स्मिता बंसल का दर्द: 'बालिका वधू' की 'सुमित्रा' बोलीं — शूटिंग की व्यस्तता ने बेटी से दूर किया
सारांश
मुख्य बातें
अभिनेत्री स्मिता बंसल, जिन्हें दर्शक लोकप्रिय टेलीविजन धारावाहिक 'बालिका वधू' में 'सुमित्रा' की भूमिका के लिए जानते हैं, ने हाल ही में टीवी टॉक शो 'तुम हो ना — घर की सुपरस्टार' में एक भावुक अनुभव साझा किया। उन्होंने बताया कि लगातार शूटिंग और पेशेवर व्यस्तताओं के चलते वे अपनी बेटी के साथ भावनात्मक रूप से जुड़ने का पर्याप्त समय नहीं निकाल पाईं — एक ऐसी कमी जो उन्हें आज भी कचोटती है।
वह पल जिसने अंदर तक हिला दिया
स्मिता ने शो में एक विशेष घटना का ज़िक्र किया जो उनके मन पर गहरी छाप छोड़ गई। उन्होंने कहा, 'एक बार जब मैं शूटिंग से घर लौटी, तो मैंने अपनी बेटी को खुद सुलाने का फैसला किया। उस समय मेरी बेटी ने मेरे साथ सोने से मना कर दिया और अपनी दादी के साथ सोने की इच्छा जताई।' उन्होंने आगे कहा कि उस पल उन्हें महसूस हुआ कि काम की वजह से माँ और बेटी के बीच भावनात्मक दूरी आ गई थी — और यह उनके लिए बेहद पीड़ादायक अनुभव था।
पेशेवर पहचान बनाम माँ की भूमिका
स्मिता बंसल ने कहा, 'लोग मुझे टीवी पर अलग-अलग किरदारों के लिए जानते थे — कभी कोई मुझे 'आनंदी की मां' कहता था, तो कभी 'जग्या की मां'।' लेकिन उन्होंने स्वीकार किया कि असल जिंदगी में वे अपनी ही बेटी को उतना समय नहीं दे पा रही थीं, जितना एक माँ को देना चाहिए। उन्होंने इसे अपने जीवन की 'सबसे बड़ी कमी और सबसे बड़ा पछतावा' बताया।
उन्होंने कहा, 'एक कलाकार होने के नाते मैं अपने काम को पूरी ईमानदारी से निभाती हूं, लेकिन इसी बीच कई बार परिवार से दूर रहने का दर्द भी मुझे अंदर ही अंदर महसूस होता है।' यह टकराव — स्क्रीन पर मज़बूत माँ का किरदार और घर में माँ की भूमिका से दूरी — उनकी बातों में साफ़ झलकता था।
किरदारों से मिली असली ज़िंदगी की सीख
स्मिता ने बताया कि उनके करियर में उन्होंने ऐसी महिलाओं की भूमिकाएँ निभाई हैं जो बिना शिकायत किए जीवन की कठिनाइयों का सामना करती हैं। उनके अनुसार, 'असली ताकत हमेशा बड़े-बड़े शब्दों या दिखावे में नहीं होती, बल्कि कई बार यह रोज़मर्रा की जिंदगी के छोटे-छोटे त्याग और धैर्य में छिपी होती है।'
उन्होंने यह भी जोड़ा कि वास्तविक जीवन में भी महिलाएं बिना शिकायत किए परिवार और जिम्मेदारियों के लिए बहुत कुछ सहती हैं — एक सच्चाई जिसे उन्होंने खुद भी जिया है।
निजी जीवन की झलक
व्यक्तिगत जीवन की बात करें तो स्मिता बंसल ने 2002 में निर्देशक और अभिनेता अंकुश मोहला से विवाह किया था। दंपती की दो बेटियाँ हैं — स्टाशा बंसल और अनघा बंसल। स्मिता की यह बेबाक स्वीकारोक्ति उन तमाम कामकाजी माँओं की आवाज़ बन गई है जो हर रोज़ पेशेवर और पारिवारिक जिम्मेदारियों के बीच संतुलन बनाने की कोशिश करती हैं।