राजकुमार राव: बेटी को 'लकी चार्म' मानने का दबाव गलत, सफलता मेहनत से मिलती है
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मुंबई, 20 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। जब फिल्म जगत में किसी कलाकार के घर नए सदस्य का स्वागत होता है, तो प्रशंसक अक्सर उसे 'लकी चार्म' मान लेते हैं। लेकिन अभिनेता राजकुमार राव इस सोच से इत्तेफाक नहीं रखते। हाल ही में पिता बने राजकुमार ने राष्ट्र प्रेस को दिए एक विशेष इंटरव्यू में इस धारणा पर अपनी स्पष्ट राय रखी और बताया कि वह अपनी बेटी के जन्म को किस्मत से नहीं जोड़ते।
जब राष्ट्र प्रेस ने उनसे पूछा कि क्या बेटी के जन्म ने उनकी जिंदगी में कोई नया मोड़ लाया है, तो उन्होंने उत्तर दिया, ''मेरी बेटी मेरे जीवन में बहुत सारा प्यार लेकर आई है, लेकिन मैं नहीं मानता कि मेरी सफलता का एकमात्र कारण मेरी बेटी है। मेरा मानना है कि जीवन में जो कुछ भी मिलता है, वह मेहनत, समय और किस्मत का परिणाम होता है।''
राजकुमार ने आगे कहा, ''मैं अपनी बेटी पर किसी प्रकार का दबाव नहीं डालना चाहता। वह अभी बहुत छोटी है और उसका अपना एक स्वतंत्र जीवन होगा। वह अपनी पहचान खुद बनाएगी और अपने निर्णय खुद लेगी। ऐसे में उस पर यह उम्मीद रखना कि वह परिवार के लिए 'लकी' साबित होगी, यह उचित नहीं है। बच्चों को बिना किसी बोझ के अपने सपनों को पूरा करने की स्वतंत्रता मिलनी चाहिए।''
इंटरव्यू के दौरान राजकुमार ने एक विशेष संयोग का भी उल्लेख किया। उन्होंने बताया कि जिस दिन उनकी बेटी का जन्म हुआ, उसी दिन उनकी पत्नी पत्रलेखा को उनकी फिल्म 'फुले' के लिए बेस्ट एक्ट्रेस का पुरस्कार मिला था। यह परिवार के लिए एक खास पल था, क्योंकि एक ओर घर में नई खुशी आई और दूसरी ओर पेशेवर जीवन में भी एक बड़ी उपलब्धि हासिल हुई।
राजकुमार ने कहा, ''बेटी के जन्म के बाद मुझे भी कई पुरस्कार मिले हैं, लेकिन यह सब मेहनत का परिणाम है। मैं चाहता हूं कि लोग इस तरह की बातों को अधिक महत्व न दें और सफलता को मेहनत के नजरिए से देखें।''
ज्ञात हो कि राजकुमार राव और पत्रलेखा ने 15 नवंबर 2025 को अपनी बेटी का स्वागत किया था।