नियति फतनानी का माइक्रो-ड्रामा ‘बेबी डॉल’: संघर्ष, सपनों और मुंबई की चुनौतियों की कहानी
सारांश
मुख्य बातें
अभिनेत्री नियति फतनानी अपने नए माइक्रो-ड्रामा शो ‘बेबी डॉल’ को लेकर सुर्खियों में हैं, जिसमें वे एक संघर्षशील युवा कलाकार का किरदार निभा रही हैं जो मुंबई में अभिनय की दुनिया में अपनी पहचान बनाना चाहती है। राष्ट्र प्रेस को दिए विशेष इंटरव्यू में नियति ने इस उभरते फॉर्मेट, अपने किरदार और मनोरंजन उद्योग के बदलते स्वरूप पर खुलकर बात की।
बदलते दौर का नया फॉर्मेट
लंबे टीवी शोज़ और दो-तीन घंटे की फिल्मों की जगह अब छोटे वीडियो, वेब सीरीज़ और माइक्रो-ड्रामा तेज़ी से दर्शकों की पसंद बन रहे हैं। नियति के अनुसार, ‘‘माइक्रो-ड्रामा में काम करना टेलीविजन शोज़ से काफी अलग अनुभव है। आज के समय में कलाकारों के लिए ज़रूरी है कि वे बदलते ट्रेंड के साथ खुद को भी अपडेट रखें। वर्टिकल वीडियो और माइक्रो-ड्रामा आने वाले समय में मनोरंजन की दुनिया का बड़ा हिस्सा बनने वाले हैं।’’
कलाकारों के लिए नया अवसर
नियति का मानना है कि इस फॉर्मेट की सबसे बड़ी खासियत इसकी तेज़ रफ्तार है, जहाँ कहानी बहुत कम समय में आगे बढ़ती है और दर्शकों को शुरू से अंत तक बाँधे रखने की कोशिश की जाती है। उन्होंने कहा, ‘‘यह चुनौतीपूर्ण ज़रूर है, लेकिन कलाकारों के लिए यह एक नया अवसर भी लेकर आता है। हर बार कुछ नया सीखने और दिखाने का मौका मिलता है, जिससे अभिनय क्षमता बढ़ती है और दर्शकों से जुड़ाव भी मज़बूत होता है।’’
‘बेबी डॉल’ का किरदार
शो में अपनी भूमिका के बारे में नियति ने बताया, ‘‘इस कहानी में मैं एक ऐसी लड़की का किरदार निभा रही हूँ जो अभिनय की दुनिया में अपना नाम बनाना चाहती है। वह एक संघर्षशील कलाकार है, जिसके बड़े सपने हैं और जो इंडस्ट्री में अपनी पहचान बनाने के लिए लगातार मेहनत कर रही है।’’ उन्होंने जोड़ा कि मुंबई जैसे बड़े शहर में रोज़मर्रा के खर्चे, संघर्ष और प्रतिस्पर्धा किसी भी नए कलाकार के सामने बड़ी चुनौती बनकर खड़े हो जाते हैं।
संवेदनशील विषय, हल्के अंदाज़ में
कहानी में एक मोड़ तब आता है जब किरदार को एक एजेंट सफलता का आसान रास्ता सुझाता है। नियति के अनुसार, ‘‘यह विषय काफी संवेदनशील है, लेकिन शो की खास बात यह है कि इसे गंभीरता के बजाय हास्य और मनोरंजन के साथ पेश किया गया है।’’ यह दृष्टिकोण माइक्रो-ड्रामा फॉर्मेट की उस प्रवृत्ति से मेल खाता है, जिसमें भारी विषयों को भी हल्के-फुल्के अंदाज़ में परोसा जा रहा है।
दर्शकों से जुड़ाव
नियति को विश्वास है कि यह शो दर्शकों को इसलिए भी पसंद आएगा क्योंकि इसमें मनोरंजन के साथ-साथ वास्तविक जीवन की झलक भी देखने को मिलेगी। उन्होंने कहा, ‘‘कहानी एक युवा लड़की के सपनों, संघर्षों और उसके सफर को दिखाती है। साथ ही इसमें ऐसे कई पल हैं जो दर्शकों को हँसाने के साथ भावनात्मक रूप से भी जोड़ेंगे।’’ जैसे-जैसे भारतीय दर्शक छोटे फॉर्मेट की ओर तेज़ी से बढ़ रहे हैं, ‘बेबी डॉल’ जैसे शोज़ इस बदलाव की दिशा तय करते दिख रहे हैं।