'काला हिरण- द बैटल फॉर लेगेसी' का टीजर रिलीज़: 'हिरण को बिल्कुल पास से गोली मारी गई थी'
सारांश
मुख्य बातें
फिल्म 'काला हिरण- द बैटल फॉर लेगेसी' का टीजर 17 जुलाई को विवादों के बीच जारी किया गया। करीब 1 मिनट 56 सेकंड का यह टीजर शुरू से अंत तक कोर्टरूम ड्रामे से भरा है, जिसमें शिकार मामले, गवाहों के बयान, पुलिस जाँच और अदालती बहस को केंद्र में रखा गया है। फिल्म के मेकर्स पर आरोप है कि यह बॉलीवुड अभिनेता सलमान खान से जुड़े 1998 के काला हिरण शिकार प्रकरण और गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई विवाद पर आधारित है — हालाँकि निर्माताओं ने इस दावे से साफ़ इनकार किया है।
टीजर में क्या दिखाया गया
टीजर की शुरुआत अभिनेता गोविंद नामदेव की आवाज़ से होती है, जो फिल्म में बिश्नोई समाज के वकील की भूमिका में हैं। कोर्ट में एक गवाह को पेश करते हुए वह पूछते हैं — 'उस दिन आपने क्या देखा, बिना डर के अदालत को बताइए।' गवाह बयान देता है कि रात करीब 11 बजे एक के बाद एक दो गोलियों की आवाज़ आई, जिससे उन्हें समझ आ गया कि हिरण का शिकार हो रहा है।
एक अन्य गवाह कहता है कि यह महज़ शिकार नहीं था, बल्कि उनके गुरु जमेश्वर के सिद्धांतों पर सीधा हमला था। टीजर में जंगल की रात, जिप्सी में शिकार के लिए निकलते किरदार, गोली चलने और ग्रामीणों के विरोध के दृश्य भी दिखाए गए हैं।
कोर्टरूम में तीखे सवाल और गंभीर आरोप
जैसे-जैसे टीजर आगे बढ़ता है, कहानी में सस्पेंस गहराता है। गोविंद नामदेव का किरदार पुलिस अधिकारियों से यह सवाल करता है कि क्या किसी सुपरस्टार को बचाने के लिए ऊपर से दबाव डाला गया था। एक स्थानीय व्यक्ति कोर्ट में दावा करता है कि उसे धमकी दी गई थी — अगर उसने अयान खान के खिलाफ गवाही दी तो उसके परिवार को नुकसान पहुँचाया जाएगा।
टीजर में अयान खान पर गवाहों को डराने, ड्राइवर को गायब कराने और डॉक्टरों को खरीदने के आरोप भी लगाए जाते हैं। एक चश्मदीद गवाह कोर्ट में कहता है कि 'हिरण को बहुत करीब से गोली मारी गई थी।' इन आरोपों से घिरे अयान खान परेशान नज़र आते हैं और अपने वकील से मामले को संभालने को कहते हैं।
टीजर के अंत में काशिफ इकबाल खान का एक संवाद सुनाई देता है — 'जितने रुपयों में मेरी एक फिल्म बनती है, उतने में मैं ऐसे एक हज़ार ड्राइवर खरीदकर उनके बयान को कोर्ट में बदल सकता हूँ।'
किरदार और कथित प्रेरणा
फिल्म में काशिफ इकबाल खान ने अयान खान का किरदार निभाया है, जिसे कथित तौर पर सलमान खान से प्रेरित बताया जा रहा है। फिल्म के फर्स्ट लुक में इस किरदार का रूप-रंग सलमान खान से मिलता-जुलता था और उसे सलमान की तरह ब्रेसलेट पहने हुए भी दिखाया गया था। आलोचकों का कहना है कि मेकर्स ने विवाद से बचने के लिए पात्रों के नाम बदले हैं — गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई से प्रेरित किरदार को फिल्म में लॉयन बिश्नोई नाम दिया गया है।
1998 के काला हिरण शिकार मामले की पृष्ठभूमि
सलमान खान से जुड़ा काला हिरण शिकार विवाद 1998 में सामने आया था, जब वह राजस्थान के जोधपुर में फिल्म 'हम साथ-साथ हैं' की शूटिंग कर रहे थे। आरोप था कि 27-28 सितंबर 1998 की रात कांकाणी गाँव के पास काले हिरण का शिकार किया गया। इस मामले में सलमान के अलावा अभिनेता सैफ अली खान, अभिनेत्री तब्बू, सोनाली बेंद्रे और नीलम के नाम भी सामने आए थे।
सलमान के खिलाफ कुल चार मामले दर्ज हुए — दो चिंकारा शिकार, एक कांकाणी काला हिरण शिकार और एक आर्म्स एक्ट मामला। 2006 में चिंकारा शिकार मामलों में सजा हुई। बाद में आर्म्स एक्ट में राहत मिली। 5 अप्रैल 2018 को जोधपुर की अदालत ने काला हिरण शिकार मामले में सलमान को दोषी ठहराते हुए पाँच साल की जेल और जुर्माने की सजा सुनाई, हालाँकि बाद में उन्हें जमानत मिल गई। बिश्नोई समाज काले हिरण को अपनी धार्मिक आस्था का प्रतीक मानता है, इसी कारण यह विवाद वर्षों से चर्चा में रहा है।
फिल्म की टीम
फिल्म का निर्देशन भरत एस श्रीनेत ने किया है और इसे अमित जानी ने प्रोड्यूस किया है। काशिफ इकबाल खान के अलावा मुकेश तिवारी, गोविंद नामदेव, कमलेश सावंत और नरेश गोसाईं जैसे कलाकार भी फिल्म में नज़र आएंगे।