'खतरों के खिलाड़ी' में गौरव खन्ना का खुलासा—डर को नियंत्रित करना ही असली हुनर है
सारांश
मुख्य बातें
मुंबई, 6 मई 2026 (राष्ट्र प्रेस)। टीवी और फिल्मों के प्रख्यात अभिनेता गौरव खन्ना इन दिनों रोहित शेट्टी के स्टंट-आधारित रियलिटी शो 'खतरों के खिलाड़ी' में अपनी भागीदारी को लेकर सुर्खियों में हैं। राष्ट्र प्रेस को दिए एक विस्तृत साक्षात्कार में, खन्ना ने न केवल शो के कठोर प्रशिक्षण और खतरनाक स्टंटों के बारे में खुलकर बात की, बल्कि अपने डर को संभालने की कला, अभिनय में विविधता लाने की जरूरत और करियर के नए अध्यायों को स्वीकार करने के दर्शन को भी साझा किया।
ग्रोथ का हिस्सा, सर्वाइवल नहीं
खन्ना के अनुसार, यह कदम किसी आर्थिक दबाव या सर्वाइवल की मजबूरी नहीं है, बल्कि एक सचेत कलात्मक विकल्प है। उन्होंने कहा, ''मेरे लिए यह किसी तरह की सर्वाइवल की मजबूरी नहीं है, बल्कि यह ग्रोथ का हिस्सा है। एक कलाकार जब लंबे समय तक एक ही तरह के काम करता है, तो उसे कुछ नया करने की जरूरत महसूस होती है। ऐसे में रियलिटी शो मुझे अलग तरह के दर्शकों तक पहुंचने और नई चीजें सीखने का मौका देते हैं।'' यह दृष्टिकोण दिखाता है कि कैसे स्थापित अभिनेता अपनी छवि को सीमित न रखकर नई दिशाओं की ओर बढ़ रहे हैं।
बिग बॉस का अनुभव और सार्वजनिक छवि
खन्ना ने अपने पिछले रियलिटी शो अनुभव का जिक्र करते हुए कहा कि वह पहले भी 'बिग बॉस' जैसे बड़े प्लेटफॉर्म पर रहे हैं, जहां हर पल कैमरे के सामने होना पड़ता है। उन्होंने बताया, ''उस दौरान भी लोगों ने मेरे असली व्यक्तित्व को पसंद किया था। इसलिए मुझे इस बात की कोई खास चिंता नहीं है कि मेरी इमेज पर क्या असर पड़ेगा। सच्चाई ही सबसे मजबूत पक्ष होती है।'' यह विश्वास दर्शाता है कि वह अपनी प्रामाणिकता को ही अपनी सबसे बड़ी संपत्ति मानते हैं।
डर को संभालना ही असली हुनर
जब उनसे पूछा गया कि क्या वह खुद को निडर मानते हैं, तो खन्ना ने एक गहरा और बेहद ईमानदार जवाब दिया। उन्होंने कहा, ''डर सबको लगता है, फर्क सिर्फ उसे संभालने में है। हर चुनौती आसान नहीं होती, और कई बार मुझे भी घबराहट होती है। लेकिन मैं हमेशा अपनी पूरी कोशिश करता हूं और हर काम को सौ प्रतिशत देने में विश्वास रखता हूं। मेरे लिए डर को खत्म करना जरूरी नहीं, बल्कि उसे नियंत्रित करना ज्यादा जरूरी है।'' यह दर्शन न केवल स्टंट-आधारित शो के लिए, बल्कि जीवन के किसी भी चुनौतीपूर्ण क्षेत्र के लिए लागू होता है।
छवि से परे जाने का संकल्प
खन्ना ने स्वीकार किया कि रियलिटी शो के बाद अभिनेताओं की एक निश्चित छवि बन जाती है, जिसे तोड़ना मुश्किल हो सकता है। लेकिन उन्होंने जोर दिया कि वह अपने करियर की शुरुआत से ही अपनी छवि को सीमित नहीं रखे हैं। उन्होंने कहा, ''रियलिटी शो के बाद कलाकारों की एक खास इमेज बन जाती है, जिसे तोड़ना कभी-कभी मुश्किल होता है। लेकिन अगर पहले भी अपनी छवि को सीमित नहीं होने दिया, तो आगे भी ऐसा नहीं होगा। मैं खुद को किसी एक किरदार या एक छवि में बांधकर नहीं रखना चाहता।''
शो में संघर्ष और संतुलन
खन्ना ने यह भी स्पष्ट किया कि 'खतरों के खिलाड़ी' जैसे शो में प्रतिभागियों के बीच तीव्र प्रतिस्पर्धा होती है, और कभी-कभी चीजें आक्रामक हो सकती हैं। उन्होंने कहा, ''शो में अगर कोई प्रतिभागी जरूरत से ज्यादा आक्रामक हो जाता है, तो मैं पहले उसे समझदारी से संभालने की कोशिश करूंगा। लेकिन अगर हालात बिगड़ते हैं, तो मैं पीछे नहीं हटूंगा और सही तरीके से जवाब दूंगा।'' यह दृष्टिकोण दिखाता है कि वह शो को एक खेल के रूप में देखते हैं, न कि किसी व्यक्तिगत संघर्ष के रूप में।
करियर में नवाचार की भूख
अपने करियर के बारे में बात करते हुए, खन्ना ने कहा कि उनका सबसे बड़ा डर यह है कि वह नई चीजें करने से रुक न जाएं। उन्होंने कहा, ''मुझे सबसे ज्यादा डर इस बात का है कि मैं कुछ नया करने से रुक न जाऊं। मेरे लिए सबसे बड़ी प्रेरणा यह है कि मैं लगातार नए अनुभव लेता रहूं। जरूरी नहीं कि हर चीज में सफलता मिले, लेकिन कोशिश करना बहुत जरूरी है।'' यह दर्शन उन्हें उन कलाकारों से अलग करता है जो अपने सफल फॉर्मूले को दोहराते रहते हैं।
रोहित शेट्टी से सीखने का मौका
खन्ना ने शो के होस्ट रोहित शेट्टी के प्रति अपनी प्रशंसा व्यक्त की। उन्होंने कहा कि वह पहले 'बिग बॉस' में शेट्टी को देखकर प्रभावित हुए थे, और अब उनके साथ सीधे काम करने का यह मौका उनके लिए एक बड़ी सीख है। शेट्टी का अनुभव, उनकी ऊर्जा और शो को संचालित करने का तरीका खन्ना के लिए एक प्रेरणा स्रोत है।
गौरव खन्ना का यह साक्षात्कार दिखाता है कि कैसे एक अभिनेता अपने करियर को नई ऊंचाइयों तक ले जाने के लिए जोखिम उठाने के लिए तैयार है, और कैसे डर को संभालना ही सफलता की कुंजी हो सकता है।