबई-अहमदाबाद वंदे भारत एक्सप्रेस में 20 कोच स्थायी, 28 अप्रैल से बढ़ेगी यात्री क्षमता
सारांश
Key Takeaways
- भारतीय रेलवे ने मुंबई सेंट्रल-अहमदाबाद वंदे भारत एक्सप्रेस में 20 कोचों की व्यवस्था को 28 अप्रैल 2025 से स्थायी किया।
- अतिरिक्त 4 कोचों में 3 एसी चेयर कार और 1 एग्जीक्यूटिव क्लास कोच शामिल हैं।
- देशभर में 162 वंदे भारत सेवाएँ चल रही हैं; 38 सेवाएँ पहले से 20 कोचों के साथ संचालित।
- वित्त वर्ष 2025-26 में वंदे भारत से 4 करोड़ यात्री, पिछले वर्ष की तुलना में 34%25 वृद्धि।
- 2019 से अब तक 9.1 करोड़ से अधिक यात्रियों ने 1 लाख ट्रिप में सफर किया।
- ट्रेन 491 किलोमीटर की दूरी 5 घंटे 30 मिनट में तय करती है; बोरीवली, वापी, सूरत, वडोदरा में ठहराव।
भारतीय रेलवे ने मुंबई सेंट्रल-अहमदाबाद वंदे भारत एक्सप्रेस (ट्रेन संख्या 22961/22962) में 16 डिब्बों से 20 डिब्बों तक की वृद्धि को स्थायी कर दिया है। यह बदलाव 28 अप्रैल 2025 से शुरू होने वाली यात्राओं से प्रभावी होगा। सेवा की शुरुआत के बाद से लगातार बनी भारी माँग को देखते हुए यह अस्थायी व्यवस्था अब स्थायी परिचालन व्यवस्था में तब्दील की गई है।
नए कोचों में क्या है खास
अतिरिक्त चार कोचों में तीन एसी चेयर कार कोच और एक एग्जीक्यूटिव क्लास कोच शामिल हैं। इससे पश्चिमी भारत के इस सबसे व्यस्त अंतर-शहरी रेल मार्ग पर व्यावसायिक यात्रियों, छात्रों, दैनिक यात्रियों और पर्यटकों को बेहतर बैठने की सुविधा मिलेगी। 491 किलोमीटर का यह मार्ग 5 घंटे 30 मिनट में पूरा होता है और बोरीवली, वापी, सूरत और वडोदरा में रुकता है।
वंदे भारत नेटवर्क का मौजूदा विस्तार
रेलवे के आँकड़ों के अनुसार, देशभर में अब तक 162 वंदे भारत सेवाएँ शुरू की जा चुकी हैं, जिनसे कई मार्गों पर यात्रा का समय 45 प्रतिशत तक कम हुआ है। इनमें से 90 सेवाएँ 8 कोचों के साथ, 38 सेवाएँ 20 कोचों के साथ और 34 सेवाएँ 16 कोचों के साथ संचालित हो रही हैं। इस प्रकार लगभग 23.45 प्रतिशत वंदे भारत सेवाओं को 20 कोचों में अपग्रेड किया जा चुका है।
यात्री संख्या और माँग का आँकड़ा
वित्त वर्ष 2025-26 में वंदे भारत एक्सप्रेस सेवाओं से लगभग 4 करोड़ यात्रियों ने यात्रा की, जो पिछले वर्ष की तुलना में 34 प्रतिशत की वृद्धि दर्शाती है। 2019 में शुरुआत के बाद से इन ट्रेनों ने 1 लाख ट्रिप में 9.1 करोड़ से अधिक यात्रियों को सेवा दी है। पूरे नेटवर्क में ऑक्यूपेंसी लगातार 100 प्रतिशत से अधिक बनी हुई है, जो इस सेवा के प्रति यात्रियों के गहरे विश्वास को रेखांकित करती है।
ट्रेन की सुविधाएँ और सुरक्षा प्रणाली
वंदे भारत ट्रेनें 'कवच' जैसी उन्नत सुरक्षा प्रणाली से लैस हैं। ट्रेन में हॉट केस सुविधा के साथ मिनी पैंट्री, बोतल कूलर, डीप फ्रीजर और गर्म पानी का बॉयलर उपलब्ध है। प्रत्येक सीट पर मोबाइल चार्जिंग सॉकेट लगे हैं और सीसीटीवी निगरानी सुरक्षा सुनिश्चित करती है। एर्गोनॉमिक रिक्लाइनिंग सीटें, एग्जीक्यूटिव श्रेणी में घूमने वाली सीटें और ड्राइविंग ट्रेलर कार (डीटीसी) में दिव्यांगजन यात्रियों के लिए विशेष शौचालय की व्यवस्था भी है।
गांधीनगर-मुंबई मार्ग भी देता है कनेक्टिविटी
मुंबई सेंट्रल-अहमदाबाद सेवा के अलावा, ट्रेन संख्या 20901/20902 गांधीनगर कैपिटल-मुंबई सेंट्रल वंदे भारत एक्सप्रेस गुजरात और महाराष्ट्र के बीच एक और महत्वपूर्ण हाई-स्पीड कनेक्टिविटी प्रदान करती है। यह मार्ग अहमदाबाद-गांधीनगर क्षेत्र के व्यावसायिक, प्रशासनिक और दैनिक यात्रियों की ज़रूरतें पूरी करते हुए दोनों राज्यों के बीच आर्थिक संबंध भी मज़बूत करता है। मुंबई सेंट्रल-अहमदाबाद सेवा का यह स्थायी विस्तार भारतीय रेलवे की उस प्रतिबद्धता का प्रमाण है कि वंदे भारत चुनने वाले करोड़ों यात्रियों को सीट की कमी न हो।