क्या 'कामचोर' से मिली अभिनेता राकेश रोशन को पहचान? फिर चल पड़ा हिट फिल्मों का सिलसिला
सारांश
मुख्य बातें
नई दिल्ली, 5 सितंबर (राष्ट्र प्रेस)। भारतीय सिनेमा के प्रसिद्ध प्रोड्यूसर और डायरेक्टर राकेश रोशन को किसी पहचान की आवश्यकता नहीं है। उनका जन्म मुंबई में 6 सितंबर 1949 को हुआ था। राकेश रोशन के जीवन से जुड़ी कुछ महत्वपूर्ण जानकारियों पर नज़र डालते हैं।
बॉलीवुड में राकेश रोशन ऐसे सितारे हैं, जिन्होंने अपने पिता के नाम को अपना सरनेम बना लिया। उनके पिता, जिनका नाम रोशनलाल नागरथ था, एक प्रसिद्ध म्यूजिक डायरेक्टर थे। राकेश रोशन ने अपने पिता के नाम से 'रोशन' को अपनाया, और यही सरनेम उनके बेटे ऋतिक रोशन ने भी स्वीकार किया।
राकेश रोशन ने सैनिक स्कूल महाराष्ट्र से अपनी प्रारंभिक शिक्षा पूरी की। उनकी शादी पिंकी से हुई, जो बॉलीवुड के मशहूर निर्माता-निर्देशक जय ओम प्रकाश की बेटी हैं। उनके दो बच्चे हैं: ऋतिक रोशन और सुनयना रोशन।
साल 1970 में राकेश रोशन ने 'घर घर की कहानी' से अपने फिल्मी सफर की शुरुआत की, जिसमें उन्होंने सपोर्टिंग किरदार निभाया। हालांकि, बतौर अभिनेता उनका करियर ज्यादा सफल नहीं रहा।
इसके बाद, उन्होंने 1980 में अपनी प्रोडक्शन कंपनी स्थापित की और पहली फिल्म 'आप के दीवाने' बनाई, जो बॉक्स ऑफिस पर असफल रही। लेकिन 1982 में आई उनकी फिल्म 'कामचोर' ने बॉक्स ऑफिस पर सफलता हासिल की। यह एक ऐसे आलसी व्यक्ति की कहानी है जो शॉर्टकट से अमीर बनने के चक्कर में रिश्तों की अहमियत भूल जाता है। फिल्म में जया प्रदा उनके अपोजिट थीं।
राकेश रोशन ने फिल्म 'खुदगर्ज' से निर्देशन में कदम रखा, लेकिन यह फिल्म ज्यादा कमाल नहीं कर सकी। इसके बाद, उन्होंने कई हिट फिल्में निर्देशित कीं, जिनमें किशन कन्हैया और करण-अर्जुन शामिल हैं।
उन्होंने अपने बेटे ऋतिक रोशन के साथ 2000 में 'कहो ना प्यार है' और 2003 में 'कोई मिल गया' जैसी सफल फिल्में बनाई। इन फिल्मों के बाद, उनके द्वारा निर्देशित 'कृष' और 'कृष 3' ने बॉक्स ऑफिस पर रिकॉर्ड तोड़ कमाई की।